{"_id":"685659dbfaa786b57505c77b","slug":"dgca-directs-air-india-to-remove-senior-officials-from-crew-scheduling-and-rostering-related-roles-news-update-2025-06-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"DGCA Action: एअर इंडिया के तीन वरिष्ठ अफसरों पर गिरी गाज, डीजीसीए ने सभी भूमिकाओं से हटाने के लिए कहा","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
DGCA Action: एअर इंडिया के तीन वरिष्ठ अफसरों पर गिरी गाज, डीजीसीए ने सभी भूमिकाओं से हटाने के लिए कहा
Sat, 21 Jun 2025 12:36 PM IST
बशु जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।
Published by: बशु जैन
Updated Sat, 21 Jun 2025 12:36 PM IST
सार
अहमदाबाद विमान हादसे के बाद से नागरिक विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) विमान सुरक्षा को लेकर सख्त निर्देश जारी कर रहा है। अब डीजीसीए ने एअर इंडिया से तीन अधिकारियों को हटाने के लिए कहा है।
विज्ञापन
डीजीसीए ने एअर इंडिया पर की सख्ती।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अहमदाबाद हादसे के बाद डीजीसीए ने विमानन सुरक्षा को लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है। डीजीसीए ने एअर इंडिया को डिवीजनल वाइस प्रेसिडेंट समेत अपने तीन अधिकारियों को चालक दल (क्रू) की समय-सारणी और रोस्टरिंग से संबंधित सभी भूमिकाओं और जिम्मेदारियों से हटाने का आदेश दिया है।
नागरिक विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने 20 जून को अपने आदेश में एअर इंडिया को इन अधिकारियों के खिलाफ अविलंब अनुशासनात्मक कार्यवाही शुरू करने को भी कहा। डीजीसीए के आदेश के अनुसार तीन अधिकारियों में एयरलाइन का एक डिवीजनल वाइस प्रेसिडेंट भी शामिल है। डीजीसीए ने एअर इंडिया से 10 दिन में रिपोर्ट देने के लिए कहा है।
क्रू शेड्यूलिंग में बरती गई लापरवाही
डीजीसीए ने अपने आदेश में कहा कि लाइसेंसिंग, आराम और नवीनता आवश्यकताओं में चूक के बावजूद उड़ान चालक दल (क्रू) के शेड्यूल और संचालन में एअर इंडिया ने बार-बार लापरवाही बरती। इस लापरवाही का पता ARMS से CAE उड़ान और चालक दल प्रबंधन प्रणाली में परिवर्तन के बाद की समीक्षा के दौरान चला। एआरएमएस (एयर रूट मैनेजमेंट सिस्टम) एक सॉफ्टवेयर प्लेटफॉर्म है जिसका उपयोग एयरलाइन द्वारा विभिन्न परिचालन और प्रबंधन कार्यों के लिए किया जाता है। इसमें चालक दल की रोस्टरिंग और उड़ान योजना आदि शामिल हैं।
विज्ञापन
डीजीसीए के आदेश में कहा गया है कि समीक्षा के दौरान हुए खुलासे चालक दल की समय-सारणी, अनुपालन निगरानी और आंतरिक जवाबदेही में विफलता की ओर इशारा करते हैं। लापरवाही के बाद भी जिम्मेदार प्रमुख अधिकारियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई नहीं की गई। अधिकारी अनधिकृत और गैर-अनुपालन चालक दल की जोड़ी, अनिवार्य लाइसेंसिंग, नवीनता मानदंडों का उल्लंघन और समय-निर्धारण प्रोटोकॉल, निरीक्षण में विफलता समेत गंभीर चूकों में शामिल रहे हैं। डीजीसीए ने एअर इंडिया को चेतावनी दी कि भविष्य में चालक दल की समय-सारणी में उल्लंघन करने पर लाइसेंस निलंबन और परिचालन प्रतिबंध सहित कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
ये भी पढ़ें: विमान का ब्लैक बॉक्स किस जगह डिकोड होगा, यह निर्णय एएआईबी लेगा; सरकार ने किया स्पष्ट
एकाउंटेबल मैनेजर को दिया कारण बताओ नोटिस
डीजीसीए (नागरिक विमानन महानिदेशालय) ने एअर इंडिया के एकाउंटेबल मैनेजर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। नोटिस में कहा गया है कि एअर इंडिया के एकाउंटेबल मैनेजर ने 16 मई 2025 और 17 मई 2025 को बंगलूरू से लंदन (एएल133) के लिए दो उड़ानें संचालित कीं। जिनमें से दोनों ने 10 घंटे की निर्धारित उड़ान समय सीमा को पार कर लिया। डीजीसीए ने अधिकारी से सात दिनों के भीतर जवाब देने को कहा है कि उल्लंघन के लिए उचित प्रवर्तन कार्रवाई क्यों न शुरू की जाए?
एयर इंडिया ने कहा आदेश लागू किया
डीजीसीए के आदेश के बाद एयर इंडिया ने कहा कि हमने डीजीसीए के निर्देश को स्वीकार कर लिया है और आदेश को लागू कर दिया है। कंपनी के मुख्य परिचालन अधिकारी एकीकृत परिचालन नियंत्रण केंद्र (आईओसीसी) की निगरानी करेंगे। एयर इंडिया यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि सुरक्षा प्रोटोकॉल और मानक प्रथाओं का पूर्ण पालन हो।
ये भी पढ़ें: अहमदाबाद हवाई अड्डा बर्ड स्ट्राइक का हॉटस्पॉट, पांच साल में 319 बार पक्षियों से टकराए विमान; दावा
अहमदाबाद में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था एअर इंडिया का विमान
कुल 242 यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को लेकर 12 जून को लंदन जा रहा एअर इंडिया का विमान एआई-171 अहमदाबाद के एक मेडिकल कॉलेज परिसर में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इस हादसे में एक व्यक्ति को छोड़कर विमान में सवार सभी यात्रियों की मौत हो गई थी और जमीन पर मौजूद लगभग अन्य 29 लोग मारे गए थे।
अहमदाबाद में एअर इंडिया विमान हादसे में 270 लोगों की मौत होने के एक सप्ताह बाद 215 मृतकों की डीएनए मिलान के जरिये पहचान कर ली गई है। 198 शव उनके परिवारों को सौंप दिए गए हैं। अहमदाबाद सिविल अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ राकेश जोशी ने बताया कि जो 198 शव सौंपे गए हैं उनमें 149 भारतीय, 32 ब्रिटिश, सात पुर्तगाली और एक कनाडाई नागरिक है। 198शवों में जमीन पर मारे गए सात लोगों के पार्थिव शरीर भी शामिल हैं।
विज्ञापन
नागरिक विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने 20 जून को अपने आदेश में एअर इंडिया को इन अधिकारियों के खिलाफ अविलंब अनुशासनात्मक कार्यवाही शुरू करने को भी कहा। डीजीसीए के आदेश के अनुसार तीन अधिकारियों में एयरलाइन का एक डिवीजनल वाइस प्रेसिडेंट भी शामिल है। डीजीसीए ने एअर इंडिया से 10 दिन में रिपोर्ट देने के लिए कहा है।
विज्ञापन
क्रू शेड्यूलिंग में बरती गई लापरवाही
डीजीसीए ने अपने आदेश में कहा कि लाइसेंसिंग, आराम और नवीनता आवश्यकताओं में चूक के बावजूद उड़ान चालक दल (क्रू) के शेड्यूल और संचालन में एअर इंडिया ने बार-बार लापरवाही बरती। इस लापरवाही का पता ARMS से CAE उड़ान और चालक दल प्रबंधन प्रणाली में परिवर्तन के बाद की समीक्षा के दौरान चला। एआरएमएस (एयर रूट मैनेजमेंट सिस्टम) एक सॉफ्टवेयर प्लेटफॉर्म है जिसका उपयोग एयरलाइन द्वारा विभिन्न परिचालन और प्रबंधन कार्यों के लिए किया जाता है। इसमें चालक दल की रोस्टरिंग और उड़ान योजना आदि शामिल हैं।
विज्ञापन
डीजीसीए के आदेश में कहा गया है कि समीक्षा के दौरान हुए खुलासे चालक दल की समय-सारणी, अनुपालन निगरानी और आंतरिक जवाबदेही में विफलता की ओर इशारा करते हैं। लापरवाही के बाद भी जिम्मेदार प्रमुख अधिकारियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई नहीं की गई। अधिकारी अनधिकृत और गैर-अनुपालन चालक दल की जोड़ी, अनिवार्य लाइसेंसिंग, नवीनता मानदंडों का उल्लंघन और समय-निर्धारण प्रोटोकॉल, निरीक्षण में विफलता समेत गंभीर चूकों में शामिल रहे हैं। डीजीसीए ने एअर इंडिया को चेतावनी दी कि भविष्य में चालक दल की समय-सारणी में उल्लंघन करने पर लाइसेंस निलंबन और परिचालन प्रतिबंध सहित कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
ये भी पढ़ें: विमान का ब्लैक बॉक्स किस जगह डिकोड होगा, यह निर्णय एएआईबी लेगा; सरकार ने किया स्पष्ट
एकाउंटेबल मैनेजर को दिया कारण बताओ नोटिस
डीजीसीए (नागरिक विमानन महानिदेशालय) ने एअर इंडिया के एकाउंटेबल मैनेजर को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। नोटिस में कहा गया है कि एअर इंडिया के एकाउंटेबल मैनेजर ने 16 मई 2025 और 17 मई 2025 को बंगलूरू से लंदन (एएल133) के लिए दो उड़ानें संचालित कीं। जिनमें से दोनों ने 10 घंटे की निर्धारित उड़ान समय सीमा को पार कर लिया। डीजीसीए ने अधिकारी से सात दिनों के भीतर जवाब देने को कहा है कि उल्लंघन के लिए उचित प्रवर्तन कार्रवाई क्यों न शुरू की जाए?
एयर इंडिया ने कहा आदेश लागू किया
डीजीसीए के आदेश के बाद एयर इंडिया ने कहा कि हमने डीजीसीए के निर्देश को स्वीकार कर लिया है और आदेश को लागू कर दिया है। कंपनी के मुख्य परिचालन अधिकारी एकीकृत परिचालन नियंत्रण केंद्र (आईओसीसी) की निगरानी करेंगे। एयर इंडिया यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि सुरक्षा प्रोटोकॉल और मानक प्रथाओं का पूर्ण पालन हो।
ये भी पढ़ें: अहमदाबाद हवाई अड्डा बर्ड स्ट्राइक का हॉटस्पॉट, पांच साल में 319 बार पक्षियों से टकराए विमान; दावा
अहमदाबाद में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था एअर इंडिया का विमान
कुल 242 यात्रियों और चालक दल के सदस्यों को लेकर 12 जून को लंदन जा रहा एअर इंडिया का विमान एआई-171 अहमदाबाद के एक मेडिकल कॉलेज परिसर में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इस हादसे में एक व्यक्ति को छोड़कर विमान में सवार सभी यात्रियों की मौत हो गई थी और जमीन पर मौजूद लगभग अन्य 29 लोग मारे गए थे।
अहमदाबाद में एअर इंडिया विमान हादसे में 270 लोगों की मौत होने के एक सप्ताह बाद 215 मृतकों की डीएनए मिलान के जरिये पहचान कर ली गई है। 198 शव उनके परिवारों को सौंप दिए गए हैं। अहमदाबाद सिविल अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ राकेश जोशी ने बताया कि जो 198 शव सौंपे गए हैं उनमें 149 भारतीय, 32 ब्रिटिश, सात पुर्तगाली और एक कनाडाई नागरिक है। 198शवों में जमीन पर मारे गए सात लोगों के पार्थिव शरीर भी शामिल हैं।
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन