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पुराने कंप्यूटर से 43 फीसदी उद्यमों के डाटा चोरी, माइक्रोसॉफ्ट-इंटेल के सर्वे में हुआ खुलासा 

Fri, 23 Nov 2018 07:07 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Fri, 23 Nov 2018 07:07 AM IST
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Data fraud of 43 percent of enterprises from old computer revealed in Microsoft survey
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माइक्रोसॉफ्ट एवं इंटेल द्वारा किए गए सर्वेक्षण में सामने आया है कि 43 फीसदी लघु व मझोले उद्यमों को निजी कंप्यूटर (पीसी) की सुरक्षा और डाटा चोरी जैसी समस्याओं से जूझना पड़ा। इनमें से मात्र 12 फीसदी से इन मामलों में शिकायत दर्ज कराई है। दोनों कंपनियों द्वारा संयुक्त रूप से शुरू की गई अनुसंधान एजेंसी टेकएसाई की रिपोर्ट के अनुसार चार साल से पुराना पीसी या लैपटॉप रखने वाले उद्यमों ने सुधार के लिए प्रति पीसी 93,000 रुपये से ज्यादा खर्च किया हैं। इतनी लागत में पुराने हार्डवेयर को बदलकर तीन या इससे अधिक पीसी की खरीद की जा सकती है।
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टेकएसाई ने भारत ही नहीं, ऑस्ट्रेलिया, इंडोनेशिया, जापान और दक्षिण कोरिया में भी सर्वेक्षण किया है, जहां पुराने हो चुके पीसी में उत्पादकता की क्षति एवं सुरक्षा जोखिम का मूल्यांकन किया गया है। भारत में 5.10 करोड़ सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यम हैं और इनमें 11.40 करोड़ से ज्यादा कर्मचारी काम करते हैं। यह भारत के सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में 30 फीसदी से अधिक का योगदान देते हैं। रिपोर्ट के अनुसार सुरक्षा, जोखिम के अतिरिक्त लागत के बावजूद 49 फीसदी बड़े उद्यम और 31 फीसदी छोटे उद्यम मौजूदा समय भी पुराने पीसी का इस्तेमाल कर रहे हैं। इसमें चार साल से ज्यादा पुराने पीसी की भरमार है। ऐसे में सर्वेक्षण में सामने आया है कि 43 फीसदी उद्यमों को निजी कंप्यूटर (पीसी) की सुरक्षा और डाटा चोरी जैसी समस्याओं से जूझना पड़ा है, जिनमें से सिर्फ 12 फीसदी मामलों में शिकायत दर्ज कराई है। 
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पायरेटेड सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल का डर

माइक्रोसॉफ्ट के कंट्री जनरल मैनेजर प्रियदर्शी महापात्रा ने बताया कि रिपोर्ट में स्पष्ट है कि 12 फीसदी से इतर जिन लोगों ने शिकायत नहीं दर्ज कराई। उनमें दरअसल पायरेटेड सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल का डर था। ऐसे में वह डाटा चोरी के खिलाफ कोई कदम नहीं उठा पाए। अध्ययन में पाया गया कि 66 फीसदी उद्यमों में पीसी की बजाय क्लाउड एवं मोबिलिटी समाधानों से कार्यक्षमता में सुधार हुआ है। माइक्रोसॉफ्ट ने स्पष्ट किया है कि वह हमेशा से पायरेटेड सॉफ्टवेयर के खिलाफ है, क्योंकि उनके इस्तेमाल से प्रयोगकर्ता के डाटा पर हमेशा जोखिम बना रहता है।   

नए पीसी से कर्मचारी हुए अधिक उत्पादक

सर्वे में 63 फीसदी उद्यमों ने पाया कि नए पीसी डाटा को ज्यादा सुरक्षित रखते हैं। इसके अलावा 58 फीसदी के अनुसार नए पीसी अपनाने से रखरखाव की लागत कम हुई है और 41 फीसदी ने माना कि नए पीसी से उनके कर्मचारी ज्यादा उत्पादक हो गए हैं। इंटेल इंडिया के प्रबंध निदेशक प्रकाश माल्या ने कहा कि कंप्यूटर और कनेक्टिविटी ने उद्यमों के लिए डिजिटलीकरण तथा ऑटोमेशन को बढ़ावा दिया है। इनमें उनकी कार्यक्षमता में बढ़ोतरी हुई है और ऐसे में जरूरी है कि वह निर्धारित समय में पुराने पीसी में बदलाव कराएं या नया लें। इससे पुराने पीसी या लैपटॉप पर होने वाले बेतुके खर्च से वह बच सकते हैं।
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