उत्तराखंड: बवाल के बाद भाजपा ने की प्रदेश प्रवक्ता की छुट्टी
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मंडल अध्यक्षों के चुनाव को लेकर पिछले एक पखवाड़े से भाजपा में चल रहे घमासान के बाद अब कार्रवाई का दौर भी शुरू हो गया है। विगत 13 अक्तूबर को हुई घटना के मद्देनजर प्रदेश अध्यक्ष तीरथ सिंह रावत ने प्रदेश प्रवक्ता पद से प्रकाश सुमन ध्यानी की तत्काल प्रभाव से छुट्टी कर दी है। साथ ही मीडिया में पार्टी की तरफ से किसी भी मुद्दे पर बयान देने पर भी प्रतिबंध लगा दिया है।
हरिद्वार में आयोजित जिला चुनाव अधिकारियों की बैठक के बाद प्रदेश अध्यक्ष तीरथ सिंह रावत व प्रदेश प्रभारी श्याम जाजू के बीच हुई मंत्रणा के बाद यह फैसला लिया गया।
प्रदेश अध्यक्ष ने उक्त घटना में प्रथम दृष्टया प्रकाश सुमन ध्यानी को दोषी मानकर ये कार्रवाई की। उन पर किसी भी चैनल या अखबार में बयान देने या किसी बहस में हिस्सा लेने पर भी प्रतिबंध लगा दिया है।
प्रदेश महामंत्री से झगड़े के बाद हुई थी पार्टी की फजीहत
विगत 13 अक्तूबर को यह झगड़ा धर्मपुर ग्रामीण मंडल के अध्यक्ष को लेकर हुआ था। दरअसल, चर्चा यह थी कि जिसे 80 वोट मिले उसे हरा दिया और जिसे तीन वोट मिले उसे अध्यक्ष घोषित कर दिया।
इसे लेकर प्रकाश सुमन ध्यानी का प्रदेश महामंत्री (संगठन) संजय कुमार के साथ झगड़ा हुआ। पिछले एक पखवाड़े से प्रदेश कार्यालय पर डोईवाला ग्रामीण मंडल को लेकर दो गुटों के बीच चल रहे झगड़े में भी प्रदेश अध्यक्ष ने कार्रवाई करने के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जिन कार्यकर्ताओं ने पार्टी मुख्यालय पर अनुशासनहीनता की है उनके विरुद्ध कार्रवाई होना तय है।
बड़े की गर्दन तक नहीं पहुंचे हाथ
जिस झगड़े में प्रकाश सुमन ध्यानी की कुर्सी गई उसी मामले में प्रदेश संगठन महामंत्री संजय कुमार का कुछ नहीं बिगड़ा। दरअसल, धर्मपुर ग्रामीण मंडल को लेकर झगड़ा हुआ।
कम वोट पाने वाले को अध्यक्ष बनाने पर ध्यानी आक्रोशित हो गए, बाद में नियुक्त किए गए अध्यक्ष को हटा भी दिया। इससे स्पष्ट है कि अध्यक्ष की नियुक्ति गलत हुई थी, लेकिन प्रदेश नेतृत्व ने ध्यानी को पदच्युत कर दिया और संजय कुमार को चेतावनी तक नहीं दी गई।