{"_id":"61e1efd8eed1b75c275ab5e9","slug":"one-month-old-infected-baby-discharged-from-hospital","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिल्ली : एक माह के संक्रमित शिशु को अस्पताल से मिली छुट्टी, डिस्चार्ज के वक्त सब भावुक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिल्ली : एक माह के संक्रमित शिशु को अस्पताल से मिली छुट्टी, डिस्चार्ज के वक्त सब भावुक
Sat, 15 Jan 2022 04:10 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Sat, 15 Jan 2022 04:10 AM IST
सार
अस्पताल की वरिष्ठ डॉ. प्रीति चड्डा बताती हैं कि डॉक्टर-मरीज के बीच काफी गहरा रिश्ता होता है। मगर बालक मरीजों से ज्यादा जुड़ाव हो जाता है। कोई बच्चा स्वस्थ होकर अपने घर जाता है तो डॉक्टर को उतनी ही खुशी होती है जितनी कि उसके मां-पिता को। भले ही यह हमारी दिनचर्या में शामिल हो, लेकिन चार से पांच दिन किसी बच्चे की देखभाल करना, उसे प्यार देना और उसके साथ रहने से अपनेपन जैसा जुड़ाव हो जाता है।
विज्ञापन
अस्पताल में बच्चा...
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अस्पताल के एनआईसीयू में बेड पर लेटा मासूम हंसता मुस्कराता खेलता दिखाई दे रहा है। वहां मौजूद महिला स्वास्थ्य कर्मी पीपीई किट से पैक। डबल एन-95 मास्क और सफेद रंग का चश्मा लगाए है। वह बड़े प्यार से उस मासूम को सहलाने के साथ खेल भी रही हैं।
विज्ञापन
यह दृश्य दिल्ली के मूलचंद अस्पताल का है जहां शुक्रवार को एक माह के कोरोना संक्रमित शिशु को स्वस्थ घोषित करने के बाद छुट्टी दी गई। यह शिशु पिछले सप्ताह ही अस्पताल में भर्ती हुआ था।
विज्ञापन
अस्पताल की वरिष्ठ डॉ. प्रीति चड्डा बताती हैं कि डॉक्टर-मरीज के बीच काफी गहरा रिश्ता होता है। मगर बालक मरीजों से ज्यादा जुड़ाव हो जाता है। कोई बच्चा स्वस्थ होकर अपने घर जाता है तो डॉक्टर को उतनी ही खुशी होती है जितनी कि उसके मां-पिता को। भले ही यह हमारी दिनचर्या में शामिल हो, लेकिन चार से पांच दिन किसी बच्चे की देखभाल करना, उसे प्यार देना और उसके साथ रहने से अपनेपन जैसा जुड़ाव हो जाता है।
विज्ञापन
डॉ. चड्डा ने बताया कि शुक्रवार को उनके अस्पताल से एक माह के कोविड संक्रमित शिशु के ठीक होने पर छुट्टी दी गई है। डॉ. चड्डा ने बताया कि उनके यहां रोजाना बुखार और गले में खराश से पीड़ित बच्चे पहुंच रहे हैं। चूंकि उनमें हल्के लक्षण दिखाई देते हैं, इसलिए जांच कराने के साथ उन्हें होम आइसोलेशन में इलाज की सलाह दी जाती है।
उन्होंने बताया कि यह शिशु एक महीने का है। बीते दो दिन से यह काफी चिड़चिड़ाने रहा था। एक दिन तो दूध का सेवन भी इसने कम किया। जांच करने पर बच्चे को बुखार था। दाहिना कान बहने के साथ जलन हो रही थी। रैपिड एंटीजन जांच में बच्चा पॉजिटिव निकला। इससे बच्चे को एनआईसीयू में भर्ती किया। चार दिन तक अस्पताल में रहने के बाद ठीक हुआ है।