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इस बार गणतंत्र दिवस परेड में 25 हजार दर्शकों को ही मंजूरी
Thu, 31 Dec 2020 04:03 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, नई दिल्ली।
एजेंसी, नई दिल्ली।
Published by: Jeet Kumar
Updated Thu, 31 Dec 2020 04:03 AM IST
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गणतंत्र दिवस परेड
- फोटो : Ravi Batra
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अगले महीने 26 जनवरी को राजपथ पर होने वाले गणतंत्र दिवस समारोह में कोरोना महामारी के चलते काफी बदलाव दिखेंगे। पिछले साल की तुलना में इस बार परेड में शामिल मार्चिंग दस्तों की संख्या कम होगी।
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वहीं, परेड की दूरी कम होने के साथ ही दर्शकों की संख्या भी सीमित होगी। इल बार 25 हजार दर्शक ही परेड देख पाएंगे, जबकि आमतौर पर यह संख्या एक लाख के करीब होती है।
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नवंबर से करीब दो हजार सैनिक गणतंत्र दिवस और सेना दिवस के लिए दिल्ली पहुंच चुके हैं, जिन्हें सेफ बबल में रखा गया है। कैंट एरिया में सेफ बबल बनाया गया है।
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इसी प्रकार परेड में हिस्सा लेने वाली टुकड़ियों के आकार में भी कटौती की जाएगी। अमूमन एक टुकड़ी में 144 कर्मी रहते हैं, लेकिन इस बार 96 सदस्यों की टुकड़ी की ही अनुमति होगी।
परेड की दूरी भी कम की जाएगी। यह विजय चौक से शुरू होगी और लाल किला तक जाने के बजाए नेशनल स्टेडियम तक ही जाएगी।
गणतंत्र दिवस और सेना दिवस परेडों के लिए 2,000 से ज्यादा सैन्यकर्मी नवंबर के अंतिम दिनों में दिल्ली पहुंच गए और संक्रमण से बाचाव के मद्देनजर उन्हें सुरक्षित माहौल में रखा गया है।
हर साल लोगों में परेड देखने के लिए भारी उत्साह होता है। पूरे देश से लोग खास तौर पर परेड देखने दिल्ली आते हैं। लेकिन इस बार इस पर कोरोना वायरस की मार पड़ी है।
बोरिस जॉनसन गणतंत्र दिवस पर मुख्य अतिथि होंगे
इस बार ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन गणतंत्र दिवस पर मुख्य अतिथि होंगे। समारोह में 15 साल से कम के बच्चों को प्रवेश नहीं मिलेगा। मार्चिंग दस्तों में 144 की जगह 96 जवान ही होंगे। परेड विजय चौक से शुरू होकर लालकिला की बजाय नेशनल स्टेडियम पर खत्म होगी।
ब्रिटिश प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन पहले भी भारत आने की इच्छा जता चुके थे और कई बार भारतीय संस्कृति की तारीफ भी कर चुके हैं। जब जॉनसन को कोरोना हुआ था तो प्रधानमंत्री मोदी ने फोन पर उनका हालचाल जाना था।
कोरोना के खिलाफ दोनों ही देश बहुत मजबूती से लड़ रहे हैं। ब्रिटेन में फाइजर और बायोएनटेक की कोरोना वायरस वैक्सीन को मंजूरी दे दी गई है।