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Hindi News ›   Education ›   Now Indian universities and colleges will be able to open campuses abroad

खुशखबरी: अब भारतीय विश्वविद्यालय और कॉलेज विदेश में खोल सकेंगे कैंपस

Sun, 28 Mar 2021 07:06 AM IST
Jeet Kumar अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।
अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली। Published by: Jeet Kumar Updated Sun, 28 Mar 2021 07:06 AM IST
सार

  •  विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने आईओई वाली डीम्ड यूनिवर्सिटी को दी आजादी, बहुविषयक डिग्री प्रोग्राम की पढ़ाई 

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Now Indian universities and colleges will be able to open campuses abroad
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया

विस्तार

अब भारतीय विश्वविद्यालय और उच्च शिक्षण संस्थान विदेश में भी अपना कैंपस खोल सकेंगे। इसमें इंस्टीट्यूट ऑफ एमिनेंस (आईओई)का दर्जा पाने वाली डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी शामिल हैं। ऐसे संस्थान ऑनलाइन पाठ्यक्रम के साथ डिग्री की पढ़ाई भी करवा सकेंगे।

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इसके अलावा डिस्टेंस मोड से पढ़ाई करवाने की भी आजादी होगी। ऐसे संस्थान स्नातकोत्तर व रिसर्च प्रोग्राम में पांच सौ छात्र रख सकेंगे। वहीं, बहुविषयक डिग्री प्रोग्राम में कम से कम  पांच स्नातकोत्तर प्रोग्राम की पढ़ाई की आजादी होगी। 
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यूजीसी  की ओर से संशोधित यूजीसी रेगुलेशन (आईओई डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी) 2021 को तत्काल प्रभाव से लागू करने की अधिसूचना जारी कर दी गई है। इंस्टीट्यूट ऑफ एमिनेंस के तहत  यूजीसी का पहला ऐसा रेगुलेशन होगा, जोकि डीम्ड टू बी यूनिवर्सिटी में लागू होगा। ऐसे संस्थान भारत के अंदर एक साल में एक ऑफ कैंपस और पांच साल में तीन ऑफ कैंपस खोल सकेंगे। 
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10 छात्रों पर एक शिक्षक से गुणवत्ता में सुधार
पहले पांच साल तक ऐसे कैंपस में 20 छात्रों पर एक शिक्षक होगा। लेकिन बाद में 10 छात्रों पर एक शिक्षक होगा। इसका मकसद शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार करना है। जोकि अंतर्राष्ट्रीय छात्र-शिक्षक अनुपात से अधिक होगा।


इसके अलावा 60 फीसदी नियमित शिक्षकों की भर्ती अनिवार्य होगी। इसमें देशी-विदेशी शिक्षक शामिल हो सकते हैं। संस्थान महज 40 फीसदी शिक्षक ही कांट्रेक्ट पर रख  सकेंगे। नियमित शिक्षक होने के चलते गुणवत्ता, शोध में सुधार होगा।

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