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नासिक में पिछले साल नवंबर से नहीं हुई 500 के नोटों की छपाई
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नासिक
Updated Wed, 18 Apr 2018 10:43 AM IST
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इस समय लगभग पूरे देश के लोगों को नकदी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। नासिक बेस्ड करेंसी नोट प्रेस (सीएनपी) में 500, 200, 100 और 20 रुपए के नोटों की छपाई में 44 प्रतिशत की गिरावट आई है। जहां 500 रुपए के नोटों की छपाई पिछले साल नवंबर में बंद हो गई थी। वहीं 200, 100 और 20 रुपए के नोटों की छपाई इस साल 1 अप्रैल से बंद कर दी गई है।
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नासिक में 500 रुपए के नोटों की छपाई इसलिए बंद कर दी गई थी क्योंकि इस सीएनपी ने 1,800 मिलियन सेट के अपने लक्ष्य को पूरा कर लिया है। प्रेस को यह लक्ष्य साल 2017-18 के लिए भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने दिया था। इसी तरह 100 और 20 रुपए के नोटों की छपाई 1 अप्रैल को इसलिए बंद कर दिया गया था क्योंकि इन नोटों के लिए नए डिजायन लाने का प्लान है।
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जहां तक 200 रुपए के नोटों की बात है आरबीआई ने मध्यप्रदेश के सीएनपी-देवास को इसका ऑर्डर दे दिया है। जिसकी वजह से नासिक ने इसकी छपाई बंद कर दी है। सीएनपी-नासिक इस समय केवल 10 और 50 रुपए के नोटों की छपाई कर रही है। नासिक के एक सीएनपी अधिकारी ने बताया कि दैनिक उत्पादन 18 मिलियन से घटकर 10 मिलियन नोटों तक आ गया है। हालांकि 16 अप्रैल के बाद सीएनपी-नासिक ने बहुत कम मात्रा में 500 रुपए के नोटों की छपाई फिर से शुरू की है।
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बता दें कि मध्य प्रदेश, पश्चिम बंगाल और बिहार में नकदी का संकट गंभीर हो गया है। लोगों की शिकायत है कि ज्यादातर एटीएम में कैश नहीं है, जिनमें से पांच सौ और दो हजार के नोट गायब हैं। कुछ राज्यों में नकदी की किल्लत के मामले में सरकार का कहना है कि बैंकों में पहले की तुलना 2000 रुपये के नोट कम आ रहे हैं। केंद्रीय वित्त मंत्रालय ने यह भी कहा है कि पिछले तीन महीने से देश के कुछ राज्यों में असामान्य रूप से नकदी की मांग बढ़ गई है।