अचानक आया पानी, स्कूटी समेत बही महिला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड मे कुंभीचौड़-रामपुर-कोटड़ीढांग मार्ग पर सड़क पर तेज पानी आने से एक महिला स्कूटी समेत बह गई। लोगों ने किसी तरह से महिला को बचा लिया, लेकिन स्कूटी बह गई। ग्रामीणों ने क्षेत्र के सभी रपटों पर पुलिया बनाने की मांग की है।
जानकारी के अनुसार 18 जुलाई शाम को कोटड़ीढांग निवासी विक्रम सिंह की पुत्र वधू सुजाता नेगी स्कूटी से घर लौट रही थी। शाम करीब चार बजे जैसे ही वह स्कूटी से कीड़ीसोत पर बना रपटा (सड़क के ऊपर से पानी निकलने का रास्ता) पार कर रही थी, एकाएक पानी बढ़ा गया और महिला को स्कूटी समेत बहा ले गया।
आसपास के लोगों ने किसी तरह से महिला को बचा लिया, लेकिन स्कूटी बह गई। स्कूटी अगले दिन काफी दूर गदेरे में मिली।
जानलेवा साबित हो रहे रपटे
रामपुर निवासी मोहन सिंह रावत का कहना है कि कुंभीचौड़ से लेकर कोटड़ीढांग तक कई रपटे हैं जो बरसात में जानलेवा साबित हो रहे हैं। ऐसी जगह पर पुल का निर्माण किया जाना चाहिए।
उधर, कोटद्वार-चिलरखाल मार्ग पर तेलीसोत नदी में बने रपटे भी बरसात में जान लेवा बने हुए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि किशनपुर-रामदयालपुर के बीच मेन रोड पर बना रपटा खतरनाक हो चुका है। यहां पर कई लोग चोटिल हो चुके हैं।
स्थानीय ग्रामीण मणिराम केष्टवाल, विमल प्रसाद शुक्ला, केशर सिंह नेगी, रमेश नेगी, मोहन चंद्र बडोला का कहना है कि तेलीसोत पर बने सभी रपटों पर पुलिया का निर्माण किया जाना चाहिए।
तेलीस्रोत पर दो पुल मंजूर हैं, उनका निर्माण बरसात के बाद शुरू करा दिया जाएगा। अन्य रपटों पर पुलिया निर्माण का कोई प्रस्ताव नहीं है।
-एलएस रावत, सहायक अभियंता लोनिवि दुगड्डा।