एसआईआर विवाद LIVE: देशभर में कांग्रेस का प्रदर्शन, ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग; सड़कों पर उतरे कार्यकर्ता
एसआईआर को लेकर चल रहे विवाद के बीच कांग्रेस ने शुक्रवार को देश के कई हिस्सों में प्रदर्शन किया। चंडीगढ़, जम्मू-कश्मीर, लखनऊ, कोलकाता और देहरादून में कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाई। जम्मू-कश्मीर विधानसभा में कांग्रेस विधायकों ने नारेबाजी करते हुए बैनर दिखाए।
विस्तार
जम्मू-कश्मीर विधानसभा में भी कांग्रेस विधायकों ने मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ नारेबाजी की। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही कांग्रेस विधायक निजामुद्दीन भट, इरफान हाफिज लोन और इफ्तिखार अहमद ने प्रदर्शन किया। उन्होंने "वोट बचाओ, लोकतंत्र बचाओ" और "निष्पक्ष चुनाव के बिना लोकतंत्र नहीं" जैसे नारे लिखे बैनर दिखाए।
देशभर में कहां-कहां हुए प्रदर्शन?
- चंडीगढ़ में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। पार्टी कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। वहीं जम्मू में प्रदर्शन को देखते हुए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया।
- उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ और पश्चिम बंगाल के कोलकाता में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में कांग्रेस सांसद कुमारी शैलजा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया और ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग उठाई।
- असम में गौरव गोगोई के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान गौरव गोगोई को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है।
- पंजाब में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और गिरफ्तारी की मांग की। उन्होंने बताया कि कांग्रेस कार्यकर्ता 25 सितंबर को चंडीगढ़ में सेक्टर-17 स्थित चुनाव आयोग कार्यालय तक मार्च निकालेंगे।
- हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग से जुड़े मुद्दों को लेकर राज्य चुनाव आयोग के कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारियों ने राज्य चुनाव आयोग के कार्यालय के बाहर लगे आधिकारिक बोर्ड पर कालिख पोत दी।
- अरुणाचल प्रदेश में विपक्षी कांग्रेस ने शुक्रवार को पार्टी के देशव्यापी आंदोलन के तहत ईटानगर में प्रदर्शन किया और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। प्रदेश कांग्रेस ने विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर की प्रक्रिया रोकने, मतदाता सूची से जुड़े फैसलों की स्वतंत्र जांच कराने और जांच पूरी होने तक आगामी चुनावों को स्थगित रखने की मांग की। पार्टी ने ज्ञानेश कुमार के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई शुरू करने और एसआईआर प्रक्रिया से जुड़ी सभी फाइलों को सुप्रीम कोर्ट की हिरासत में रखने की भी मांग की। राजधानी में निर्वाचन भवन के पास प्रदर्शन किया गया। इस दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग के खिलाफ नारे लगाए।
मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग की वजह क्या?
प्रदर्शनों की पृष्ठभूमि में एसआईआर को लेकर चुनाव आयोग के भीतर कथित मतभेदों से जुड़ी एक रिपोर्ट है। इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले 10 महीनों में कम से कम 14 बार एसआईआर से जुड़े कुछ फैसलों और आदेशों पर आपत्ति दर्ज कराई थी।
#WATCH | Kolkata, West Bengal: Congress party workers hold a protest demonstration demanding the resignation of Chief Election Commissioner (CEC) Gyanesh Kumar. pic.twitter.com/KhK0ENJiL4
— ANI (@ANI) September 25, 2026
रिपोर्ट के अनुसार, आपत्तियों में वैधानिक मतदाता पंजीकरण फॉर्म 6 में बदलाव, मतदाता सूची में नाम जोड़ने और हटाने की प्रक्रिया तथा मतदाता सूची के डेटाबेस पर केंद्रीकृत नियंत्रण से जुड़े मुद्दे शामिल थे।
लखनऊ में CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कांग्रेस का प्रदर्शन
लखनऊ में शुक्रवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान शहर में भारी बारिश हो रही थी। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग की। पुलिस ने प्रदर्शन कर रहे कुछ कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया। कांग्रेस ने देशभर में राज्य चुनाव आयोग के कार्यालयों के बाहर प्रदर्शन का आह्वान किया है। पार्टी का कहना है कि वह एसआईआर और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर विरोध कर रही है।
#WATCH | Uttar Pradesh | Amid heavy rain in Lucknow, Congress workers protest against Chief Election Commissioner Gyanesh Kumar and demand his resignation; Police detain the protestors pic.twitter.com/Axqqd7ee3P
— ANI (@ANI) September 25, 2026
चुनाव आयोग ने विवाद पर क्या कहा?
हालांकि, चुनाव आयोग ने इस पर बयान जारी कर कहा था कि किसी संस्थान में विचार-विमर्श के दौरान अलग-अलग राय और टिप्पणियां होना सामान्य प्रक्रिया है। आयोग ने कहा था कि उसके सभी आदेशों को पूरा कानूनी समर्थन प्राप्त है और वे निर्धारित वैधानिक प्रक्रियाओं के तहत जारी किए गए हैं। चुनाव आयोग ने यह भी कहा था कि केवल तीनों चुनाव आयुक्त ही नहीं, बल्कि आयोग का हर अधिकारी चुनाव प्रणाली में सुधार के लिए अपने सुझाव देने के लिए अधिकृत है।
#WATCH | Guwahati, Assam: Congress party workers hold a protest demanding the resignation of Chief Election Commissioner (CEC) Gyanesh Kumar. Heavy Police force deployed outside state election commission office. pic.twitter.com/ziwLC1CUs2
— ANI (@ANI) September 25, 2026
कांग्रेस ने प्रदर्शनों को लेकर बनाया क्या कार्यक्रम?
कांग्रेस ने प्रदर्शन का दो चरणों वाला कार्यक्रम घोषित किया है। पार्टी महासचिव केसी वेणुगोपाल के मुताबिक, 25 सितंबर को प्रदेश कांग्रेस कमेटियों को अपने-अपने राज्य चुनाव आयोग कार्यालयों तक मार्च निकालने का निर्देश दिया गया। इसके बाद 28 सितंबर को सभी जिला कांग्रेस समितियां जिला कलेक्ट्रेट तक इसी तरह के मार्च निकालेंगी।
LIVE: Protest in Jantar Mantar | Congress Launches Nationwide Protest Against Gyanesh Kumar https://t.co/ny5zd3eJBq
— ANI (@ANI) September 25, 2026
कांग्रेस ने ज्ञानेश कुमार की गिरफ्तारी और पद से हटाने के साथ उनके कार्यकाल में लिए गए फैसलों तथा मतदाता सूची में किए गए बदलावों की स्वतंत्र समीक्षा की मांग की है। पार्टी ने कहा है कि उसकी ओर से विरोध प्रदर्शन मांगें पूरी होने तक जारी रहेंगे। मध्य प्रदेश में भी युवा कांग्रेस ने गुरुवार को भोपाल में प्रदर्शन किया था। कार्यकर्ताओं ने मध्य प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय के बाहर नारेबाजी की और एसआईआर तथा चुनाव आयोग के कामकाज को लेकर सवाल उठाए।
महाभियोग का प्रस्ताव देने की तैयारी में कांग्रेस
कर्नाटक में प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने बेंगलुरु के हाई ग्राउंड्स पुलिस स्टेशन में ज्ञानेश कुमार और भाजपा विधायक अभय पाटिल के खिलाफ शिकायत दी। कांग्रेस ने मतदाता अधिकारों के कथित उल्लंघन और मतदाता सूची में कथित हेरफेर के आरोप लगाए हैं।
कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक, विपक्षी दल संसद के दोनों सदनों में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव का नोटिस देने की तैयारी में हैं। इस मुद्दे पर कांग्रेस ने अन्य विपक्षी दलों से संपर्क किया है और नोटिस अगले दो सप्ताह में दिए जाने की बात कही गई है।