फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   Central Government approves change in land allotment category for political parties

Land Allotment: सरकार ने राजनीतिक दलों के लिए भूमि आवंटन श्रेणी में बदलाव को मंजूरी दी, 14 दलों को होगा फायदा

Thu, 22 Sep 2022 12:50 AM IST
देव कश्यप पीटीआई, नई दिल्ली।
पीटीआई, नई दिल्ली। Published by: देव कश्यप Updated Thu, 22 Sep 2022 12:50 AM IST
सार

सरकार ने इस महीने की शुरुआत में इस संबंध में केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। 'सरकार से सरकार' श्रेणी के अंतर्गत भूमि की दरें 'संस्थागत' दरों से सस्ती हैं। उन्होंने कहा कि इस बदलाव से 14 राजनीतिक दलों को फायदा होने की संभावना है, जिन्हें 2000 और 2017 के बीच जमीन आवंटित की गई थी। 

विज्ञापन
Central Government approves change in land allotment category for political parties
Union Housing and Urban Affairs Ministry - फोटो : social media

विस्तार

केंद्र सरकार ने राजनीतिक दलों के लिए भूमि आवंटन श्रेणी में बदलाव को मंजूरी दे दी। केंद्र ने राजनीतिक दलों को दिल्ली में उनके कार्यालयों के लिए आवंटित भूमि की श्रेणी को 'संस्थागत' से 'सरकार से सरकार' के हस्तांतरण में बदल दिया है। इससे बकाया राशि में काफी कमी आएगी। सूत्रों ने यह जानकारी दी।

विज्ञापन


14 राजनीतिक दलों को होगा फायदा
उन्होंने कहा कि सरकार ने इस महीने की शुरुआत में इस संबंध में केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी। 'सरकार से सरकार' श्रेणी के अंतर्गत भूमि की दरें 'संस्थागत' दरों से सस्ती हैं। उन्होंने कहा कि इस बदलाव से 14 राजनीतिक दलों को फायदा होने की संभावना है, जिन्हें 2000 और 2017 के बीच जमीन आवंटित की गई थी। हालांकि मंत्रालय की ओर से इस बारे में कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।
विज्ञापन


सूत्रों के अनुसार, भाजपा, कांग्रेस और जनता दल (यूनाइटेड) सहित 14 राजनीतिक दलों के कार्यालयों पर केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्रालय का लगभग 150 करोड़ रुपये का बकाया है। सूत्रों ने कहा कि आवंटन श्रेणी में बदलाव के बाद, यह पता चला है कि भाजपा पर मंत्रालय का लगभग 17 करोड़ रुपये बकाया होगा, जबकि कांग्रेस को सरकार से 27 लाख रुपये रिफंड के रूप में मिल सकते हैं।  हालांकि, इस बारे में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इन पार्टियों को 2000 और 2017 के बीच भूमि और विकास कार्यालय (एल एंड डीओ) द्वारा भूमि आवंटित की गई थी। नियमों के अनुसार, आवंटन के लिए विचार की जाने वाली भूमि का क्षेत्रफल संसद में पार्टी की ताकत के आधार पर अलग-अलग होता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed