{"_id":"6794e321ca2ca666080aa73d","slug":"andhra-cm-naidu-sheds-light-on-the-objective-of-the-world-economic-forum-meeting-news-in-hindi-2025-01-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Andhra Pradesh: यात्रा का मुख्य उद्देश्य सिर्फ समझौतों पर हस्ताक्षर करना नहीं.., दावोस बैठक पर बोले सीएम नायडू","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
Andhra Pradesh: यात्रा का मुख्य उद्देश्य सिर्फ समझौतों पर हस्ताक्षर करना नहीं.., दावोस बैठक पर बोले सीएम नायडू
Sat, 25 Jan 2025 06:42 PM IST
शुभम कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरावती
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अमरावती
Published by: शुभम कुमार
Updated Sat, 25 Jan 2025 06:42 PM IST
सार
आंध्र के सीएम नायडू ने आज विश्व आर्थिक मंच के मुख्य उद्देश्य पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि इस बैठक की यात्रा का मुख्य उद्देश्य सिर्फ समझौतों पर हस्ताक्षर करना नहीं था, बल्कि दुनिया भर के प्रभावशाली लोगों से मिलकर यह जानना था कि दुनिया किस दिशा में जा रही है। साथ ही उन्होंने अपने आलोचकों का भी करारा जवाब दिया।
विज्ञापन
एन. चंद्रबाबू नायडू, सीएम, आंध्र प्रदेश
- फोटो : ANI
विस्तार
आंध्र प्रदेश के सीएम एन चंद्रबाबू नायडू ने स्विट्जरलैंड के दावोस में आयोजित विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) की अपनी यात्रा पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि विश्व आर्थिक मंच की यात्रा का मुख्य उद्देश्य सिर्फ समझौतों पर हस्ताक्षर करना नहीं था, बल्कि दुनिया भर के प्रभावशाली लोगों से मिलकर यह जानना था कि दुनिया किस दिशा में जा रही है।
आलोचकों को सीएम नायडू का करारा जवाब
सीएम नायडू ने अपनी दावोस यात्रा पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कुछ आलोचनाओं को करारा जवाब दिया, जिसमें कहा गया था कि उनका प्रतिनिधिमंडल खाली हाथ लौट आया और केवल उनके आत्म-प्रचार पर ध्यान केंद्रित किया गया, जबकि दूसरे राज्य समझौतों में सफल रहे।
इसको लेकर नायडू ने कहा कि दावोस नेटवर्किंग के लिए एक महत्वपूर्ण जगह है, जहां दुनियाभर के देश प्रमुख और मंत्री मिलते हैं। वह यह भी कहते हैं कि दावोस का असली उद्देश्य केवल समझौता ज्ञापनों या निवेश से जुड़ा हुआ नहीं है, बल्कि यह ज्ञान बढ़ाने और नई-नई रुझानों को जानने के लिए एक बेहतरीन मौका है।
विज्ञापन
बताया मंच की खास बातें
साथ ही उन्होंने बताया कि शिखर सम्मेलन के दौरान उन्होंने माइक्रोसॉफ्ट के संस्थापक बिल गेट्स समेत कई प्रमुख लोगों से मुलाकात की और यह महसूस किया कि उनका देश उनसे मिलने के लिए वीजा, नियुक्तियों और अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर काम कर सकता है।
सीएम नायडू ने वाईएसआरसीपी पर साधा निशाना
सीएम एन चंद्रबाबू नायडू ने शनिवार को अपनी विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस (वाईएसआरसीपी) पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अगर किसी पार्टी से लगातार नेता पार्टी छोड़ रहे हैं, तो यह उस पार्टी की स्थिति को दर्शाता है। नायडू का ये बयान वाईएसआरसीपी के वी विजयसाई रेड्डी के राज्यसभा से इस्तीफे के बाद आया है।
नेताओं का पलायन पार्टी की कमजोरी
नायडू ने बिना किसी पार्टी या नेता का नाम लिए हुए एक रिपोर्टर के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि विपक्षी पार्टी को बार-बार अपने नेताओं के पलायन का सामना क्यों करना पड़ रहा है, इसका उनके पास कोई स्पष्ट जवाब नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर पार्टी के नेता पार्टी में विश्वास करते हैं, तो वे वहीं रहेंगे। नहीं तो वे अपना रास्ता बदल सकते हैं। नायडू ने यह भी कहा कि यह स्थिति उस पार्टी की कमजोरी को दिखाता है। इसके अलावा, उन्होंने यह भी कहा कि यह पार्टी का आंतरिक मामला है, इसलिए वे इस पर ज्यादा टिप्पणी नहीं करना चाहते।
विज्ञापन
आलोचकों को सीएम नायडू का करारा जवाब
सीएम नायडू ने अपनी दावोस यात्रा पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कुछ आलोचनाओं को करारा जवाब दिया, जिसमें कहा गया था कि उनका प्रतिनिधिमंडल खाली हाथ लौट आया और केवल उनके आत्म-प्रचार पर ध्यान केंद्रित किया गया, जबकि दूसरे राज्य समझौतों में सफल रहे।
विज्ञापन
इसको लेकर नायडू ने कहा कि दावोस नेटवर्किंग के लिए एक महत्वपूर्ण जगह है, जहां दुनियाभर के देश प्रमुख और मंत्री मिलते हैं। वह यह भी कहते हैं कि दावोस का असली उद्देश्य केवल समझौता ज्ञापनों या निवेश से जुड़ा हुआ नहीं है, बल्कि यह ज्ञान बढ़ाने और नई-नई रुझानों को जानने के लिए एक बेहतरीन मौका है।
विज्ञापन
बताया मंच की खास बातें
साथ ही उन्होंने बताया कि शिखर सम्मेलन के दौरान उन्होंने माइक्रोसॉफ्ट के संस्थापक बिल गेट्स समेत कई प्रमुख लोगों से मुलाकात की और यह महसूस किया कि उनका देश उनसे मिलने के लिए वीजा, नियुक्तियों और अन्य महत्वपूर्ण मुद्दों पर काम कर सकता है।
सीएम नायडू ने वाईएसआरसीपी पर साधा निशाना
सीएम एन चंद्रबाबू नायडू ने शनिवार को अपनी विपक्षी पार्टी वाईएसआर कांग्रेस (वाईएसआरसीपी) पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अगर किसी पार्टी से लगातार नेता पार्टी छोड़ रहे हैं, तो यह उस पार्टी की स्थिति को दर्शाता है। नायडू का ये बयान वाईएसआरसीपी के वी विजयसाई रेड्डी के राज्यसभा से इस्तीफे के बाद आया है।
नेताओं का पलायन पार्टी की कमजोरी
नायडू ने बिना किसी पार्टी या नेता का नाम लिए हुए एक रिपोर्टर के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि विपक्षी पार्टी को बार-बार अपने नेताओं के पलायन का सामना क्यों करना पड़ रहा है, इसका उनके पास कोई स्पष्ट जवाब नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर पार्टी के नेता पार्टी में विश्वास करते हैं, तो वे वहीं रहेंगे। नहीं तो वे अपना रास्ता बदल सकते हैं। नायडू ने यह भी कहा कि यह स्थिति उस पार्टी की कमजोरी को दिखाता है। इसके अलावा, उन्होंने यह भी कहा कि यह पार्टी का आंतरिक मामला है, इसलिए वे इस पर ज्यादा टिप्पणी नहीं करना चाहते।