फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Congres Leader Rahul Gandhi Says Government Is Suppressing Voices, Calls for Freedom of Expression in India

Rahul Gandhi: राहुल गांधी बोले- विदेश नीति का मतलब सिर्फ नेताओं को गले लगाना है; मोदी सरकार पर साधा निशाना

Thu, 13 Aug 2026 05:06 PM IST
शिवम गर्ग न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिवम गर्ग Updated Thu, 13 Aug 2026 05:06 PM IST
सार

राहुल गांधी ने सरकार पर लोगों की आवाज दबाने का आरोप लगाया। उन्होंने जंतर-मंतर के छात्रों, उत्तराखंड की एक महिला, पीएम मोदी, अमित शाह और RSS का जिक्र करते हुए कई आरोप लगाए। राहुल ने GST, नोटबंदी और चीन के साथ सीमा विवाद को लेकर भी सरकार को घेरा। आइए, जानते हैं...

विज्ञापन
Congres Leader Rahul Gandhi Says Government Is Suppressing Voices, Calls for Freedom of Expression in India
राहुल गांधी - फोटो : Amar Ujala Graphics

विस्तार

दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में रचनात्मक कांग्रेस के राष्ट्रीय अधिवेशन को संबोधित करते हुए लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने सरकार पर लोगों को अपनी बात रखने से रोकने का आरोप लगाया। उन्होंने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों और अपनी बेटी के लिए न्याय की मांग कर रही उत्तराखंड की एक महिला का जिक्र किया। राहुल ने कहा कि सरकार व्यवस्था लागू करना चाहती है, जबकि कांग्रेस का काम भारत को अपनी बात कहने का अवसर देना है।

विज्ञापन

क्या जंतर-मंतर पर छात्रों को अपनी बात रखने से रोका गया?

राहुल गांधी ने कहा कि जंतर-मंतर पर छात्र अपनी बात रखना चाहते थे। उनके मुताबिक, छात्र परेशान थे और अपनी पीड़ा व्यक्त करना चाहते थे, लेकिन सरकार ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से यह कहा जाता है कि जंतर-मंतर पर व्यवस्था बनाई जाएगी और लोगों को अपनी बात रखने की अनुमति नहीं दी जा सकती।

विज्ञापन


उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री आवास के सामने धरना देने के दौरान एक पुलिसकर्मी ने उनसे सरकार के लोगों को हटाने की बात कही थी। राहुल ने यह भी कहा कि कुछ मीडिया कर्मी निजी तौर पर मानते हैं कि जो हो रहा है, वह सही नहीं है, लेकिन नौकरी और परिवार की जिम्मेदारियों के कारण खुलकर बोल नहीं पाते। राहुल गांधी ने कहा कि देश में एक राष्ट्रीय भावना भी होती है। उनके मुताबिक, इसका मतलब यह है कि लोग कुछ लोगों को अपनी बनाई हुई व्यवस्था देश पर थोपने की अनुमति नहीं देंगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस और पूरा विपक्ष अब अपनी बात खुलकर रख रहा है और यह सिलसिला रुकने वाला नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन


क्या उत्तराखंड की महिला के मामले का भी राहुल ने किया जिक्र?

राहुल गांधी ने एक महिला का जिक्र करते हुए कहा कि वह कार्यक्रम में उनसे मिली थीं। उन्होंने बताया कि महिला की बेटी के साथ चार साल पहले उत्तराखंड में दुष्कर्म हुआ और उसकी हत्या कर दी गई थी। राहुल के अनुसार, महिला रो रही थी और अपनी बात रखना चाहती थी, लेकिन व्यवस्था की ओर से उसे भी अपनी बात रखने की अनुमति नहीं दी जा रही थी। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि सरकार और उसकी राजनीतिक विचारधारा भारत पर एक ऐसी व्यवस्था थोपना चाहती है, जो सरकार और कुछ अन्य लोगों के हित में हो। उन्होंने कहा कि सरकार का काम देश में एक व्यवस्था लागू करना है, जबकि उनका काम भारत को अपनी बात रखने का अवसर देना और उस व्यवस्था को तोड़ना है।

क्या राहुल गांधी ने पीएम मोदी-शाह पर भी साधा निशाना?

राहुल गांधी ने आगे कहा कि उनका काम बेहद आसान है और उनकी कोशिशें सरकार को परेशान कर सकती हैं। उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रात में सो नहीं पाते। राहुल ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का जिक्र करते हुए कहा कि उन्हें कभी चाणक्य और सरदार पटेल जैसे नामों से जोड़ा जाता था, लेकिन अब वह संसद भवन में प्रवेश तक नहीं कर पाए। राहुल ने कहा कि ऐसा इसलिए है क्योंकि पहली बार उन्हें भारत की आवाज और उसकी अभिव्यक्ति का सामना करना पड़ रहा है।

 


राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मीडिया से संवाद को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि क्या कभी प्रधानमंत्री को इस तरह बातचीत करते देखा गया है और वह प्रेस कॉन्फ्रेंस क्यों नहीं करते। राहुल ने कहा कि पहले उन्हें लगता था कि प्रधानमंत्री की प्रेस कॉन्फ्रेंस से दूरी एक रणनीति का हिस्सा है। लेकिन उनके मुताबिक, प्रधानमंत्री के साथ पांच मिनट कमरे में रहने के बाद उन्हें लगा कि वह मीडिया का सामना नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि जब तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह इस्तीफा नहीं देते, तब तक विपक्ष उन्हें चैन से नहीं बैठने देगा। राहुल ने यह भी दावा किया कि उन्हें प्रधानमंत्री कार्यालय के अंदर से जानकारी मिलती है और वहां अंदरूनी असंतोष है।

राहुल गांधी ने RSS पर भी बोला हमला

लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आरएसएस पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर कोई ब्रिटिश साम्राज्य के खिलाफ लड़ रहा हो और डर महसूस करे तो इसे समझा जा सकता है, लेकिन यहां तो ऐसे लोगों से मुकाबला है जिन्हें वे जोकर और क्लाउन कहते हैं। उन्होंने कहा कि आरएसएस से जुड़े लोगों को भारत के दर्शन और इतिहास की समझ नहीं है। उन्होंने कहा कि भारत को समझने के लिए केवल 3,000 साल पुराने इतिहास को जानना पर्याप्त नहीं है। भारत को समझने के लिए उसे आज, इसी समय और उसकी वर्तमान अभिव्यक्ति के जरिए समझना जरूरी है।

पहले आरएसएस से जुड़े छोटे कारोबारी, मिठाई विक्रेता, सोनार, लोहार और बनिया समुदाय के लोग संगठन का हिस्सा थे। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि इन्हीं लोगों को नुकसान पहुंचाया गया और उनके साथ धोखा हुआ। उन्होंने कहा कि GST और नोटबंदी जैसी नीतियों का असर इन छोटे कारोबारियों पर पड़ा। राहुल ने दावा किया कि RSS में पूंजी का प्रवेश प्रमोद महाजन के दौर में शुरू हुआ और अब नरेंद्र मोदी के समय में इसे आगे बढ़ाया जा रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि नरेंद्र मोदी ने आरएसएस का कॉरपोरेटीकरण कर दिया है और मूल आरएसएस अब अस्तित्व में नहीं है। राहुल गांधी ने दावा किया कि मौजूदा आरएसएस बड़े पूंजीपतियों के हितों के लिए काम करने वाला संगठन बन गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि आरएसएस और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, दोनों उद्योगपति गौतम अदाणी के लिए काम कर रहे हैं।

'विदेश नीति का मतलब नेताओं को गले लगाना नहीं'

उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय संबंधों में सिर्फ व्यक्तिगत मित्रता या गर्मजोशी दिखाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि प्रधानमंत्री की जिम्मेदारी देश के हितों की रक्षा करना है। राहुल गांधी ने कहा कि उन्हें नहीं पता कि यह विचार कहां से आया कि विदेश नीति का मतलब दूसरे देशों के नेताओं को गले लगाना है। उन्होंने जोर देकर कहा कि प्रधानमंत्री की भूमिका दोस्ती निभाने की नहीं, बल्कि देश के हितों की सुरक्षा करने की है।

अपनी बात समझाने के लिए राहुल गांधी ने बचपन की अमेरिका यात्रा का एक किस्सा साझा किया। उन्होंने बताया कि उस समय उनकी उम्र करीब 12 साल थी और वह अपनी मां सोनिया गांधी, बहन प्रियंका और दादी इंदिरा गांधी के साथ अमेरिका गए थे। इंदिरा गांधी उस समय प्रधानमंत्री थीं। राहुल गांधी के मुताबिक, एक आधिकारिक रात्रिभोज में इंदिरा गांधी और सोनिया गांधी गई थीं, जबकि बच्चे घर पर ही रुके थे। कुछ घंटे बाद इंदिरा गांधी वापस लौटीं और उन्होंने सोनिया गांधी से कहा कि अमेरिकी उन्हें मूर्ख समझते हैं।

राहुल गांधी ने बताया कि इंदिरा गांधी ने इसकी वजह बताते हुए कहा था कि नैन्सी रीगन ने उसी रंग की पोशाक पहनी थी, जिस रंग की उनकी साड़ी थी। राहुल गांधी ने इस प्रसंग का इस्तेमाल यह बताने के लिए किया कि कूटनीतिक मुलाकातों को केवल दोस्ताना व्यवहार या दिखावे के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। राहुल गांधी ने कहा कि प्रधानमंत्री विदेश दौरे पर किसी दोस्त के घर जाने की तरह नहीं जाते। उनके मुताबिक, प्रधानमंत्री की भूमिका व्यक्तिगत मित्रता से आगे है और उनका मुख्य दायित्व देश के हितों की रक्षा करना है।

चीन को लेकर राहुल गांधी ने क्या आरोप लगाए?

राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि चीन ने भारत को अपनी ही जमीन पर पेट्रोलिंग करने से रोक दिया, लेकिन सरकार ने इस खबर को दबाने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि इससे देश को नुकसान हुआ। राहुल गांधी ने कहा कि गलवां घटना के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि भारत की एक इंच जमीन भी किसी के कब्जे में नहीं है। वहीं, राहुल के मुताबिक सेना ने जमीन पर कब्जे की बात कही थी। उन्होंने दावा किया कि जब इस मुद्दे पर भारतीय सेना ने चीन से बातचीत की तो चीनी पक्ष ने प्रधानमंत्री के इसी बयान का हवाला दिया। राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि मोदी सरकार का पूरा ध्यान अपने राजनीतिक ढांचे को मजबूत करने और अदाणी से पैसा लेने पर है। उन्होंने दावा किया कि सरकार ने देश को हर स्तर पर नुकसान पहुंचाया है।

ईरान युद्ध को लेकर राहुल ने क्या दावा किया?

राहुल गांधी ने ईरान में युद्ध का जिक्र करते हुए कहा कि भारत के लिए यह अपनी ताकत और पुराने संबंधों का इस्तेमाल करने का अवसर था। उन्होंने कहा कि ईरान भारत का पुराना मित्र रहा है, जबकि अमेरिका और रूस से भी भारत के संबंध रहे हैं। राहुल के मुताबिक, भारत इस स्थिति में अपनी भूमिका मजबूत कर सकता था, लेकिन ऐसा नहीं हुआ और पाकिस्तान ने मध्यस्थ की भूमिका हासिल कर ली।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed