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उत्तराखंड: प्रदेश में फिलहाल नहीं बढ़ेंगी वाहनों के प्रदूषण जांच की दरें
Fri, 27 Nov 2020 02:25 AM IST
अलका त्यागी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Fri, 27 Nov 2020 02:25 AM IST
सार
- यूपी में नए साल से बढ़ोतरी का आदेश जारी होने के बाद उत्तराखंड में भी चल रही थीं चर्चाएं
- फिलहाल 100 रुपये की दर से ही बनेंगे प्रदूषण प्रमाणपत्र
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प्रतीकात्मक तस्वीर
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विस्तार
उत्तराखंड में फिलहाल वाहनों के प्रदूषण जांच की दरें नहीं बढ़ेंगी। उत्तर प्रदेश में नए साल से यह बढ़ोतरी करने के बाद उत्तराखंड में भी इस तरह की चर्चाएं चल रही थीं। परिवहन विभाग ने साफ कर दिया है कि फिलहाल पुरानी दरों पर ही प्रदूषण जांच प्रमाणपत्र बनेंगे।
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दरअसल, उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग ने हाल ही में प्रदूषण जांच की दरों में बढ़ोतरी की है। इसके तहत एक जनवरी 2021 से यूपी में दुपहिया वाहन के लिए 50 रुपये, तीन पहिया व चार पहिया वाहन के लिए 70 रुपये और डीजल से चलने वाले सभी वाहनों की जांच के लिए 100 रुपये देने होंगे। इस फैसले के बाद उत्तराखंड में भी प्रदूषण जांच की दरें बढ़ने की चर्चाएं चल रही थीं।
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उप परिवहन आयुक्त एसके सिंह ने बताया कि फिलहाल प्रदूषण जांच के लिए 100 रुपये की दर तय है। इसमें कोई परिवर्तन नहीं होने जा रहा है। प्रदेश में अभी तक करीब 300 प्रदूषण जांच केंद्र चल रहे हैं, जिनकी निगरानी ऑनलाइन की जाती है। सभी जांच केंद्रों से ऑनलाइन ही प्रदूषण जांच प्रमाणपत्र जारी किया जाता है।
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बढ़ रही प्रदूषण जांच केंद्रों की संख्या
वाहनों के प्रदूषण की जांच अनिवार्य होने के बाद से प्रदूषण जांच केंद्र खुलने का सिलसिला जारी है। पिछले छह महीने में करीब 35 नए जांच केंद्र खोले गए हैं। परिवहन विभाग का कहना है कि सभी मानकों को पूरा करने वाले आवेदनों पर ही विचार किया जाता है ताकि प्रदूषण जांच के किसी भी पैमाने में कोताही न हो।