कथित भारत बंद को लेकर देशभर में आज अलर्ट, कई राज्यों में इंटरनेट सेवाएं ठप
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सोशल मीडिया के जरिये विभिन्न संगठनों द्वारा आज बुलाए गए भारत बंद को देखते हुए केंद्र सरकार ने राज्यों को सतर्क कर दिया है। गृह मंत्रालय ने राज्यों को जारी एडवाइजरी में बंद के दौरान सुरक्षा कड़ी करने और हिंसा रोकने के निर्देश दिए हैं। मालूम हो कि एससी-एसटी एक्ट के प्रावधानों में बदलाव के विरोध में हुए भारत बंद के दौरान बड़े पैमाने पर हिंसा और तोड़फोड़ हुई थी। अब आरक्षण के विरोध में कई संगठनों ने भारत बंद का आह्वान किया है।
गौरतलब है कि चूंकि किसी बड़े संगठन या दल ने भारत बंद की घोषणा नहीं की है, ऐसे में सोशल मीडिया के जरिये छोटे-छोटे संगठनों द्वारा शरारत किए जाने की भी संभावना व्यक्त की जा रही है। अब आरक्षण के विरोध में कई अचर्चित संगठनों ने भी भारत बंद का आह्वान किया है। इसके लिए भी सोशल मीडिया की मदद ली जा रही है।
गृह मंत्रालय ने राज्यों को सोशल मीडिया और कानून व्यवस्था पर खास निगाह रखने की सलाह दी है। राज्यों को सोशल मीडिया के जरिए बीते दो अप्रैल के भारत बंद की तरह ही इस बार भी हिंसा की साजिश रचने के प्रति आगाह भी किया है।
No impact of #BharatBandh call seen as yet in Meerut. MHA had issued an advisory that some groups would be protesting against caste-based reservations in jobs and education. pic.twitter.com/E2ovRWjrDd
— ANI UP (@ANINewsUP) April 10, 2018
बीते 2 अप्रैल को एससी/एसटी एक्ट में संशोधन के खिलाफ भारत बंद के दौरान देशभर में हिंसा हुई थी करीब 12 लोगों को जान तक गंवानी पड़ी थी। 10 अप्रैल को आयोजित बंद में फिर से हिंसा न फैले इसलिए गृहमंत्रालय दिशा निर्देश जारी किए हैं।
उत्तर प्रदेश के कई जिलों में पुलिस और प्रशासन ने अलर्ट जारी कर धारा 144 लागू कर दी है। वहीं, मध्यप्रदेश में भी स्कूल कॉलेज की छुट्टी कर दी गई है जबकि कई शहरों में इंटरनेट की सुविधा भी मंगलवार तक के लिए बंद कर दी गई है।
भोपाल के कमिश्नर अजातशत्रु श्रीवास्तव ने कहा है कि भोपाल में धारा 144 लागू की जाएगी वहीं स्कूल खुले रहेंगे। किसी भी हिंसा से निपटने के लिए 6000 पुलिस फोर्स लगाई गई है। वहीं सोशल मीडिया पर भी नजर रखी जा रही है।
Ministry of Home Affairs has issued an advisory to all states to take necessary precautionary measures in view of calls on social media for Bharat Bandh by some groups on April 10.
— ANI (@ANI) April 9, 2018
2 अप्रैल को दलितों के भारत बंद के दौरान सबसे ज्यादा तबाही मध्यप्रदेश में मची थी। जिसके बाद वहां काफी धड़पकड़ भी हुई है। यहां के ग्वालियर, भिंड और मुरैना में हुई हिंसक घटनाओं में 8 मौते हुईं थीं। आज आयोजित बंद में प्रशासन किसी तरह का समझौता नहीं करना चाहता इसलिए उसने चाक चौबंद व्यवस्था कर ली है।
प्रशासन ने ग्वालियर, भिंड और मुरैना में प्रशासन ने स्कूल कॉलेजों को 10 अप्रैल को बंद करने का एलान किया है। यही नहीं भिंड में सोमवार रात से पूरे दिन कर्फ्यू लगाने का फैसला लिया है। जबकि एमपी प्रशासन ने ग्वालियर में इंटरनेट सेवाएं रविवार रात 11 बजे से मंगलवार रात 10 बजे तक बंद रखने की बात कही है। जबकि मुरैना में भी सोमवार दोपहर 2 बजे से इंटरनेट सेवा बंद रहेगी।
प्रदेश भर में वाहनों की चेकिंग की जा रही है
वहीं, यूपी में पुलिस और प्रशासन ने किसी भी स्थिति से निपटने के लिए तैयारियां पूरी कर ली हैं। प्रदेश भर में वाहनों की चेकिंग की जा रही है। सभी जगह भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि इस बार किसी भी प्रकार की हिंसा न हो। हालांकि कई सवर्ण और ओबीसी संगठनों ने 10 अप्रैल के आंदोलन को स्थगित कर दिया है।
मथुरा में सवर्णों के बाद रविवार को राजपूत सभा ने भारत बंद का ऐलान कर पुलिस की चिंता को बढ़ा दिया था। साथ ही शहर के सभी व्यापारियों से 10 अप्रैल को अपने प्रतिष्ठान बंद रखने का आह्वान किया है। साथ ही राजपूत सभा ने अभियान को सफल बनाने के लिए सभा के पदाधिकारियों को जिम्मेदारी भी सौंपी हैं।
पुलिस और प्रशासन ने मथुरा, आगरा, एटा, मैनपुरी, फिरोजाबाद, कासगंज के अलावा कई जिलों में आंदोलन के ऐलान के बाद अलर्ट जारी कर धारा 144 लागू कर दी है। साथ ही किसी भी तरह के प्रदर्शन और जुलूस पर रोक लगा दी है। मथुरा के जिलाधिकारी सर्वज्ञराम मिश्र ने बताया कि पुलिस और प्रशासन पूरी तरह से चौकस है। माहौल खराब करने वालों से सख्ती के साथ निपटा जाएगा।
गौरतलब है कि बीती 2 अप्रैल को दलित संगठनों द्वारा किए गए हिंसक प्रदर्शन में 12 लोगों की मौत हुई थी, जबकि सैकड़ों लोग घायल हुए थे। साथ ही उपद्रवियों ने कई वाहनों को आग लगा दिया था।
उत्तर प्रदेश के आगरा में एक पुलिस चौकी को भी आग के हवाले कर दिया था। इस मामले में अब तक आगरा में करीब 300 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार 10 अप्रैल को भारत बंद करने और भड़काऊ पोस्ट डालने वालों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। इस काम की पुलिस की साइबर सेल मदद कर रही है। साथ ही किसी भी विवादित पोस्ट को करने वाले के साथ उसे शेयर, लाइक या कमेंट करने वाले पर भी कार्रवाई होगी।