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Fact Check: 2024 में कांवड़ियों द्वारा ई-रिक्शा तोड़े जाने के वीडियो को अभी का बताकर किया जा रहा शेयर

Sat, 12 Jul 2025 07:25 PM IST
संध्या फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला
फैक्ट चेक डेस्क, अमर उजाला Published by: संध्या Updated Sat, 12 Jul 2025 07:25 PM IST
सार

Fact Check: सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया जा रहा है। इस वीडियो में दिख रहा है कि कुछ लोग इ-रिक्शा को तोड़ रहे हैं। वीडियो शेयर करके दावा किया जा रहा है कि कावड़ियों ने पुलिस के डर के बिना सड़क पर रिक्शे को डंडों से तोड़ दिया। हमारी पड़ताल में यह वीडियो 2024 का निकला है।  

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old video of e-rickshaws being broken by kanwariyas  shared as a recent video
फैक्ट चेक - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

सावन के शुरू होने के साथ ही कावड़ यात्रा का भी आरंभ हो गया है। लोग कावड़ यात्रा में शामिल हो रहे हैं। इस बीच सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर किया जा रहा है। वीडियो में दिख रहा है कि कुछ लोग एक ई-रिक्शा में तोड़फोड़ करते हुए नजर आ रहे हैं। इस वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि कुछ कावड़ियों ने रोड पर गुंडों की तरह ई-रिक्शा को भी तोड़ दिया है। इन कांवड़ियों को पुलिस से भी डर नहीं लगता है। बिना किसी के डर के ये लोग सड़क पर हुड़दंग कर रहे हैं। 

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अमर उजाला ने अपनी पड़ताल में इस दावे को गलत पाया है। हमारी पड़ताल में यह पता चला कि वीडियो 2024 की कांवड़ यात्रा के दौरान का है। पुराने वीडियो को अभी का बताकर शेयर करके भ्रामक दावा किया जा रहा है। 

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  क्या है दावा 
वीडियो को शेयर करके दावा किया जा रहा है कि कावड़ यात्रा के शुरू होने के बाद कुछ कांवड़ियों को हुड़दंग करते हुए देखा जा सकता है। कावड़ियों में पुलिस का डर नहीं होने का भी दावा किया जा रहा है। 
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रितेश देशमुख (parody) @Deshmukh_0 नाम के एक एक्स यूजर ने इस वीडियो को शेयर करके लिखा “देखिए कितने सभी सज्जन शंकर संन्यासी पवित्र मन से कांवड़ यात्रा पर निकले है। ये इतना अच्छा कार्य कर रहे है की पुलिस वाले भी डर के कारण इन्हें रोक नहीं पा रहे है। शायद रोडो पर ऐसे गुंडई और तोड़ फोड़ करने से भगवान शिव खुश हो जाएंगे।” पोस्ट का लिंक और आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। 

  
  इस तरह के कई और दावों के लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। इसके आर्काइव लिंक आप यहां और यहां देख सकते हैं। 

पड़ताल 

इस दावे की पड़ताल करने के लिए हमने वीडियो के कीफ्रेम्स को गूगल रिवर्स इमेज पर सर्च किया। यहां हमें डेकन हेराल्ड की 24 जुलाई 2024 की पीटीआई के हवाले से एक रिपोर्ट मिली। इस रिपोर्ट में वायरल हो रहे विजुअल मौजूद थे। इस रिपोर्ट में बताया गया था “हरिद्वार के मंगलौर में बुधवार को कुछ कांवड़ियों ने एक ई-रिक्शा में तोड़फोड़ की और उसके चालक की पिटाई कर दी। पीटीआई के अनुसार, यह झड़प तब हुई जब ई-रिक्शा ने कांवड़ यात्रा के दौरान सड़क पर चल रहे एक कांवड़िये को गलती से टक्कर मार दी। इस झड़प में कोई घायल नहीं हुआ।” 

आगे पड़ताल करने पर हमें एबीपी न्यूज़ की 24 जुलाई 2024 की रिपोर्ट मिली। इस रिपोर्ट में बताया गया था “उत्तराखंड के रुड़की में मंगलवार शाम 23 जुलाई को कांवड़ियों ने जमकर बवाल काटा। यहां कांवड़ियों ने ई-रिक्शा के चालक को तो सबसे पहले जमकर पीटा फिर उसके रिक्शा को लाठी डंडे से तोड़ डाला। इस दौरान पुलिस कांवड़ियों को समझाती रही, लेकिन उन्होंने पुलिसवालों की एक न सुनी और वह बेबाक रिक्शा को तोड़ते रहे और अपनी मनमानी करते रहे। इस मारपीट में ई-रिक्शा चालक बुरी तरह घायल हो गया, जिसके बाद उसे हॉस्पिटल में भर्ती करवाया गया।”

  

आगे हमें पीटीआई का एक्स पोस्ट मिला। इस वीडियो को पीटीआई ने 24 जुलाई 2024 को पोस्ट किया था। पोस्ट में लिखा गया था “हरिद्वार के मंगलौर में कुछ कांवड़ियों ने एक ई-रिक्शा में तोड़फोड़ की और उसके चालक की पिटाई कर दी। यह घटना तब हुई जब ई-रिक्शा ने गलती से सड़क किनारे खड़े एक कांवड़िये को टक्कर मार दी, हालांकि इस घटना में किसी के घायल होने की खबर नहीं है।” 
 

आगे हमें इस मामले में हरिद्वार पुलिस का बयान भी मिला। हरिद्वार के एसएसपी प्रमोद डोभाल ने बताया था “ई-रिक्शा चालक संजय कुमार गलती से एक भोले (तीर्थयात्री) से टकरा गया, जिससे कांवड़ का कोई टुकड़ा नहीं टूटा। इसके बावजूद, तीर्थयात्री ने अन्य लोगों के साथ मिलकर उनके साथ मारपीट की और उनके ई-रिक्शा में तोड़फोड़ की। हरिद्वार के एसएसपी प्रमोद डोभाल ने बताया, "पुलिस ने घटना का संज्ञान लिया है और मामला दर्ज कर लिया गया है।"

 

  पड़ताल का नतीजा 
 हमारी पड़ताल में यह साफ है कि 2024 की पुरानी घटना को इस वर्ष हो रही कावड़ यात्रा से जोड़कर शेयर किया जा रहा है। 
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