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अहमद पटेल के निधन पर सोनिया गांधी बोलीं- मैंने ऐसा दोस्त खोया, जिसकी जगह कोई नहीं ले सकता
Wed, 25 Nov 2020 08:29 AM IST
अनवर अंसारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अनवर अंसारी
Updated Wed, 25 Nov 2020 08:29 AM IST
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अहमद पटेल-सोनिया गांधी (फाइल फोटो)
- फोटो : PTI
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अहमद पटेल का आज तड़के निधन हो गया है। पटेल को कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के करीबी नेताओं में गिना जाता था। पटेल के निधन पर सोनिया गांधी ने कहा, 'पटेल एक ऐसे कामरेड, निष्ठावान सहयोगी और मित्र थे जिनकी जगह कोई नहीं ले सकता। उनका पूरा जीवन कांग्रेस को समर्पित था।'
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सोनिया गांधी ने एक शोक संदेश में कहा, 'श्री अहमद पटेल के जाने से मैंने एक ऐसा सहयोगी खो दिया है, जिनका पूरा जीवन कांग्रेस पार्टी को समर्पित था। उनकी निष्ठा और समर्पण, अपने कर्तव्य के प्रति उनकी प्रतिबद्धता, मदद के लिए हमेशा मौजूद रहना और उनकी शालीनता कुछ ऐसी खूबियां थीं, जो उन्हें दूसरों से अलग बनाती थीं।'
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कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, 'मैंने ऐसा कॉमरेड, निष्ठावान सहयोगी और मित्र खो दिया जिनकी जगह कोई नहीं ले सकता। मैं उनके निधन पर शोक प्रकट करती हूं और उनके परिवार के प्रति गहरी संवेदना प्रकट करती हूं।'
पटेल कांग्रेस के स्तंभ थे जो मुश्किल दौर में पार्टी के साथ खड़े रहे : राहुलCongress President Smt Sonia Gandhi’s condolence message on the demise of Shri Ahmed Patel. pic.twitter.com/JiOwjr3j1n
— Congress (@INCIndia) November 25, 2020
वहीं कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने अहमद पटेल के निधन पर दुख प्रकट करते हुए कहा कि पटेल एक ऐसे स्तंभ थे जो सबसे मुश्किल दौर में भी पार्टी के साथ खड़े रहे। पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने दुख जताते हुए कहा कि पटेल की कांग्रेस के प्रति प्रतिबद्धता और सेवा असीमित थी।
राहुल गांधी ने ट्वीट किया, 'यह दुख का दिन है। श्री अहमद पटेल कांग्रेस पार्टी के स्तंभ थे। उन्होंने कांग्रेस को जिया और सबसे मुश्किल दौरे में पार्टी के साथ खड़े रहे। वह बहुत बड़ी पूंजी थे। हम उनकी कमी महसूस करेंगे। फैसल, मुमताज और परिवार के प्रति मेरा स्नेह और संवेदना है।'
प्रियंका ने ट्वीट किया, 'अहमद पटेल जी के पूरे परिवार खासकर मुमताज और फैसल के प्रति मेरी गहरी संवेदना है। कांग्रेस पार्टी के प्रति आपके पिता की सेवा और प्रतिबद्धता असीमित थी। हम सभी उनकी कमी बहुत महसूस करेंगे। मैं कामना करती हूं कि आप लोगों को यह दुख सहन करने की शक्ति मिले।'
कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने कहा, 'निशब्द.. जिन्हें हर छोटा बड़ा, दोस्त, साथी..विरोधी भी...एक ही नाम से सम्मान देते थे- ‘अहमद भाई’! वो जिन्होंने सदा निष्ठा व कर्तव्य निभाया, वो जिन्होंने सदा पार्टी को ही परिवार माना, वो जिन्होंने सदा राजनीतिक लकीरें मिटा दिलों पर छाप छोड़ी, अब भी विश्वास नहीं..अलविदा अहमद जी।'
बेटे ने ट्वीट कर दी निधन की जानकारी
गौरतलब है कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अहमद पटेल का निधन हो गया है। उनके पुत्र फैसल पटेल ने ट्वीट कर ये जानकारी दी है। कोरोना संक्रमित होने के बाद वह कई दिनों से गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती थे।
उनके बेटे फैसल पटेल ने लिखा, 'बहुत दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि मेरे पिता अहमद पटेल का निधन 25 नवंबर को तड़के 3.30 बजे हो गया। करीब महीने भर पहले वह कोरोना से संक्रमित पाए गए थे। इसके बाद से उनकी हालत बिगड़ती गई और शरीर के कई अंगों ने काम करना बंद कर दिया। मैं सभी शुभचिंतकों से प्रार्थना करता हूं कि वे कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन करें और भीड़ न करें व सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखें।'
मेदांता अस्पताल में चल रहा था इलाज
बता दें कि अहमद पटेल को तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पटेल अक्तूबर के पहले सप्ताह में कोरोना वायरस से संक्रमित हुए थे। हालांकि 18 नवंबर को अहमद पटेल की पुत्री ने कहा था कि उनके पिता की सेहत में थोड़ा सुधार हुआ है। पटेल की पुत्री मुमताज ने एक ऑडियो संदेश के माध्यम से यह जानकारी दी थी।
तीन बार लोकसभा सांसद और पांच बार राज्यसभा सांसद रहे
गुजरात के भरूच जिले के अंकलेश्वर में पैदा हुए पटेल तीन बार लोकसभा सांसद और पांच बार राज्यसभा सांसद रह चुके थे। पटेल ने अपना पहला चुनाव 1977 में भरूच से लड़ा था, जिसमें वो 62,879 वोटों से जीते। 1980 में उन्होंने फिर यहीं से चुनाव लड़ा और इस बार 82,844 वोटों से जीते थे। 1984 के अपने तीसरे लोकसभा चुनाव में उन्होंने 1,23,069 वोटों से जीत दर्ज की थी। 1993 से अहमद राज्यसभा सांसद थे और 2001 से सोनिया गांधी के राजनीतिक सलाहकार भी थे।