अपनी ही सरकार के मंत्रियों की भद्द पिटवा रहे भाजपा सांसद
- लोकसभा में आर के सिंह ने राजनाथ के उत्तर पर खड़े किए सवाल
- सांसद हुकुम सिंह ने कृषि मंत्री राधामोहन सिंह को दिखाया आईना
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केंद्र सरकार की योजनाओं से भाजपा के अपने ही सांसद संतुष्ट नहीं लग रहे हैं। सरकार की योजनाओं को जनता के बीच प्रचारित करने की पीएम मोदी की नसीहत के चंद घंटे भीतर ही पार्टी के सांसदों ने संसद में केंद्रीय मंत्रियों की भद्द पिटवा दी। बिहार के आरा से सांसद एवं पूर्व गृह सचिव आरके सिंह ने लोकसभा में गृहमंत्री राजनाथ सिंह के उत्तर पर सवाल खड़े किए तो इसके तुरंत बाद ही कैराना से सांसद हुकूम सिंह ने ई-मंडी योजना पर कृषि मंत्री राधा मोहन को आइना दिखाया
प्रश्नकाल के दौरान जब कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खड़गे के सवालों का जवाब देते हुए राजनाथ सिंह ने कहा कि पुलिस आधुनिकीकरण के मद में पुलिस वालों के लिए मकान बनाने के लिए धनराशि नहीं दी जाती है।
इस योजना के तहत पुलिस एवं सुरक्षा बलों को तकनीक और आधुनिक सुविधाओं से उन्हें लैस बनाने के लिए फंड दिया जाता है। अभी उन्होंने अपना जवाब पूरा भी नहीं किया था कि आरके सिंह ने खड़े होकर कहा कि पुलिस सुधार मद को लेकर गृहमंत्री का जवाब ठीक नहीं है। उन्हें इस मामले की जानकारी नहीं है।
पूर्व गृह सचिव ने कहा कि पुलिस सुधार के फंड वाली योजना में पुलिस वालों के मकान के लिए भी धन आवंटित किया था। लेकिन वर्तमान सरकार ने योजना से उक्त प्रावधान को हटा दिया है। सिंह के इतना भर कहने पर विपक्ष को ठहाका लगाने का मौका हाथ लग गया तो। गृहमंत्री भी मंद मुस्कान के साथ आसन पर बैठ गए।
ई-मंडी से किसानों को नहीं मिल रहा फायदा
राजनाथ के बाद अपने ही सांसद इसे भद्द पिटवाने की बारी कृषि मंत्री राधा मोहन सिंह की आई। राधा मोहन ने पार्टी सांसद सुमेधानंद के सवालों का जवाब देते हुए कहा कि किसानों को उत्पाद का उचित मूल्य प्रदान करने के लिए पीएम मोदी ने ई-मंडी प्लेटफार्म शुरू किया है। इससे किसानों को उत्पाद का वाजिब
दाम मिलेगा।
विस्तार से उनके दिए गए जवाब से लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन तक संतुष्ट नजर आईं। तभी भाजपा सांसद हुकुम सिंह खड़े हुए। उन्होंने कहा कि ये ई-मंडी वगैरह सब ठीक है। लेकिन इसका लाभ किसानों को नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष देश में प्याज की कीमत 50-60 रुपये किलो तक पहुंच गई थी। लेकिन आज हालात यह हैं कि यूपी, मध्य प्रदेश, राजस्थान और महाराष्ट्र में प्याज की अच्छी फसल होने की वजह से पैदावार बेहतर हुई है। लेकिन किसानों को अपना प्याज 1 से 3 रुपए किलो के भाव पर बेचना पड़ रहा है।
हुकुम सिंह ने सरकार से मांग की कि वह किसानों से प्याज खरीद कर अपने यहां भंडारण करे और उन्हें उचित मूल्य प्रदान करे। इस पर सदन में बैठे अधिकतर सांसदों की हमदर्दी हुकूम के साथ थी। इस पर कृषि मंत्री ने हुकूम के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि यह मामला उनके पास नहीं है। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्रालय के पास है। इससे पहले सोमवार को भोला सिंह ने सरकार पर रिलायंस के लिए काम करने का आरोप लगाकर सनसनी पैदा कर दी थी।