{"_id":"63a23742c559f670142cf070","slug":"jammu-kashmir-future-of-children-roaming-on-the-streets-will-be-safe-government-made-a-policy","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu Kashmir : सड़कों पर घूमने वाले बच्चों का भविष्य होगा सुरक्षित, सरकार ने बनाई नीति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu Kashmir : सड़कों पर घूमने वाले बच्चों का भविष्य होगा सुरक्षित, सरकार ने बनाई नीति
Wed, 21 Dec 2022 03:59 AM IST
दुष्यंत शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
Published by: दुष्यंत शर्मा
Updated Wed, 21 Dec 2022 03:59 AM IST
विज्ञापन
एलजी मनोज सिन्हा
- फोटो : संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू-कश्मीर में समाज कल्याण बोर्ड को समाप्त कर दिया गया है। इसके साथ ही सड़कों पर घूमने वाले बच्चों के पुनर्वास के लिए नीति भी घोषित की गई है। यह फैसला उप राज्यपाल मनोज सिन्हा की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई प्रशासनिक परिषद की बैठक में लिया गया। सरकार की ओर से बनाई गई इस नीति का लाभ सड़कों पर घूम रहे 687 बच्चों को मिलेगा और उनका भविष्य सुरक्षित होगा।
विज्ञापन
बाल न्याय अधिनियम के तहत सड़क पर घूमने वाले बच्चों को संरक्षण की जरूरत है। ऐसे बच्चों को सशक्त बनाना सरकार की जिम्मेदारी है। समाज कल्याण विभाग के मिशन वात्सल्य की ओर से ऐसे बच्चों को चिह्नित करने का अभियान शुरू किया गया और ऐसे 687 बच्चों को चिह्नित किया गया।
विज्ञापन
स्वास्थ्य, स्कूल शिक्षा, आवास, ग्रामीण विकास, गृह, श्रम व रोजगार विभाग को जिम्मेदारी दी गई है कि वह बच्चों के कल्याण की दिशा में काम करें। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में गठित समिति इन बच्चों की देखभाल करेगी। समाज कल्याण विभाग ही नियमित रूप से निगरानी के लिए जिम्मेदार होगा। साथ ही ऐसे पाए जाने वाले बच्चों के सुरक्षित भविष्य के लिए भी काम करेगा।
विज्ञापन