{"_id":"63dee326bb9d1c4d9747d1b8","slug":"central-government-released-separate-funds-on-several-pending-projects-of-northern-railway-2023-02-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Railway: उत्तर रेलवे की पटरी पर धन वर्षा, यात्रियों की राह होगी आसान","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Railway: उत्तर रेलवे की पटरी पर धन वर्षा, यात्रियों की राह होगी आसान
Sun, 05 Feb 2023 04:28 AM IST
Jeet Kumar
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Sun, 05 Feb 2023 04:28 AM IST
सार
वर्षो से चल रहे उधमपुर-श्रीनगर-बारामूला प्रोजेक्ट (290 किलोमीटर) के साथ ही ऋषिकेश-कर्णप्रयाग (125.09 किलोमीटर) रेलवे लाइन निर्माण कार्य में तेजी लाई जाएगी। दोनों प्रोजेक्ट पर इस साल 9,810 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
विज्ञापन
Indian Railway
- फोटो : Istock
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
यात्रियों की राह सुगम बनाने के लिए केंद्र सरकार ने उत्तर रेलवे की झोली में इस बार बजट का बड़ा हिस्सा दिया है। कई लंबित प्रोजेक्ट पर अलग से फंड जारी कर यह निर्देश दिए गए हैं कि यात्रियों की सुविधा को दरकिनार नहीं किया जा सकता।
विज्ञापन
वर्षो से चल रहे उधमपुर-श्रीनगर-बारामूला प्रोजेक्ट (290 किलोमीटर) के साथ ही ऋषिकेश-कर्णप्रयाग (125.09 किलोमीटर) रेलवे लाइन निर्माण कार्य में तेजी लाई जाएगी। दोनों प्रोजेक्ट पर इस साल 9,810 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। अयोध्या स्टेशन के सर्कुलेटिंग एरिया को यात्री फ्रेंडली करने के लिए 50 करोड़ रुपये भी खर्च किए जाएंगे।
विज्ञापन
निर्माण कार्य, यात्री सुविधाएं, लाइन का दोहरीकरण व तिहरीकरण, यार्ड रिमॉडलिंग, रोड अंडरब्रिज व ओवरब्रिज, स्टाफ वेलफेयर व नई लाइन बिछाने के लिए बजट दिया गया है। इन सभी योजनाओं के लिए अलग-अलग फंड जारी किया गया है।
विज्ञापन
खास बात यह है कि रेलवे ने अमृत भारत स्टेशन के रूप में विकसित करने के लिए एनसीआर के 33 स्टेशनों को शामिल किया है। इससे दिल्ली के साथ यूपी व हरियाणा के स्टेशनों को भी चमकाकर यात्री सुविधाएं बढ़ाई जाएंगी।
मिशन रफ्तार से समझौता नहीं
यातायात सुविधा बढ़ाने पर बजट में यह साफ संकेत रेलवे को दिया गया है कि मिशन रफ्तार से किसी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता। इसे लेकर दिल्ली के शकूर बस्ती कोचिंग टर्मिनल, बिजवासन कोचिंग टर्मिनल व हाेलंबी कला में वर्ल्ड क्लास फ्रेट टर्मिनल को विकसित किया जाएगा। इन सभी प्रोजेक्ट के लिए अलग से राशि आवंटित की गई है। दरअसल, यात्री ट्रेन व मालगाड़ी को भीड़भाड़ वाले स्टेशन पर शंटिंग करना एक बड़ी समस्या होती है। इससे कई यात्री ट्रेनों की रवानगी में परेशानी होती है। लिहाजा, रेलवे इस बार कोचिंग टर्मिनल को और अधिक बेहतर करने पर फोकस करेगा। बिजवासन टर्मिनल पर 250 करोड़, होलंबी कलां पर 150 करोड़ व 70 करोड़ रुपवे शकूर बस्ती यार्ड के लिए खर्च होंगे।
दूसरी व तीसरी लाइन बिछाने से रफ्तार बढ़ेगी
रेलवे का जोर इस बार ट्रैक की डबलिंग पर रहेगा। खासकर आनंद विहार रेलवे स्टेशन को नई दिल्ली स्थित तिलक ब्रिज टर्मिनल को लेकर रेलवे की योजना है। करीब 9.77 किलोमीटर की इस दूरी पर रेलवे दूसरी व तीसरी लाइन बिछाएगा। इससे ट्रेनों की रफ्तार भी बढ़ जाएगी। इस मद में इस साल 45 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इसी तरह उत्तर रेलवे बारंबंकी-अकबरपुर, जौनपुर-टांडा, बाराबंकी-मलहौर, जंघाई-प्रतापगढ़-अमेठी रेलवे रूट पर दूसरी व तीसरी लाइन बिछाएगा। इसके अलावा चंडीगढ़-बद्दी, भानुपल्ली-बिलासपुर-बेरी समेत कई रूट पर नई रेल लाइन बिछेगी।
एनसीआर के 33 स्टेशन को अमृत भारत स्टेशन में शामिल किया गया
दिल्ली रेलवे मंडल के 33 रेलवे स्टेशनों को अमृत भारत स्टेशन में शामिल किया गया है। इस प्रोजेक्ट के तहत सभी स्टेशनों पर यात्री सुविधा बढ़ाई जाएगी। इनमें मुख्य रूप से दिल्ली, निजामुद्दीन, शाहदरा आनंद विहार, बिजवासन, सफदरजंग, दिल्ली कैंट, नरेला, फरीदाबाद, गाजियाबाद, करनाल, कुरुक्षेत्र, गुरुग्राम, पलवल, घोंडा, बल्लभगढ़, सोनीपत आदि शामिल हैं।