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Dehradun News: सड़क नहीं होने से चार किमी पैदल चलने को ग्रामीण मजबूर
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स्वीकृत मोटर मार्ग पर सर्वेक्षण के साथ जारी हो चुकी धनराशि
रुद्रप्रयाग। अगस्त्यमुनि ब्लॉक के उत्तर्सू गांव सड़क से नहीं जुड़ पाया है। ग्रामीण चार किमी पैदल दूरी तय करने को मजबूर हैं। गांव के लिए चार वर्ष पूर्व स्वीकृत तीन किमी मार्ग के निर्माण के लिए सर्वेक्षण के साथ पहले चरण में 16 लाख रुपये भी जारी हो चुके हैं, लेकिन अभी तक कार्य शुरू नहीं हो पाया है।
उत्तर्सू गांव के लिए वर्ष 2020 में चोपड़ा-डुंगरी-चापड़ मोटर मार्ग से उत्तर्सू गांव के लिए तीन किमी हल्का वाहन मार्ग स्वीकृति किया गया था। लोनिवि प्रांतीय खंड रुद्रप्रयाग द्वारा मार्ग का सर्वेक्षण कर पहले चरण में 500 मीटर सड़क कटान का प्रस्ताव तैयार किया गया, जिसके लिए शासन से 16 लाख भी जारी किए गए। लेकिन कार्य आज तक शुरू नहीं हो पाया है। ग्रामीण पूरण सिंह बिष्ट व धमेंद्र सिंह बिष्ट आदि का कहना है कि सरकारी सिस्टम की उदासीनता से मार्ग अधर में लटका है, जिसका खामियाजा ग्रामीण भुगत रहे हैं। ईई इंद्रजीत बोस ने बताया कि वन अधिनियम से मामला लटका है। संवाद
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रुद्रप्रयाग। अगस्त्यमुनि ब्लॉक के उत्तर्सू गांव सड़क से नहीं जुड़ पाया है। ग्रामीण चार किमी पैदल दूरी तय करने को मजबूर हैं। गांव के लिए चार वर्ष पूर्व स्वीकृत तीन किमी मार्ग के निर्माण के लिए सर्वेक्षण के साथ पहले चरण में 16 लाख रुपये भी जारी हो चुके हैं, लेकिन अभी तक कार्य शुरू नहीं हो पाया है।
उत्तर्सू गांव के लिए वर्ष 2020 में चोपड़ा-डुंगरी-चापड़ मोटर मार्ग से उत्तर्सू गांव के लिए तीन किमी हल्का वाहन मार्ग स्वीकृति किया गया था। लोनिवि प्रांतीय खंड रुद्रप्रयाग द्वारा मार्ग का सर्वेक्षण कर पहले चरण में 500 मीटर सड़क कटान का प्रस्ताव तैयार किया गया, जिसके लिए शासन से 16 लाख भी जारी किए गए। लेकिन कार्य आज तक शुरू नहीं हो पाया है। ग्रामीण पूरण सिंह बिष्ट व धमेंद्र सिंह बिष्ट आदि का कहना है कि सरकारी सिस्टम की उदासीनता से मार्ग अधर में लटका है, जिसका खामियाजा ग्रामीण भुगत रहे हैं। ईई इंद्रजीत बोस ने बताया कि वन अधिनियम से मामला लटका है। संवाद
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