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100 दिनों में यूपी के हर वर्ग को साधने की तैयारी में भाजपा
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, दिल्ली
Updated Sat, 13 Aug 2016 04:12 AM IST
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भाजपा अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य व स्वामी प्रसाद मौर्य
- फोटो : amar ujala
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मिशन यूपी फतह करने के लिए भाजपा ने सौ दिनों की कार्ययोजना बनाई है। बीते दिनों झांसी में संपन्न प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में पार्टी नेताओं के साथ साझा की गई इस रणनीति को भाजपा आलाकमान ने मंजूरी दे दी है।
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इस सौ दिनी कार्ययोजना में सूबे का सियासी माहौल भाजपामय बनाने, सोशल इंजीनियरिंग को साधने से लेकर संगठन को दुरुस्त करने तक के उपाय हैं। सामाजिक समरसता से लेकर दलित सम्मेलन तक के आयोजन की तैयारी है। पार्टी के रणनीतिकारों का मानना है कि यदि उनकी मल्टी टीयर कार्ययोजना पूर्ण रूप से जमीन पर उतर जाए, तो सबसे बड़े प्रदेश की सत्ता से पार्टी का बनवास समाप्त हो जाएगा।
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पीएम मोदी के जरिए शुरू ‘आजादी 70 साल-याद करो कुर्बानी’ कार्यक्रम की समाप्ति (23 अगस्त) के तुरंत बाद महाअभियान को जमीन पर अमल किया जाएगा। अभियान को सफल बनाने के क्रम में नेताओं की जवाबदेही तय करते हुए उन्हें अलग-अलग काम की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
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निचले स्तर पर बसपा के कोऑर्डिनेटर फैक्टर की काट के लिए भाजपा ने विधानसभा स्तर पर प्रभारी बनाने का निर्णय लिया है, तो कार्ययोजना में सांसद, विधायक और संगठन कार्यकर्ताओं की क्षमता का भरपूर दोहन की तैयारी है।
सौ दिनी कार्ययोजना के अहम पड़ाव और उसके सूत्रधार
परिवर्तन यात्रा: यात्रा की तिथि आलाकमान की सहूलियत से तय होगी। सूबे के चार क्षेत्रों से यात्रा शुरू होकर एक दिन में एक विधानसभा क्षेत्र को कवर करेगी। महानगरों में एक दिन में ही सभी विधानसभाओं को कवर किया जाएगा। चारों क्षेत्रों से अलग-अलग चेहरे के हाथ में इसका नेतृत्व होगा। पूरे 100 दिन में यात्रा के जरिए सभी विधानसभा सीटों को मथने की तैयारी है। इसकी कमान असम जीताने वाले नेता महेंद्र सिंह और देवेंद्र सिंह को दी गई है।
दलित सांसद प्रवास : दलित वर्ग को साथ लाने की कवायद में पार्टी ने यूपी के सभी 17 दलित सांसदों का 318 विधानसभाओं में प्रवास कराने की रणनीति बनाई है। इन सांसदों का कार्यक्रम आयोजित कराने के लिए सांसद विनोद सोनकर को कमान दी गई है। राम नरेश रावत और दिवाकर सेठ सरीखे नेता सोनकर का साथ देंगे।
सांसद प्रवास : भाजपा सूबे के अपने सभी 71 सांसदों का मिशन यूपी में भरपूर इस्तेमाल करेगी। दलित सांसदों के अलावा बचे अन्य सांसद इस अभियान में शामिल होंगे। इन सांसदों के प्रवास और उनकी क्षमताओं के दोहन की जिम्मेदारी डॉ. दिनेश शर्मा को दी गई है।
विधायक प्रवास : सांसदों की तरह वर्तमान विधायकों के प्रवास होगा और इसकी कमान विधायक सुरेश खन्ना और राधा मोहन दास अग्रवाल को दी गई है। सामाजिक समरसता सम्मेलन : पिछड़ा वर्ग को साधने के लिए भाजपा ने सूबे में 200 सामाजिक समरसता सम्मेलन आयोजित करने का निर्णय लिया है। हर दो विधानसभा क्षेत्र में एक सम्मेलन होगा। सम्मेलन को सफल बनाने के लिए भीड़ का न्यूनतम पैमाना 5000 तय किया गया है। इस अहम सम्मेलन की कमान प्रदेश महामंत्री अशोक कटारिया को दी गई है।
युवा सम्मेलन : जिला स्तर पर एक-एक युवा सम्मेलन आयोजित होंगे। इसकी कमान मुकुल त्रिपाठी को दी गई है। अनिल यादव और शिव भूषण उनका सहयोग करेंगे।
महिला सम्मेलन : कांग्रेस, बसपा और सपा के महिला फैक्टर की काट में जिला स्तर पर महिलाओं का सम्मेलन होगा। हालांकि इसके लिए अभी किसी की जिम्मेदारी तय नहीं हुई है।
सपा विधायकों के खिलाफ चार्जशीट : सपा के सत्ता विरोधी रुझान को अपने पक्ष में करने के लिए पार्टी ने विधानसभा स्तर पर सपा विधायकों के खिलाफ चार्जशीट बनाकर जनता में पेश करने की तैयारी है।
बसपा कोऑर्डिनेटर की काट होंगे प्रभारी : संगठन के ढांचे को दुरुस्त बनाने और बसपा के कोऑर्डिनेटर फैक्टर की काट के लिए भाजपा ने सभी 403 सीटों पर विधानसभा प्रभारी बनाने का निर्णय लिया है। ये प्रभारी चुनाव नहीं लड़ पाएंगे। इन पर पार्टी उम्मीदवार को चुनाव लड़वाने की जिम्मेदारी रहेगी। ऐसे ही संगठन को मजबूत बनाने के लिए जिला और मंडल स्तर पर भी प्रभारी नियुक्त होंगे। जोकि संगठन की गड़बड़ियों को दुरुस्त करेंगे। इन प्रभारियों की नियुक्ति का जिम्मा क्षेत्रीय संगठन को सौंपा गया है।
दलित सांसद प्रवास : दलित वर्ग को साथ लाने की कवायद में पार्टी ने यूपी के सभी 17 दलित सांसदों का 318 विधानसभाओं में प्रवास कराने की रणनीति बनाई है। इन सांसदों का कार्यक्रम आयोजित कराने के लिए सांसद विनोद सोनकर को कमान दी गई है। राम नरेश रावत और दिवाकर सेठ सरीखे नेता सोनकर का साथ देंगे।
सांसद प्रवास : भाजपा सूबे के अपने सभी 71 सांसदों का मिशन यूपी में भरपूर इस्तेमाल करेगी। दलित सांसदों के अलावा बचे अन्य सांसद इस अभियान में शामिल होंगे। इन सांसदों के प्रवास और उनकी क्षमताओं के दोहन की जिम्मेदारी डॉ. दिनेश शर्मा को दी गई है।
विधायक प्रवास : सांसदों की तरह वर्तमान विधायकों के प्रवास होगा और इसकी कमान विधायक सुरेश खन्ना और राधा मोहन दास अग्रवाल को दी गई है। सामाजिक समरसता सम्मेलन : पिछड़ा वर्ग को साधने के लिए भाजपा ने सूबे में 200 सामाजिक समरसता सम्मेलन आयोजित करने का निर्णय लिया है। हर दो विधानसभा क्षेत्र में एक सम्मेलन होगा। सम्मेलन को सफल बनाने के लिए भीड़ का न्यूनतम पैमाना 5000 तय किया गया है। इस अहम सम्मेलन की कमान प्रदेश महामंत्री अशोक कटारिया को दी गई है।
युवा सम्मेलन : जिला स्तर पर एक-एक युवा सम्मेलन आयोजित होंगे। इसकी कमान मुकुल त्रिपाठी को दी गई है। अनिल यादव और शिव भूषण उनका सहयोग करेंगे।
महिला सम्मेलन : कांग्रेस, बसपा और सपा के महिला फैक्टर की काट में जिला स्तर पर महिलाओं का सम्मेलन होगा। हालांकि इसके लिए अभी किसी की जिम्मेदारी तय नहीं हुई है।
सपा विधायकों के खिलाफ चार्जशीट : सपा के सत्ता विरोधी रुझान को अपने पक्ष में करने के लिए पार्टी ने विधानसभा स्तर पर सपा विधायकों के खिलाफ चार्जशीट बनाकर जनता में पेश करने की तैयारी है।
बसपा कोऑर्डिनेटर की काट होंगे प्रभारी : संगठन के ढांचे को दुरुस्त बनाने और बसपा के कोऑर्डिनेटर फैक्टर की काट के लिए भाजपा ने सभी 403 सीटों पर विधानसभा प्रभारी बनाने का निर्णय लिया है। ये प्रभारी चुनाव नहीं लड़ पाएंगे। इन पर पार्टी उम्मीदवार को चुनाव लड़वाने की जिम्मेदारी रहेगी। ऐसे ही संगठन को मजबूत बनाने के लिए जिला और मंडल स्तर पर भी प्रभारी नियुक्त होंगे। जोकि संगठन की गड़बड़ियों को दुरुस्त करेंगे। इन प्रभारियों की नियुक्ति का जिम्मा क्षेत्रीय संगठन को सौंपा गया है।