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मां और भगवान के समान है गाय- बोले हैदराबाद हाईकोर्ट के जज
amarujala.com- Presented by: अनंत पालीवाल
Updated Sat, 10 Jun 2017 10:21 AM IST
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Cow
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राजस्थान हाईकोर्ट के पूर्व जज के बाद अब हैदराबाद हाईकोर्ट के एक जज भी गाय के समर्थन में आ गए हैं। शुक्रवार को हैदराबाद हाईकोर्ट के जज जस्टिस बी शिवा शंकर राव ने एक गौवंश ट्रेडर की याचिका को निरस्त करते हुए कहा कि गाय का दर्जा मां और भगवान के समान है।
इससे पहले राजस्थान हाईकोर्ट के रिटायर हो चुके जज ने गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग की थी।
राव ने बकरीद के अवसर पर काटने के लिए जा रही है 63 गाय और 2 भैंसों को सीज करने के राज्य सरकार के फैसले को निरस्त करते हुए यह कहा। इसके साथ ही जज ने तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के उन पशु चिकित्सकों पर भी कार्रवाई करने का आदेश दिया जो स्वस्थ पशुओं को फर्जी तरीके से बीमार घोषित कर देते हैं।
कोर्ट ने कहा कि ऐसे चिकित्सकों को आंध्र प्रदेश गौहत्या एक्ट के तहत लाये जाने के लिए कानून में संशोधन किया जाए। इसके साथ ऐसा करने वाले डॉक्टरों को बेल न मिले इसका भी कानून में प्रावधान किया जाए।
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आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में उन पशुओं को काटने पर किसी तरह की रोक नहीं है जो कि बीमार हैं या फिर बूढ़े हो चुके हैं।
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इससे पहले राजस्थान हाईकोर्ट के रिटायर हो चुके जज ने गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग की थी।
राव ने बकरीद के अवसर पर काटने के लिए जा रही है 63 गाय और 2 भैंसों को सीज करने के राज्य सरकार के फैसले को निरस्त करते हुए यह कहा। इसके साथ ही जज ने तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के उन पशु चिकित्सकों पर भी कार्रवाई करने का आदेश दिया जो स्वस्थ पशुओं को फर्जी तरीके से बीमार घोषित कर देते हैं।
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कोर्ट ने कहा कि ऐसे चिकित्सकों को आंध्र प्रदेश गौहत्या एक्ट के तहत लाये जाने के लिए कानून में संशोधन किया जाए। इसके साथ ऐसा करने वाले डॉक्टरों को बेल न मिले इसका भी कानून में प्रावधान किया जाए।
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आंध्र प्रदेश और तेलंगाना में उन पशुओं को काटने पर किसी तरह की रोक नहीं है जो कि बीमार हैं या फिर बूढ़े हो चुके हैं।