{"_id":"61183ca7532bba5dd45c5b82","slug":"75th-indian-independence-day-2021-lk-advani-says-essence-of-indian-democracy-is-respect-for-diversity-and-freedom-of-expression","type":"story","status":"publish","title_hn":"लालकृष्ण आडवाणी ने कहा: भारतीय लोकतंत्र का सार विविधता व अभिव्यवक्ति की स्वतंत्रता के लिए सम्मान","category":{"title":"India News","title_hn":"देश","slug":"india-news"}}
लालकृष्ण आडवाणी ने कहा: भारतीय लोकतंत्र का सार विविधता व अभिव्यवक्ति की स्वतंत्रता के लिए सम्मान
Sun, 15 Aug 2021 03:29 AM IST
देव कश्यप
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: देव कश्यप
Updated Sun, 15 Aug 2021 03:29 AM IST
सार
- भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने स्वतंत्रता दिवस की थीम ‘राष्ट्र पहले, हमेशा पहले’ की सराहना की
विज्ञापन
भारतीय स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं: भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी
- फोटो : PTI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने शनिवार को कहा कि भारतीय लोकतंत्र का सार विविधता और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के लिए सम्मान है। उन्होंने कामना की कि सभी लोग सामूहिक रूप से इस महत्वपूर्ण लोकतांत्रिक घटक को मजबूत करने का प्रयास करें।
विज्ञापन
भारत के 75 वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर एक बयान में पूर्व उप प्रधानमंत्री ने स्वतंत्रता दिवस की थीम ‘राष्ट्र पहले, हमेशा पहले’ की सराहना की। आडवाणी ने कहा, मैं इस प्रतिध्वनि को अपने स्वयं के जीवन के मार्गदर्शक सिद्धांत और भाजपा के राष्ट्र पहले, पार्टी आगे, स्वयं अंतिम के साथ महसूस करता हूं।
विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 14 अगस्त को विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के रूप में मनाने की घोषणा पर 93 वर्षीय नेता ने कहा, 1947 में स्वतंत्रता की विजय विभाजन की त्रासदी के साथ थी। कराची में जन्मे नेता ने कहा कि खुद इसका शिकार होने के बाद वह उस शारीरिक और भावनात्मक आघात को याद करते हैं, जो इस त्रासदी के कारण सीमा के दोनों ओर विस्थापित लोगों को हुआ था।
विज्ञापन
आडवाणी ने कहा कि भारत कई चुनौतियों के बावजूद समृद्ध और मजबूत राष्ट्र के रूप में विकसित हुआ है। इसकी वैश्विक छाप उल्लेखनीय रूप से बढ़ी है क्योंकि दुनिया अर्थव्यवस्था में तेजी लाने से लेकर जलवायु परिवर्तन दायित्वों को पूरा करने तक कई दबाव वाली चुनौतियों पर काबू पाने के लिए नेतृत्व की तलाश कर रही है। उन्होंने कहा, यह मेरा दृढ़ विश्वास रहा है कि भारतीय लोकतंत्र का सार विविधता और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के लिए सम्मान है। इसी की वजह से भारत एक सफल लोकतंत्र बना है।
इसलिए यह मेरी हार्दिक इच्छा है कि हम सभी इस महत्वपूर्ण लोकतांत्रिक घटक को मजबूत करने के लिए सामूहिक प्रयास करें। उन्होंने लोगों को बधाई देते हुए स्वतंत्रता संग्राम के सैकड़ों शहीदों और नायकों की पवित्र स्मृति को भी सम्मानजनक श्रद्धांजलि दी।