बाढ़ से हाहाकार: असम, बिहार में मरने वालों का आंकड़ा पहुंचा करीब 150
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आपदा प्रबंधन विभाग से बुधवार को प्राप्त जानकारी के मुताबिक, बिहार के 12 जिलों - शिवहर, सीतामढ़ी, मुजफ्फरपुर, पूर्वी चंपारण, मधुबनी, दरभंगा, सहरसा, सुपौल, किशनगंज, अररिया, पूर्णिया और कटिहार में अब तक 92 लोगों की मौत हुई है जबकि 45 लाख 40 हजार से अधिक की आबादी प्रभावित हुई है।
केंद्रीय जल आयोग से प्राप्त जानकारी के मुताबिक, बिहार की कई नदियां - गंडक, बूढी गंडक, बागमती, अधवारा समूह, कमला बलान, कोसी, महानंदा और परमान नदी - विभिन्न स्थानों पर आज सुबह खतरे के निशान से ऊपर बह रही थीं। राहत एवं बचाव कार्य के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की कुल 26 टीमें तैनात की गई हैं तथा 125 मोटरबोट का इस्तेमाल किया जा रहा है।
बाढ़ प्रभावित इन 12 जिलों में कुल 130 राहत शिविर चलाए जा रहे हैं जहां एक लाख 13 हजार से अधिक लोग शरण लिए हुए हैं और उनके भोजन की व्यवस्था के लिए 1119 सामुदायिक रसोई चलाई जा रही हैं।
असम में 47 की मौत
उत्तर-पूर्वी राज्य असम की बात करें तो यहां बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 47 हो गई है और करीब 54 लाख लोग विस्थापित हुए हैं।काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान और पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य पानी में डूबे हुए हैं और ब्रह्मपुत्र तथा इसकी सहायक नदियां गुवाहाटी समेत कई स्थानों में खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं।
#AssamFloods: Water level of Brahmaputra river recedes marginally in Guwahati. Vipul Gandhiya, Inland Water Transport, Section Officer, Guwahati Kachamari Ferry Service, says, “Water is still 45-50 cm above danger level. Water level has gone approximately 38-40 cm down today.” pic.twitter.com/RilH86aqDQ
— ANI (@ANI) July 19, 2019
Indian Army: A large scale Flood Relief Operation is being carried out in flood-hit areas of Lower Assam by Indian Army Troops since 11 June 2019. In the last six days, a total of 488 civilians have been evacuated along with relief to 450 civilians. pic.twitter.com/TfVrx4id1f
— ANI (@ANI) July 19, 2019
उत्तर और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में भारी बारिश हुई है। घग्गर नदी का बांध टूटने के कारण पंजाब के संगरूर जिले में सेना को बुलाया गया। इसके कारण 2000 एकड़ कृषि भूमि डूब गई और बाढ़ के खतरे के डर से निकटवर्ती गांव के लोग सुरक्षित स्थानों पर चले गए।
दिल्ली में रातभर हुई बारिश के कारण न्यूनतम तापमान बृहस्पतिवार सुबह मौसम के औसत से तीन डिग्री सेल्सियस कम 23.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बारिश के कारण तापमान के साथ प्रदूषण स्तर में भी कमी आई। सुबह हुई बारिश ने कई रास्तों पर यातायात की गति धीमी कर दी। कुछ निचले इलाकों में जलभराव की खबरें मिली हैं।
सफदरजंग वेधशाला के अनुसार, पिछले 24 घंटे 12.1 मिमी. बारिश हुई। पालम, आयानगर, रिज और लोधी रोड वेधशालाओं ने क्रमश: 61 मिमी, 38.8 मिमी, 18.2 मिमी और 18 मिमी बारिश दर्ज की।