फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Jitendra Gogi murder case was hatched 10 days ago in Mandoli jail

रोहिणी कोर्ट शूटआउट में चौंकाने वाला खुलासा: 10 दिन पहले ही रच ली गई थी मंडोली जेल में जितेंद्र गोगी हत्याकांड की साजिश

Mon, 27 Sep 2021 10:01 AM IST
शाहरुख खान शुजात आलम, अमर उजाला, नई दिल्ली
शुजात आलम, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शाहरुख खान Updated Mon, 27 Sep 2021 10:01 AM IST
सार

मंडोली जेल में जितेंद्र मान उर्फ गोगी हत्याकांड की साजिश 10 दिन पहले ही रच ली गई थी। 15 सितंबर को टिल्लू ताजपुरिया के गुर्गे जेल में मिलने गए थे। वहीं पर टिल्लू ने हत्याकांड का पूरा प्लान बताया था। 

विज्ञापन
Jitendra Gogi murder case was hatched 10 days ago in Mandoli jail
रोहिणी कोर्ट में शूटआउट - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

राजधानी दिल्ली की रोहिणी कोर्ट में जज के सामने ही टॉप मोस्ट गैंगस्टर जितेंद्र मान उर्फ गोगी हत्याकांड की पटकथा 10 दिन पहले ही मंडोली जेल में लिख ली गई थी। 15 सितंबर को टिल्लू ताजपुरिया से मिलने उसके गुर्गे मंडोली जेल में पहुंचे थे। वहां टिल्लू ने अपने लड़कों को गोगी की हत्या का प्लान बताया था। टिल्लू के कहने पर ही प्लान को अंजाम तक पहुंचाने के लिए लगातार चार दिन कोर्ट की रैकी कर पांचवे दिन वारदात को अंजाम दे दिया गया। 
विज्ञापन


अदालत के सभी गेट पर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया गया। इसके बाद फैसला हुआ कि गेट नंबर-4 से अंदर दाखिल होकर वकील के कपड़ों में कोर्ट रूम में पहुंचा जाएगा। हुआ भी ऐसा ही बदमाश अपने मकसद में कामयाब हुए और इन्होंने योजना के तहत गोगी की हत्या कर दी। पुलिस सूत्रों का कहना है कि गोगी की हत्या के बाद विरोधी टिल्लू खेमे में खुशी का माहौल है। पिछले कई सालों से टिल्लू लगातार गोगी की हत्या की योजना ही बना रहा था।
विज्ञापन


पुलिस सूत्रों का कहना है कि 15 सितंबर को मंडोली जेल में टिल्लू से मिलने के लिए उमंग और विनय के अलावा कुछ और भी लोग थे। वहां मुलाकात के दौरान टिल्लू ने इनको अपना प्लान समझाया। योजना के तहत शूटरों के रुकने की व्यवस्था उमंग ने अपने घर में की। यहां से रोहिणी कोर्ट ढाई से तीन किलोमीटर के बीच है। ऐसे में यहां से आना-जाना आसान था। 
विज्ञापन
विज्ञापन


20 सितंबर के बाद उमंग, विनय, राहुल और जगदीप लगातार 3 से 4 घंटे कोर्ट की रैकी कर रहे थे। इनको पता था कि अदालत के कमरा नंबर-207 में ही गोगी की पेशी होनी है। गोगी किसी भी सूरत में जिंदा न रहे, इसलिए शूटरों को आदेश था कि वह दोनों ओर से गोगी पर फायर करें। सब कुछ साजिश के तहत हुआ। घटना वाले दिन उमंग शूटर राहुल व जगदीप को लेकर कोर्ट के गेट नंबर-4 से ही दाखिल हुआ। काफी देर वह पार्किंग में ही मौजूद रहा। जब कोर्ट रूम में गोलियां चलने की आवाज आई तो उमंग वहां से भाग निकला और सीधा अपने घर पहुंचा।

छानबीन के दौरान पुलिस को जेल से भी कुछ सबूत मिले हैं। वहीं हत्याकांड के बाद कोर्ट परिसर से मिली सीसीटीवी फुटेज भी धुंधली हैं। पुलिस का कहना है कि बाकी अन्य जगहों से मिली सीसीटीवी कैमरों की फुटेज में आरोपी आते-जाते समय कैद मिले हैं। उसके आधार पर मामले की जांच की जा रही है। पकड़े गए आरोपी उमंग और विनय से रिमांड पर लेकर और राज उगलवाने के प्रयास किए जा रहे हैं।

 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed