Kamya Mishra: 22 की उम्र में बनीं आईपीएस, 28 में छोड़ी वर्दी; जानें बिहार की लेडी सिंघम काम्या मिश्रा की कहानी
IPS Kamya Mishra: बिहार कैडर की तेजतर्रार आईपीएस अधिकारी काम्या मिश्रा, जिन्होंने महज 22 साल की उम्र में यूपीएससी पास कर आईपीएस बनने का गौरव हासिल किया था, ने अब अपनी नौकरी से इस्तीफा दे दिया है। उनके इस्तीफे को राष्ट्रपति द्वारा मंजूरी दे दी गई है। आइए जानते हैं मशहूर और काबिल आईपीएस ऑफिसर की कहानी...
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Success Story: बिहार कैडर की मशहूर आईपीएस अधिकारी काम्या मिश्रा, जिन्हें "बिहार की लेडी सिंघम" के नाम से जाना जाता है, ने 28 साल की उम्र में अपने पद से इस्तीफा दे दिया। उन्होंने पिछले साल अगस्त में ही इस्तीफा दे दिया था और लंबे समय तक छुट्टी पर रहीं। अब राष्ट्रपति द्वारा उनके इस्तीफे को मंजूरी दे दी गई है।
काम्या मिश्रा बेहद प्रतिभाशाली हैं, क्योंकि उन्होंने महज 22 साल की उम्र में यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा पास कर ली थी। आज हम आपको उनके शिक्षा, करियर और जीवन से जुड़ी रोचक बातें बताएंगे।
लेडी श्री राम कॉलेज से की पढ़ाई
काम्या मिश्रा ने दिल्ली यूनिवर्सिटी के प्रतिष्ठित लेडी श्री राम कॉलेज से ग्रेजुएशन किया था। इसके बाद उन्होंने 2019 में अपने पहले ही प्रयास में UPSC सिविल सेवा परीक्षा पास कर ली थी। पढ़ाई में अव्वल रही काम्या ने 12वीं में 98% अंक हासिल किए थे। शुरुआत में उन्हें हिमाचल कैडर दिया गया था, लेकिन बाद में उनका बिहार कैडर में ट्रांसफर हो गया। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, काम्या ने निजी कारणों से नौकरी छोड़ने का फैसला लिया।
काम्या मिश्रा ने साल 2021 में आईपीएस अवधेश सरोज से जयपुर में शादी की थी। अवधेश सरोज आईआईटी बॉम्बे से ग्रेजुएट हैं और वर्तमान में बिहार में पोस्टेड हैं।
अगस्त महीने में दिया था इस्तीफा
5 अगस्त 2024 को आईपीएस अधिकारी काम्या मिश्रा के इस्तीफे की सूचना सामने आई थी। 'अमर उजाला' ने इस खबर की पुष्टि के लिए उनसे बात की, और उन्होंने कॉल पर अपने इस्तीफे की पुष्टि की थी। हालांकि, जब उनसे कारण पूछा गया, तो उन्होंने इसे निजी-पारिवारिक बताया।
बिहार में 'लेडी सिंघम' के नाम से मशहूर
काम्या मिश्रा बिहार में लेडी सिंघम के नाम से चर्चित हुई थीं। साल 2024 में पूर्व मंत्री मुकेश सहनी के पिता जीतनराम हत्याकांड मामले में उन्होंने बड़े खुलासे किए थे, जिसके बाद वह सुर्खियों में आईं। उनकी तेजतर्रार छवि और न्यायप्रिय कार्यशैली ने उन्हें जनता के बीच लोकप्रिय बना दिया।
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