उत्तराखंड: अधिकतर इलाकों में मौसम साफ, गंगोत्री राजमार्ग बंद, यमुनोत्री हाईवे पर मलबे की चपेट में आई कार
Uttarakhand Weather Forecast: गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सुक्खी टॉप के पास मलबा व पत्थर आने के कारण मार्ग अवरुद्ध हो गया। यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सिल्क्यारा ब्रह्मखाल के बीच में अवरुद्ध है। हाईवे खोलने के लिए मशीनें लगाई गईं हैं।
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उत्तराखंड की राजधानी देहरादून सहित राज्य के अधिकतर इलाकों में सोमवार को धूप खिली रही। वहीं मलबा आने से गंगोत्री और यमुनोत्री हाईवे बंद हो गया है। डोईवाला, हरिद्वार और ऋषिकेश में भी मौसम साफ बना हुआ है।
यमुनोत्रीधाम सहित यमुना घाटी में सोमवार तड़के झमाझम बारिश हुई। गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सुक्खी टॉप के पास मलबा व पत्थर आने के कारण मार्ग अवरुद्ध हो गया है। यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग सिल्क्यारा ब्रह्मखाल के बीच में अवरुद्ध हो गया था। जिसे बाद में खोल दिया गया।
भूस्खलन की चपेट में आई कार
वहीं बड़कोट में यमुनोत्री हाईवे पर सिलक्यारा के पास अचानक भूस्खलन हो गया। भूस्खलन की चपेट में एक कार आ गई। वाहन सवार हादसे से बाल-बाल बचे। रुद्रप्रयाग-गौरीकुंड राष्ट्रीय राजमार्ग भटवाड़ीसैंण में अवरूद्ध बना हुआ है।
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नई टिहरी आसपास के क्षेत्रों में सुबह से बादल छाए हैं। चमोली जनपद में नदी घाटियों में कोहरा छाया रहा। बदरीनाथ और मलारी हाईवे पर यातायात सुचारू है।
मकान छोड़ सुरक्षित स्थानों पर गए लोग
लगातार हो रही बारिश से कर्णप्रयाग के बहुगुणानगर और अपर बाजार में भूस्खलन से लोग खौफजदा हैं। बहुगुणानगर में कई लोग मकान छोड़कर सुरक्षित स्थानों पर चले गए हैं। स्थानीय लोगों ने कहा कि हाईवे निर्माण के दौरान अनियोजित कटिंग से पहले उनकी मकानों में दरारें पड़ी और उसके बारिश में भूस्खलन से ज्यादा खतरा बढ़ गया है।
बहुगुणानगर के पंकज डिमरी ने बताया कि ऑलवेदर रोड की कटिंग से बहुगुणानगर मोहल्ले के मकानों में दरारें पड़ी थीं। कई बार प्रशासन से सुरक्षा के उपाय करने और पुनर्वास की मांग की गई, लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया और शनिवार रात को हुई बारिश से उनके मकान के अलावा, हरिराम, धीरज डिमरी, राकेश खंडूड़ी, चंद्रशेखर, दिगंबर नेगी सहित कई लोगों के मकानों को खतरा हो गया है। कहा कि पूरे क्षेत्र के स्कबर बंद होने से पानी की निकासी नहीं हो पा रही है, जिससे भूस्खलन का खतरा बढ़ रहा है।
वहीं, अपर बाजार में रामलीला मैदान से मस्जिद मोहल्ले तक भूस्खलन होने से नवीन डिमरी के मकान का पिछला हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया है। तहसीलदार सुरेंद्र सिंह देव ने कहा कि बहुगुणानगर में चार मकान खतरे की जद हैं। बारिश को देखते हुए संबंधित परिवारों को स्कूल या अन्य सुरक्षित स्थान पर भेजने की व्यवस्था की जा रही है।
रानी पोखरी के पास वैकल्पिक मार्ग भारी वाहनों के लिए खुला
डोईवाला में जाखन नदी में कच्चे काजवे के (वैकल्पिक मार्ग) निर्माण कार्य पूरा हो गया है। रविवार को कॉजवे को भारी वाहनों की आवाजाही के लिए भी खोल दिया गया। हल्के वाहन काजवे से पहले से गुजर रहे थे। मिट्टी बैठने के बाद अगले सप्ताह से काजवे का डामरीकरण किया जाएगा। फिलहाल मार्ग खुलने से ऋषिकेश-दून मार्ग के राहगीरों ने राहत की सांस ली है।
रानीपोखरी में जाखन नदी पर कच्चा काजवे तैयार हो गया है। रानीपोखरी का पुल टूटने के बाद से वैकल्पिक मार्ग का निर्माण कार्य शुरू किया गया था। लोक निर्माण विभाग ने ह्यूम पाइप डालकर काजवे बनाया था।दो बार बारिश के चलते पहले काजवे और फिर पुलिया क्षतिग्रस्त हो गई थी। बीते दो दिनों से विभाग काजवे के निर्माण कार्य में जुटा रहा।
लोनिवि के सहायक अभियंता सतीश कुमार ने बताया कि रविवार दोपहर 3:30 बजे काजवे को हल्के और भारी दोनों वाहनों के लिए खोल दिया। उन्होंने बताया कि एक सप्ताह भर तक यातायात और व्यवस्थाओं की निगरानी होगी। इसके बाद मौसम अनुुकूल होने पर काजवे का डामरीकरण किया जाएगा। अधिशासी अभियंता धीरेन्द्र कुमार ने काजवे का जायजा लिया।