{"_id":"631f2fb2a9ad655717065f37","slug":"cpm-mp-sivadasan-writes-to-hardeep-puri-expresses-concern-over-kerala-fuel-crisis","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kerala Fuel Crisis: केरल में नहीं बचा ईंधन!, CPI-M के सांसद ने हरदीप पुरी को पत्र लिखकर लगाई यह गुहार","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Kerala Fuel Crisis: केरल में नहीं बचा ईंधन!, CPI-M के सांसद ने हरदीप पुरी को पत्र लिखकर लगाई यह गुहार
Mon, 12 Sep 2022 06:40 PM IST
शिव शरण शुक्ला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, तिरुवनंतपुरम
Published by: शिव शरण शुक्ला
Updated Mon, 12 Sep 2022 06:40 PM IST
सार
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को लिखे गए पत्र में सीपीआईएम के सांसद ने लिखा है कि केरल में फ्यूल पंप के मालिकों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। राज्य के कई इलाकों में फ्यूल पंप पर ईंधन बचा ही नहीं है। इतना ही नहीं उन्हें इसकी सप्लाई भी नहीं मिल पा रही है।
विज्ञापन
पेट्रोल पंप
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें सात महीने के निचले स्तर पर पहुंच गई हैं, लेकिन देश में पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतें नहीं घट रही हैं। इसी बीच, केरल में ईंधन का संकट पैदा हो गया है। इस बाबत सीपीआईएम के सांसद वी शिवादासन ने केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को पत्र लिखा है। अपने पत्र में उन्होंने ईंधन की सप्लाई के बारे में चिंता जताई है।
विज्ञापन
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी को लिखे गए पत्र में सीपीआईएम के सांसद ने लिखा है कि केरल में फ्यूल पंप के मालिकों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। राज्य के कई इलाकों में फ्यूल पंप पर ईंधन बचा ही नहीं है। इतना ही नहीं उन्हें इसकी सप्लाई भी नहीं मिल पा रही है। पत्र में उन्होंने यह भी बताया है कि इसके कारण कई पंप मालिकों ने मजबूर होकर अपने पंप को बंद कर दिया है। हिंदुस्तान पेट्रोलियम कार्पोरेशन लिमिटेड को किए गए फ्यूल डिस्ट्रिब्यूशन में कटौती के फैसले के कारण राज्य में ऐसी स्थिति पैदा हो गई है। उन्होंने मांग करते हुए कहा कि इस स्थिति से निपटने के लिए राज्य के लिए हर वक्त ईंधन की सप्लाई की व्यवस्था की जानी चाहिए। उन्होंने इस समस्या के समाधान के लिए केंद्रीय मंत्री से सभी जरूरी कदम उठाने की मांग की है।
विज्ञापन
केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने कही यह बात
वहीं, इससे पहले केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी ने एक कार्यक्रम में कहा कि जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें अधिक थीं, तो हम सस्ती दरों में ईंधन मुहैया करा रहे थे। हालांकि उन्होंने 6 अप्रैल से दरों को स्थिर रखने पर तेल कंपनियों को कुल कितना नुकसान हुआ, इस बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय तेल की कीमतें 88 डॉलर प्रति बैरल पर स्थिर रहने या उसके नीचे आने से कुछ राहत मिल रही है। भारत अपनी तेल की जरूरतों का 85 प्रतिशत आयात करता है। इसलिए खुदरा पंप दरें वैश्विक बाजारों में होने वाली घटनाओं पर सीधे निर्भर हैं।
विज्ञापन
बेंट क्रूड 92.84 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा है
मंदी की आशंका के बीच मांग पर असर पड़ने से ब्रेंट क्रूड फरवरी के बाद पहली बार पिछले हफ्ते 90 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गया था। हालांकि अब यह सुधरकर 92.84 डॉलर प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा है जोकि छह महीने का सबसे निचला स्तर है। रूस के उत्तरी पाइपलाइन को बंद करने और तेल उत्पादक देशों के गठजोड़ ओपेक के तेल उत्पादन में कमी करने जैसे कारकों के बावजूद तेल की कीमतों में गिरावट की स्थिति बनी हुई है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतों में कमी आने के बावजूद भारत में पेट्रोल, डीजल की खुदरा कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है। कीमतों को बीते 158 दिनों से एक बिंदु पर स्थिर रखा गया है।