फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   CM Yogi Adityanath is planning upcoca law to tackle organised crime in up

यूपी में अपराधियों पर लगाम कसने, योगी सरकार बना रही मकोका की तर्ज  'UPCOCA'

Mon, 07 Aug 2017 11:40 AM IST
amarujala.com- Presented: मोहित
amarujala.com- Presented: मोहित Updated Mon, 07 Aug 2017 11:40 AM IST
विज्ञापन
CM Yogi Adityanath is planning upcoca law to tackle organised crime in up

उत्तर प्रदेश में क्राइम को कम करने के लिए योगी सरकार अब मकोका की तर्ज पर यूपी कंट्रोल ऑफ ऑर्गनाइज्ड क्राइम ऐक्ट (UPCOCA) ला रही है। इसका मुख्य मकसद यूपी से क्राइम को पूरी तरह खत्म करना होगा।

विज्ञापन


बता दें कि इस कानून के तहत अपराधियों को जल्दी जमानत नहीं मिलती है। UPCOCA को जल्द ही कैबिनेट में पेश किया जा सकता है। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद इसे विधानसभा में पेश किया जाएगा। वहीं गृह विभाग ने भी इसका पूरा मसौदा तैयार कर लिया है।
विज्ञापन


इस कानून के चर्चा इससे पहले मायावती की सरकार के दौरान भी हो चुकी है। मायावती सरकार भी इस कानून को लाना चाहती थीं। इसके लिए मायावती की तत्कालीन सरकार ने पूरी तैयारी कर ली थी लेकिन केंद्र सरकार ने इस कानून को मंजूरी देने से इनकार कर  दिया था।
विज्ञापन
विज्ञापन


क्या है मकोका

- महाराष्ट्र सरकार ने 1999 में मकोका (महाराष्ट्र कंट्रोल ऑफ ऑर्गेनाइज्ड क्राइम एक्ट) बनाया था। इसका मुख्य मकसद संगठित और अंडरवर्ल्ड अपराध को खत्म करना था।


- 2002 में दिल्ली सरकार ने भी इसे लागू कर दिया। फिलहाल महाराष्ट्र और दिल्ली में यह कानून लागू है।

- इसके तहत संगठित अपराध जैसे अंडरवर्ल्ड से जुड़े अपराधी, जबरन वसूली, फिरौती के लिए अपहरण, हत्या या हत्या की कोशिश, धमकी, उगाही सहित ऐसा कोई भी गैरकानूनी काम जिससे बड़े पैमाने पर पैसे बनाए जाते हैं, मामले शामिल है।

- कानून विश्लेषकों का कहना है कि ‌मकोका लगने के बाद आरोपियों को आसानी से जमानत नहीं मिलती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed