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कोरोना बुलेटिन: 24 घंटे में 630 लोग ठीक हुए, कुल रिकवरी रेट 25 फीसदी
Thu, 30 Apr 2020 04:43 PM IST
Rohit Ojha
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Rohit Ojha
Updated Thu, 30 Apr 2020 04:43 PM IST
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Lav Agrawal health ministry
- फोटो : ANI
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स्वास्थ्य मंत्रालय व गृह मंत्रालय ने प्रेस कांफ्रेंस में आज कोरोना वायरस को लेकर नई जानकारियां दीं। स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल ने कहा कि 24 घंटे में 630 लोग ठीक हुए हैं और कुल रिकवरी रेट 25.19 फीसदी है।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा
गृह मंत्रालय ने कहा
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स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा
- पिछले 24 घंटे में 1718 नए केस आए हैं, कुल संक्रमितों की संख्या 33050 पहुंची।
- कुल 23651 सक्रिय मामले हैं, 24 घंटे में 630 लोग ठीक हुए हैं।
- कुल रिकवरी रेट 25.19 फीसदी है, 14 दिन पहले यह 13 फीसदी था।
- जिनकी मौत हुई उनमें से 78 फीसदी में पहले से ही कोई रोग था।
- मृत्यु दर 3.2 फीसदी पाई गई है। इनमें से 65 फीसदी पुरुष और 35 फीसदी महिलाएं हैं।
- डबलिंग रेट 11 दिन का हो गया है, कई राज्य अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं।
- रैपिड टेस्ट की सीमित भूमिका है, आईसीएमआर इसे कोऑर्डिनेट कर रही है।
- जन-जागरूकता की जरूरत है, समझना जरूरी है कि एंटी बॉडी बनने में समय लगता है।
- जहां तक टेस्टिंग और उपचार प्रोटोकॉल की बात है, हमें सिर्फ आरटीपी-सीआर टेस्ट ही करने होंगे।
Recovery rate of #COVID19 cases stands at 25.19% which was 13.06% 14 days ago. Fatality rate is 3.2%. Comorbidities was found in COVID-19 patients in 78% of the deaths. Doubling rate of the cases has now increased to 11 days: Lav Agrawal, Joint Secy, Health Ministry https://t.co/X5WKTS5YCH
— ANI (@ANI) April 30, 2020
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गृह मंत्रालय ने कहा
- अभीतक के निर्देशों के मुताबिक, दूसरे राज्यों में फंसे प्रवासी मजदूरों और छात्रों को ले जाने के लिए बसों का इस्तेमाल होगा।
केंद्रीय टीम ने हैदराबाद का दौरा किया और पाया कि यहां सभी प्रोटोकॉल का पालन हो रहा है। - यहां 300 टेस्ट प्रतिदिन करने की सुविधा है, मरीजों को एंबुलेंस से घर भेजा जाता है।
- टीम ने अधिकांश स्थानों पर लॉकडाउन का अनुपालन सफल पाया। टीम ने सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन भी सही पाया।
- हालांकि कुछ निर्माणाधीन स्थलों पर मजदूरों को बिना मास्क के पाया गया।
- अस्पतालों में जो मरीजों के रिश्तेदार हैं उनमें सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन हो।
- ट्रक ड्राइवरों का चेकअप भी होना चाहिए।
As of now, the directives are to use buses: Punya Salila Srivastava, Joint Secretary, Ministry of Home Affairs (MHA) on if Centre is considering proposal by many State Govts for running special trains to transport stranded people like students & migrant labourers pic.twitter.com/L3yDtPeKZq
— ANI (@ANI) April 30, 2020
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