Uttarakhand: नियमावली में होगा बदलाव...ओला-ऊबर में सफर करना होगा सुरक्षित, ड्राइवरों के लिए भी सुविधाएं
Ola Uber Cabs News: केंद्र सरकार ने मोटर वाहन अधिनियम में जो बदलाव करते हुए ठेका परमिट गाड़ियों की अधिसूचना जारी की थी, उसे राज्य में लागू किया जाना है। पिछले साल नवंबर में हुई एसटीए की बैठक में इस पर मुहर भी लग गई थी।
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ओला, ऊबर जैसी ठेका परमिट गाड़ियों के लिए नियमावली में बदलाव होने जा रहा है। एसटीए बैठक में इस पर मुहर लगी थी, जिसका प्रस्ताव अब वित्त विभाग के पास है। इस पर वित्त मंत्री ने अधिकारियों को वार्ता के लिए बुलाया है। इन बदलावों के लागू होने से सवारियों और ड्राइवरों के लिए कई सुविधाएं हो जाएंगी।
दरअसल, केंद्र सरकार ने मोटर वाहन अधिनियम में जो बदलाव करते हुए ठेका परमिट गाड़ियों की अधिसूचना जारी की थी, उसे राज्य में लागू किया जाना है। पिछले साल नवंबर में हुई एसटीए की बैठक में इस पर मुहर भी लग गई थी। इसका प्रस्ताव परिवहन मुख्यालय से शासन में आने के बाद प्रक्रिया में चल रहा है।
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वित्त से अनुमोदन के बाद इस संशोधन का प्रस्ताव कैबिनेट में लाया जाएगा। परिवहन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, इन बदलावों को लागू करने के बाद जहां ओला, ऊबर में यात्रा करने वालों को सुविधाएं बढ़ जाएंगी तो वहीं ड्राइवरों को भी लाभ होगा।
ये हो सकते हैं बदलाव
एक कार में पूलिंग की सुविधा उन्हीं ग्राहकों को दी जा सकेगी, जिनकी केवाईसी डिटेल कंपनी के पास उपलब्ध होगी। महिला सुरक्षा के मद्देनजर पूलिंग के दौरान अब महिलाओं को सिर्फ महिलाओं के साथ ही पूलिंग का विकल्प दिया जाएगा। ड्राइवर को 80 प्रतिशत किराया मिलेगा, जबकि कंपनियों के पास 20 प्रतिशत ही किराया जाएगा।
कैंसिलेशन फीस को कुल किराए का 10 प्रतिशत किया गया है, जो राइडर और ड्राइवर दोनों के लिए 100 रुपये से अधिक नहीं होगा। कंपनी को यह सुनिश्चित करना होगा कि हर ड्राइवर को कम से कम पांच लाख रुपये का हेल्थ बीमा उपलब्ध हो, जो हर साल पांच प्रतिशत की दर से बढ़ाया जाए। हर ड्राइवर को 10 लाख का टर्म इंश्योरेंस देने का भी प्रावधान किया जा रहा है। कंपनियों को साल में दो बार ड्राइवर के लिए ट्रेनिंग कोर्स कराना होगा। कंपनी के साथ जुड़ने वाले हर नए ड्राइवर को पांच दिन की अनिवार्य ट्रेनिंग देनी होगी। ताकि वह सवारियों को सुरक्षित सफर करा सकें।