{"_id":"66bf06b03d6b985b490dfcda","slug":"after-kolkata-hospital-assault-murder-case-against-woman-doctor-health-ministry-issues-guidelines-for-security-2024-08-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"WB Case: 'डॉक्टरों से हिंसा हुई तो अस्पताल के हेड जिम्मेदार, छह घंटे में FIR जरूरी', केंद्र के नए निर्देश जारी","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
WB Case: 'डॉक्टरों से हिंसा हुई तो अस्पताल के हेड जिम्मेदार, छह घंटे में FIR जरूरी', केंद्र के नए निर्देश जारी
सार
आज ही केंद्र सरकार के द्वारा एक आदेश जारी कर दिया गया है जिसके अंतर्गत स्वास्थ्य कर्मियों के साथ किसी भी प्रकार की हिंसा होने पर मेडिकल कॉलेज के प्रमुख के द्वारा तत्काल इसकी सूचना पुलिस को देना अनिवार्य होगा।
विज्ञापन
स्वास्थ्य मंत्रालय के दिशा-निर्देश।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कोलकाता डॉक्टर दुष्कर्म-हत्याकांड में डॉक्टरों का गुस्सा उफान पर है। पूरे देश में डॉक्टर और नर्सो ने हड़ताल कर दी है, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं चरमरा गई हैं। हड़ताली डॉक्टरों की मांग है कि केंद्र सरकार सभी स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करे। इस दिशा में बेहद महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए केंद्र सरकार ने शुक्रवार को एक आदेश जारी किया है कि किसी डॉक्टर के साथ किसी प्रकार की हिंसा होती है, तो इसके लिए मेडिकल कॉलेज या अस्पताल के हेड जिम्मेदार होंगे। आदेश में कहा गया है कि स्वास्थ्य कर्मियों के साथ किसी भी प्रकार की हिंसा होने पर घटना की 6 घंटे के अंदर एफआईआर दर्ज करवाई जाए। ऐसा न होने पर मेडिकल कॉलेज के प्रमुख के खिलाफ कार्रवाई भी की जा सकती है।
दरअसल, हड़ताली डॉक्टरों की यह सबसे प्रमुख मांग थी कि केंद्र सरकार उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक कानून पास करे। उनके अनुसार आए दिन कहीं न कहीं डॉक्टरों के साथ मारपीट की जाती रहती है। उनके जानमाल के साथ खिलवाड़ किया जाता है। ऐसे में डॉक्टरों की मांग थी कि एक कानून के जरिए केंद्र सरकार पूरे देश में डॉक्टरों की सुरक्षा के लिए उचित कानून बनाए। हड़ताली डॉक्टरों ने इसके लिए केंद्र सरकार और स्वास्थ्य मंत्री को पत्र भी लिखा था।
केंद्र सरकार ने डॉक्टरों का साथ देने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की बात कही थी। हालांकि, अभी स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा के लिए कोई कानून लाने की बात तो नहीं कही गई है, लेकिन आज ही केंद्र सरकार के द्वारा एक आदेश जारी कर दिया गया है जिसके अंतर्गत स्वास्थ्य कर्मियों के साथ किसी भी प्रकार की हिंसा होने पर मेडिकल कॉलेज के प्रमुख के द्वारा तत्काल इसकी सूचना पुलिस को देना अनिवार्य होगा और घटना की एफआईआर दर्ज कराना भी आवश्यक होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
दरअसल, हड़ताली डॉक्टरों की यह सबसे प्रमुख मांग थी कि केंद्र सरकार उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक कानून पास करे। उनके अनुसार आए दिन कहीं न कहीं डॉक्टरों के साथ मारपीट की जाती रहती है। उनके जानमाल के साथ खिलवाड़ किया जाता है। ऐसे में डॉक्टरों की मांग थी कि एक कानून के जरिए केंद्र सरकार पूरे देश में डॉक्टरों की सुरक्षा के लिए उचित कानून बनाए। हड़ताली डॉक्टरों ने इसके लिए केंद्र सरकार और स्वास्थ्य मंत्री को पत्र भी लिखा था।
विज्ञापन
केंद्र सरकार ने डॉक्टरों का साथ देने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की बात कही थी। हालांकि, अभी स्वास्थ्यकर्मियों की सुरक्षा के लिए कोई कानून लाने की बात तो नहीं कही गई है, लेकिन आज ही केंद्र सरकार के द्वारा एक आदेश जारी कर दिया गया है जिसके अंतर्गत स्वास्थ्य कर्मियों के साथ किसी भी प्रकार की हिंसा होने पर मेडिकल कॉलेज के प्रमुख के द्वारा तत्काल इसकी सूचना पुलिस को देना अनिवार्य होगा और घटना की एफआईआर दर्ज कराना भी आवश्यक होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News apps, iOS Hindi News apps और Amarujala Hindi News apps अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन