अमर उजाला पोल : अत्यधिक अंकों से छात्र-छात्राओं को कॉलेज में दाखिले में होती है दिक्कत
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हाल ही में देश के प्रमुख परीक्षा बोर्ड के रिजल्ट जारी हुए हैं। परिणामों में अंकों की बरसात हुई है। छात्र-छात्राओं को 99 फीसद से भी अंत प्राप्त हुए हैं। इस तरह का मूल्यांकन छात्र-छात्राओं के आत्मविश्वास को बढ़ाता तो है लेकिन कई सवाल भी खड़े करता है। इन सवालों में एक बड़ा सवाल यह भी है कि अंकों से भरी मार्कशीट लेकर जब छात्र-छात्राएं उच्च शिक्षा के लिए ऐसे संस्थानों में जाते हैं जहां प्रवेश किसी परीक्षा के आधार पर नहीं बल्कि मेरिट के आधार पर मिलता है, तो ऐसे कई प्रतिभाशाली छात्र-छात्राएं जिनके अंक उतने अच्छे नहीं हैं, प्रवेश पाने से चूक जाते हैं।
इसी को लेकर अमर उजाला ने अपने पाठकों से सवाल पूछा था कि क्या अत्यधिक अंकों से कॉलेज में दाखिले के समय छात्र-छात्राओं को मुश्किलों का सामना करना पड़ता है? इसके जवाब में कुल 3089 वोट पड़े। इनमें 79.80 फीसदी लोगों ने कहा कि अधिक अंक से छात्र-छात्राओं को कॉलेज में दाखिले के समय दिक्कत होती है। वहीं, 20.20 फीसदी लोगों का मानना है कि अधिक अंकों की वजह से छात्र-छात्राओं को कॉलेज में दाखिले में कोई समस्या नहीं होती।