फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   India News ›   arunachal pradesh villagers threat boycott election said no bridge no vote

Arunachal Pradesh: पुल नहीं बनने पर लोगों ने दी चुनाव बहिष्कार की धमकी, मंत्री बोले- पैसा ही नहीं था

Tue, 08 Aug 2023 02:11 PM IST
नितिन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ईटानगर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, ईटानगर Published by: नितिन गौतम Updated Tue, 08 Aug 2023 02:11 PM IST
सार

मानसून के दौरान बच्चे स्कूल नहीं जा पाते और सामान्य आवागमन भी प्रभावित होता है और गांव के लोग एक दूसरे को देख भी नहीं पाते। मरीजों को अस्पताल ले जाने में भी परेशानी होती है।

विज्ञापन
arunachal pradesh villagers threat boycott election said no bridge no vote
लोगों ने दी चुनाव बहिष्कार की धमकी - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

अरुणाचल प्रदेश के पश्चिमी सियांग जिले में स्थित तीन गांव के लोगों ने चुनाव बहिष्कार की धमकी दी है। दरअसल गांव के लोग साल 2014 से ही नदी के ऊपर पुल बनाने की मांग कर रहे हैं। अभी तक पुल नहीं बना है। ऐसे में गांव के लोगों ने धमकी दी है कि अगर पुल नहीं बना तो वह अगले साल होने वाले लोकसभा और विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करेंगे। जिन गांव के लोगों ने ये धमकी दी है, उनमें रिमे मोको, पीडी रिमे, टोडी रिमे शामिल हैं। 
विज्ञापन


मानसून के दौरान कट जाता है गांवों का संपर्क
इन गांवों की कुल जनसंख्या 400 है और इनमें से 300 मतदाता हैं। बता दें कि हिजुम नदी पर पुल बनाने की मांग हो रही है, वहां स्थानीय लोगों ने 20 मीटर लंबा जुगाड़ु पुल बनाया हुआ है लेकिन मानसून के दौरान नदी का जलस्तर बढ़ने की वजह से पुल पानी में डूब जाता है। यही वजह है कि मानसून के दौरान बच्चे स्कूल नहीं जा पाते और सामान्य आवागमन भी प्रभावित होता है और गांव के लोग एक दूसरे को देख भी नहीं पाते। मरीजों को अस्पताल ले जाने में भी परेशानी होती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इलाके में सड़कों की भी स्थिति खराब है। 
विज्ञापन


चुनाव बहिष्कार की धमकी
स्थानीय लोगों का कहना है कि उनकी मांग है कि सरकार नदी पर सभी मौसम में चलने वाले पुल का निर्माण करे और प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत सड़कों का भी विकास किया जाए।  रिमे मोको गांव के प्रधान ने कहा कि अगर राज्य सरकार ने हमारी मांगों को पूरा नहीं किया तो हम लोकतांत्रिक तरीके से विरोध प्रदर्शन करेंगे और अगर जरूरत पड़ी तो आगामी लोकसभा और विधानसभा चुनाव का बहिष्कार करेंगे। लोगों का कहना है कि वह स्थानीय विधायक के सामने भी कई बार यह मांग रख चुके हैं। गांव वालों ने कहा कि अब उनकी आखिरी उम्मीद स्थानीय सांसद किरेन रिजिजू हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मंत्री बोले- पैसे नहीं थे
बता दें कि ये गांव आलो पश्चिम विधानसभा सीट के अंतर्गत आते हैं। यहां से विधायक तुमके बागरा हैं, जो राज्य सरकार में उद्योग मंत्री हैं। जब तुमके बागरा से गांव के लोगों की मांग को लेकर सवाल किया गया तो मंत्री बागरा ने कहा कि 'कोरोना महामारी के चलते कोई विकास कार्य नहीं हुआ है। राज्य सरकार का अधिकतर फंड वैक्सीन, दवाईयां खरीदने में खर्च हो गया। उन्होंने कहा कि वह कोशिश करेंगे कि किसी योजना के तहत पुल का निर्माण हो जाए लेकिन अब चुनाव में एक साल का समय भी नहीं बचा है, ऐसे में अभी पुल का निर्माण होना मुश्किल है।' 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed