फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   AugustaWestland Scam : Some Countries agreed to share solid evidences

अगस्ता वेस्टलैंड मामले में ठोस सबूत देने को तैयार हुए कई देश, उड़ेगी कई लोगों की नींद

Wed, 31 Jul 2019 05:33 PM IST
Gaurav Pandey जितेंद्र भारद्वाज, नई दिल्ली
जितेंद्र भारद्वाज, नई दिल्ली Published by: Gaurav Pandey Updated Wed, 31 Jul 2019 05:33 PM IST
विज्ञापन
AugustaWestland Scam : Some Countries agreed to share solid evidences
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : पीटीआई

अगस्ता वेस्टलैंड वीवीआईपी हेलीकॉप्टर मामले की जांच में नया मोड़ आ गया है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने इस मामले में साक्ष्य मुहैया कराने के लिए जिन देशों को लेटर्स रोगेटरी भेजा था, वहां से जवाब आने लगे हैं। हालांकि अभी बहुत से जवाब बाकी हैं, लेकिन कई देशों ने यह साफ कर दिया है कि वे अगस्ता वेस्टलैंड मामले में हुए लेन-देन की जानकारी (शेल कंपनियां) मुहैया कराने के लिए तैयार हैं। 

विज्ञापन


उधर, मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के भांजे और इस मामले में आरोपी रतुल पुरी से हुई पूछताछ में ईडी को कई अहम जानकारियां हाथ लगी हैं। पुरी की कंपनी के 117 ईमेल यह बताने के लिए काफी हैं कि घूस की राशि को किस तरह ठिकाने लगाया गया है। जांच एजेंसी के सूत्र बताते हैं कि अब उन्हें लेटर्स रोगेटरी के जवाब का इंतजार है। इनके मिलते ही कई लोगों के पांव तले जमीन खिसकनी तय है।
विज्ञापन


सूत्रों के मुताबिक, रतुल पुरी से हुई पूछताछ और विदेशों से मिले कुछ साक्ष्यों में समानता दिख रही है। ईमेल की जांच से यह बात साफ हो गई है कि घोटाले के मुख्य आरोपी क्रिश्चियन मिशेल के अन्य कथित आरोपियों राजीव सक्सेना, रतुल पुरी और उनके पिता दीपक पुरी, दीपक तलवार और कई दूसरे लोगों से संबंध रहे हैं। इन सबके बीच ईमेल का आदान प्रदान हुआ है। जल्द ही कुछ ऐसे ईमेल सामने भी आ सकते हैं, जिनमें उक्त घोटाले के आरोपियों के अलावा कई बड़े नेताओं के नाम शामिल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


अगस्ता वेस्टलैंड वीवीआईपी हेलीकॉप्टर का टेंडर दिलाने के लिए कई स्तर पर बातचीत चल रही थी। नियम शर्तें बदलवाने से लेकर फाइनल टेंडर दिलाने तक हर स्तर पर घूस का अलग रेट तय किया गया था। रतुल पुरी और उनके पिता मोजर बेयर के चेयरमैन दीपक पुरी को आमने सामने बैठाकर जब पूछताछ की गई तो कई शेल कंपनियों की बात सामने आई। घूस के पैसे को किन कंपनियों में लगाया गया, जांच एजेंसी ने काफी हद तक यह पता लगा लिया है।  3,600 करोड़ रुपये के इस मनी लॉन्ड्रिंग मामले की सीबीडीटी जांच में भी शेल कंपनियों के इस्तेमाल की बात सामने आई है।

ब्रिटेन, इटली और दुबई से जल्द आएंगे सबूत

जांच एजेंसी ने इस मामले में अभी तक जितने भी आरोपियों से पूछताछ की है, उसके आधार पर एक रिपोर्ट तैयार कर उसे कई देशों को भेजा है। इसे लेटर्स रोगेटरी का कहा जाता है। मतलब, किसी मामले में साक्ष्य मुहैया कराने के लिए एक देश को भेजा गया प्रार्थना पत्र। ईडी ने ब्रिटेन, इटली और दुबई को भेजे लेटर्स रोगेटरी में रतुल पुरी, राजीव सक्सेना, दीपक तलवार और इस मामले में नामजद दूसरे आरोपियों की जानकारी मांगी है। उक्त देशों में इन सभी लोगों की शेल कंपनियां बताई गई हैं।

विदेशों से भी कुछ ईमेल आ रहे हैं। जांच अधिकारियों को उम्मीद है कि जल्द ही इस केस से जुड़े कई ठोस साक्ष्य उनके पास पहुंच जाएंगे। ईडी का कहना है कि रतुल पुरी को अगस्ता वेस्टलैंड वीवीआईपी हेलीकॉप्टर घोटाले के आरोपी क्रिश्चियन मिशेल से छह करोड़ रुपये मिले हैं। इसके अलावा पुरी ने अपनी शेल कंपनियों में किन नेताओं का धन लगाया है, ये तथ्य भी धीरे धीरे बाहर निकल रहे हैं। गुरुवार को मामले की सुनवाई के दौरान ईडी अदालत से रतुल पुरी को हिरासत में भेजने की मांग करेगी।

क्या मिशेल के कोड वर्ड की जानकारी मिलेगी?

अभी तक इस मामले में जितनी भी पूछताछ हुई है, उसमें कुछ शेल कंपनियां ऐसी मिली हैं, जिनका जिक्र क्रिश्चियन मिशेल ने किया था। सीबीआई ने जब मिशेल से पूछताछ की थी तो उसने एक पेज पर कोड वर्ड में कुछ लिखा था। उस वक्त कई लोगों ने कोड वर्ड के नामों को एक राजनीतिक पार्टी के बड़े लोगों से जोड़ दिया था। उसके बाद अदालत में ईडी को मिशेल के पास से एक कागज मिला था। उसमें कथित तौर पर 'मिसेज गांधी' लिखा था।



हालांकि, अभी तक इस बाबत कुछ साफ निकलकर नहीं आया है। अब रतुल पुरी से हुई पूछताछ में मिशेल और दूसरे आरोपियों की कड़ियां जुड़ रही हैं। घूस की राशि का पैसा पुरी की किन कंपनियों में लगा है, उसे दुबई से कब और किसने ट्रांसफर किया, ये सब जानकारी एजेंसी ने जुटा ली है। एजेंसी को उम्मीद है कि जैसे ही विदेशों से साक्ष्य आएंगे, अगस्ता वेस्टलैंड वीवीआईपी हेलीकॉप्टर घोटाले की जांच अपने अंतिम दौर में पहुंच जाएगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed