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केरल: हिंदू त्योहार के दौरान अभिनेता से नेता बने भाजपा सांसद के लोगों ने छुए पैर, विवादों में आए
Thu, 14 Apr 2022 04:59 PM IST
Amit Mandal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, त्रिशूर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, त्रिशूर
Published by: Amit Mandal
Updated Thu, 14 Apr 2022 04:59 PM IST
सार
हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार, बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को कैनीट्टम के रूप में एक छोटी राशि दी जाती है। इसी रस्म को लेकर पैर छूने को लेकर सांसद विवादों में हैं।
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Suresh Gopi
- फोटो : social media
विस्तार
'विशु कैनीट्टम' देने की प्राचीन प्रथा ने अभिनेता से नेता बने और भाजपा सांसद सुरेश गोपी को केरल में एक विवाद में ला दिया है। नेटिजन्स ने एक वीडियो को लेकर उनकी आलोचना की थी जिसमें उन्हें एक कार में बैठे हुए पैसे बांटते और लोगों को उनके पैर छूते हुए देखा गया था। यह वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल हो गया।
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हिंदू रीति-रिवाजों के अनुसार, बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को कैनीट्टम के रूप में एक छोटी राशि दी जाती है, इस आशीर्वाद के साथ कि फसल उत्सव विशु के हिस्से के रूप में धन बढ़ेगा। यह हर साल 15 अप्रैल को पड़ता है। राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता अभिनेता, जिनका राज्यसभा सांसद के रूप में कार्यकाल इस महीने के अंत में समाप्त होगा, उन्होंने इस सप्ताह के शुरू में त्रिशूर में एक सामूहिक 'विशु कैनीट्टम' वितरण अभियान का आयोजन किया था।
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भाजपा कार्यकर्ताओं के अलावा उन्होंने जिले भर के बच्चों और बुजुर्गों सहित जीवन के विभिन्न क्षेत्रों के लोगों को 'कैनेट्टम' के रूप में एक रुपये का नोट भी बांटा। विवादास्पद वीडियो में गोपी को कार में बैठे हुए पैसे बांटते हुए देखा जा सकता है, जबकि महिलाओं सहित लोग उनके कैनेट्टम को स्वीकार करने के लिए उनके सामने कतार में खड़े हैं।
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इनमें से कई को पैसे लेने के बाद उनका आशीर्वाद लेने के लिए उनके पैर छूते देखा जा सकता है। अभिनेता से सांसद बने गोपी को सोशल मीडिया पर आलोचना का सामना करना पड़ा क्योंकि कई नेटिजन्स ने कहा कि लोगों, विशेषकर महिलाओं को उनके पैर छूने की अनुमति देना सही नहीं है। हालांकि गोपी का समर्थन करने वालों ने कहा कि कैनीट्टम को स्वीकार करने के बाद पैर छूना भी हिंदू रीति-रिवाजों का हिस्सा है।