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Amit Shah: शाह ने कहा- CBI-ED निष्पक्ष रूप से काम कर रहीं, जांच किए जा रहे अधिकतर मामले UPA शासन में दर्ज हुए

Sat, 18 Mar 2023 01:40 AM IST
देव कश्यप पीटीआई, नई दिल्ली।
पीटीआई, नई दिल्ली। Published by: देव कश्यप Updated Sat, 18 Mar 2023 01:40 AM IST
सार

अमित शाह ने कहा कि वर्ष 2017 में हुए उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस की एक बड़ी महिला नेता ने कहा था कि अगर वे भ्रष्टाचार में संलिप्त हैं, तो कोई जांच क्यों नहीं हुई। वह हमसे सवाल कर रही थीं। अब जब कार्रवाई की जा रही है तो वे हंगामा कर रहे हैं।

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Amit Shah said CBI, ED working impartially; most cases being probed registered during UPA time
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह। - फोटो : ANI (फाइल फोटो)

विस्तार

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को जोर देकर कहा कि केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) जैसी एजेंसियां निष्पक्ष रूप से काम कर रही हैं और केवल दो को छोड़ अधिकतर जांच किए जा रहे मामले पूर्ववर्ती संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार के दौरान दर्ज की गई थी। शाह ने नई दिल्ली में आयोजित एक मीडिया संस्थान के कार्यक्रम में कहा कि जांच एजेंसियां जो भी कर रही हैं, उसे अदालतों में चुनौती दी जा सकती है।

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उन्होंने कहा, वर्ष 2017 में हुए उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस की एक बड़ी महिला नेता ने कहा था कि अगर वे भ्रष्टाचार में संलिप्त हैं, तो कोई जांच क्यों नहीं हुई। वह हमसे सवाल कर रही थीं। अब जब कार्रवाई की जा रही है तो वे हंगामा कर रहे हैं। केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि ये जांच एजेंसिया कानून से ऊपर नहीं हैं और किसी भी नोटिस, प्राथमिकी और आरोपपत्र को अदालतों में चुनौती दी जा सकती है।
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उन्होंने कहा, अदालत जाने के बजाय वे क्यों बाहर चिल्ला रहे हैं। मैं जनता से पूछना चाहता हूं कि अगर किसी के खिलाफ कोई भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं, तो क्या उसकी जांच नहीं होनी चाहिए। केवल दो को छोड़कर ये सभी मामले उनके शासन के दौरान दर्ज किए गए थे न कि हमारी सरकार के दौरान। शाह ने कहा कि जब कांग्रेस नीत संप्रग सरकार के 10 साल के शासन के दौरान 12 लाख करोड़ रुपये के घोटाले के आरोप लगे थे, तब सरकार ने स्थिति को शांत करने के लिए सीबीआई के माध्यम से मामला दर्ज किया था।उन्होंने कहा कि अगर कोई मनी लॉन्ड्रिंग का मामला है, तो ईडी इसकी जांच करने के लिए बाध्य है।
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इन आरोपों के बारे में पूछे जाने पर कि जांच एजेंसियां विपक्षी नेताओं को निशाना बना रही हैं। गृह मंत्री ने पूछा, उन्हें अदालत में जाने से कौन रोक रहा है। उनकी पार्टी में हमसे अच्छे वकील हैं। उन्होंने कहा, जांच एजेंसियां निष्पक्ष रूप से काम कर रही हैं। मैं सभी को बताना चाहता हूं कि आप कानून का पालन करें, यही एकमात्र रास्ता है।

अडाणी समूह के खिलाफ जांच के सवाल पर शाह ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने सेवानिवृत्त न्यायाधीशों की दो सदस्यीय समिति गठित की है और सभी को उनके पास जाकर जो भी सबूत हैं, उन्हें जमा कराना चाहिए। उन्होंने कहा, अगर गलत हुआ है तो किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। सभी को न्यायिक प्रक्रिया में विश्वास रखना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोगों को बेबुनियाद आरोप नहीं लगाने चाहिए क्योंकि वे लंबे समय तक नहीं टिकते।

पीएम मोदी के कारण ही लाल चौक पर राहुल फहरा सके तिरंगा : शाह

केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वजह से ही श्रीनगर में लाल चौक पर तिरंगा फहरा सके। प्रधानमंत्री ने पिछले नौ वर्ष के दौरान लोगों के दिलों में उम्मीद पैदा की है। उन्होंने विश्वास का संचार किया है कि स्वतंत्रता की शताब्दी के समय भारत दुनिया का नंबर एक राष्ट्र बन जाएगा।

केंद्रीय गृृह मंत्री ने एक मीडिया संस्थान के कार्यक्रम में कहा, आज कश्मीर में निवेश आ रहा है। एक साल में 1.80 करोड़ पर्यटकों के साथ इसने सैलानियों की संख्या के भी रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। सभी तरह की हिंसा में 70 फीसदी की कमी आई है। पहले की तरह पथराव नहीं हो रहा और न ही जुलूस निकाले जा रहे। उन्होंने कहा कि बिहार और झारखंड में वामपंथी उग्रवाद खत्म हो गया है। नक्सली हिंसा कुछ क्षेत्रों तक सिमट गई है।

विपक्ष बातचीत के लिए आए तो संसद का गतिरोध दूर हो सकता है: अमित शाह
अमित शाह ने शुक्रवार को कहा कि अगर विपक्ष बातचीत के लिए आगे आए तो संसद में जारी मौजूदा गतिरोध को दूर किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि अगर विपक्ष दो कदम आगे बढ़ाए तो सरकार उससे भी दो कदम आगे बढ़ेगी। शाह ने मीडिया कॉन्क्लेव कहा कि ऐसे कई मुद्दें हैं, जो राजनीति से ऊपर है और यहां तक कि पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने भी विदेशी धरती पर घरेलू राजनीति पर चर्चा करने से इनकार कर दिया था।

शाह ने कहा, दोनों पक्ष लोकसभा अध्यक्ष के साथ बैठे और चर्चा करें। उन्हें दो कदम आगे आना चाहिए और हम उससे भी दो कदम आगे बढ़ाएंगे। तब संसद चलेगी, लेकिन आप केवल संवाददाता सम्मेलन कीजिए और कुछ न कीजिए, ऐसे नहीं चल सकता। केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा कि संसदीय प्रणाली केवल सत्ता पक्ष या केवल विपक्ष से नहीं चल सकती क्योंकि दोनों को एक-दूसरे से बात करनी होती है।

उन्होंने कहा कि हमारी पहल के बावजूद विपक्ष की ओर से बातचीत का प्रस्ताव नहीं आया, तो हम किससे बात करें? वे मीडिया से बातचीत कर रहे हैं। वे नारेबाजी कर रहे हैं कि संसद में बोलने की आजादी होनी चाहिए। संसद में बोलने की पूरी आजादी है। आपको बात करने से कोई नहीं रोक रहा। हालांकि, शाह ने कहा कि सभी को नियमों का पालन करना चाहिए और उन्मुक्त नहीं होना चाहिए और सभी को नियमावली पढ़नी चाहिए और उन्हें समझना चाहिए।

शाह ने कहा, संसद में बहस नियमों के तहत होती है। आप सड़क चलते व्यक्ति की तरह संसद में नहीं बोल सकते। अगर उनको इन मूल बातों की जानकारी नहीं है तो हम क्या कर सकते हैं। शाह ने दो घटनाओं का हवाला देते हुए कहा कि इंदिरा गांधी आपातकाल के बाद इंग्लैंड गई थीं और उस वक्त शाह आयोग का गठन हुआ था और इंदिरा गांधी को जेल में डालने का प्रयास किया गया था।

उन्होंने इंदिरा गांधी को उद्धृत करते हुए कहा, उस समय कुछ पत्रकारों ने (इंग्लैंड में) उनसे सवाल किया था कि उनका देश कैसा चल रहा है। जिसपर उन्होंने कहा था कि हमारे बीच कुछ समस्याएं हैं, लेकिन मैं उनपर यहां कुछ नहीं कहना चाहती। मेरा देश ठीक चल रहा है। मैं कुछ भी अपने देश के बारे में नहीं कहूंगी। यहां मैं एक भारतीय हूं।

गृह मंत्री ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी विपक्ष में थे और संयुक्त राष्ट्र में कश्मीर पर चर्चा होनी थी। उन्होंने कहा कि उस समय सत्ता में कांग्रेस की सरकार थी और यह पहली और आखिरी बार था कि भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व विपक्षी नेता वाजपेयी कर रहे थे, क्योंकि यह कश्मीर पर चर्चा थी। उन्होंने कहा, यह विश्वास... कुछ ऐसे मुद्दे हैं जो राजनीति से जुड़े हैं। मेरा मानना है कि सभी को इस परंपरा का पालन करना चाहिए।

शाह ने पूछा, क्या हमें विदेश में जाकर भारत के बारे में आरोप लगाने चाहिए और क्या हमें दूसरे देशों की संसद में जाकर भारत के बारे में टिप्पणी करनी चाहिए? मुझे विश्वास है कि कांग्रेस को इसका जवाब देना होगा।

पीएम मानते हैं देश के संसाधनों पर सबका हक : पीएम मोदी का मानना है कि देश के संसाधनों पर हर भारतीय का हक है। उनका सिद्धांत हर भारतीय के जीवन स्तर को उठाना है। उन्होंने कहा कि नए भारत की आंतरिक सुरक्षा की नीतियां स्पष्ट हैं और इस सिद्धांत पर टिकी हैं कि दुनिया में कोई भी भारत की सीमा और उसके सशस्त्र बलों के साथ कोई शरारत नहीं कर सकता है।

2024 में लगातार तीसरी बार पीएम बनेंगे नरेंद्र मोदी: अमित शाह

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि भाजपा नीत राजग 2024 में फिर से सरकार बनाएगी और नरेंद्र मोदी लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री बनेंगे। शाह ने यह भी कहा कि मोदी सरकार के सत्ता में आने के बाद तीन अहम मुद्दों- जम्मू कश्मीर, पूर्वोत्तर और नक्सली समस्या का मोटे तौर पर समाधान कर दिया गया है। गृह मंत्री ने कहा कि पाकिस्तान में घुसकर सर्जिकल स्ट्राइक करने के बाद भी कोई विदेशी ताकत ने देश के आतंरिक मामलों में हस्तक्षेप करने की हिम्मत नहीं की।

उन्होंने कहा, लोग तय करेंगे कि देश का अगला प्रधानमंत्री कौन होगा। मैंने देश के हर हिस्से का दौरा किया है और यह महसूस किया है कि फिर से भाजपा सरकार बनाएगी और मोदी लगातार तीसरी बार प्रधानमंत्री बनेंगे। शाह ने कहा कि 1970 के दशक के बाद से यह पहली बार होगा जब किसी प्रधानमंत्री को लगातार तीसरी बार जनता का जनादेश मिलेगा।

2024 के आम चुनावों में एनडीए को कितनी सीटें मिलेंगी, इस बारे में पूछे जाने पर गृह मंत्री ने कहा कि यह 2019 से अधिक होगी। उन्होंने कहा, हमें (भाजपा को) 303 से अधिक सीटें मिलेंगी। गौरतलब है कि 2019 के आम चुनाव में भाजपा को 303 सीटें मिली थीं और एनडीए को कुल 543 लोकसभा सीटों में से 350 से ज्यादा सीटें मिली थीं।

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