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'बागबां' की तरह है इस बेसहारा मां की कहानी

Tue, 07 Jun 2016 04:49 PM IST
ब्यूरो / अमर उजाला, रुड़की
ब्यूरो / अमर उजाला, रुड़की Updated Tue, 07 Jun 2016 04:49 PM IST
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son left mother at police kotwali in roorkee
- फोटो : demo pic

बचपन में जिस बेटे को उंगली पकड़कर चलना सिखाया। पढ़ा लिखाकर सरकारी संस्थान में अफसर बनने के काबिल बनाया, वही बेटा 80 साल की बुजुर्ग मां से हाथ छुड़ाकर पत्नी के साथ चलता बना।

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'बागबां' फिल्म की यह रियल कहानी रुड़की कोतवाली में उस वक्त सामने आई, जब बेटे और बहू ने बुजुर्ग मां को साथ रखने से साफ इनकार कर दिया। यह दृश्य देखकर कोतवाली में आम लोगों के साथ-साथ पुलिसकर्मी भी हैरान थे।
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शहर में सब्जी मंडी के पास पत्थर वाली गली निवासी एक बुजुर्ग महिला ने रविवार को पुलिस से गुहार लगाई थी कि उसके बेटे-बहू के घर में उसे शरण दिलाई जाए। पुलिस ने बेटे-बहू को कोतवाली बुलाया, मगर एक बूढ़ी मां को आसरा न मिल सका। पुलिस के जानकारी लेने पर जो कहानी सामने आई, वह बिल्कुल बागबां फिल्म की तरह थी।
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बुजुर्ग महिला के चार बेटों में बड़ा बेटा रुड़की में एक राष्ट्रीय संस्थान में अफसर है। दूसरा बेटा कोटद्वार में अपने परिवार के साथ रहता है। तीसरा बेटा कहने सुनने से बाहर है और सबसे अलग अकेला रहता है, जबकि चौथे बेटे की पत्नी उसे छोड़कर जा चुकी है। वही मां के साथ रहता है।

बेटे-बहू के घर से निकालने पर पुलिस से मांगी मदद

son left mother at police kotwali in roorkee
पु‌लिस - फोटो : Desk

बुजुर्ग मां चाहती थी कि वह शहर में रहने वाले बड़े बेटे व बहू के साथ रहे ताकि हंस बोलकर बुढ़ापा कट जाए। महीना भर छोटे बेटे के घर रहने के बाद उसने मां को वापस रुड़की भेज दिया।

यहां बुजुर्ग को बड़े बेटे और बहू के घर से निकालने पर पुलिस से मदद मांगनी पड़ी। एएसआई गोविंद कुमार के तमाम संस्कार, नैतिकता याद दिलाने के बावजूद बेटा और बहू बुजुर्ग मां को अपने साथ ले जाने को तैयार नहीं हुए। बुजुर्ग मां की आंख से आंसू बह निकले। यह देखकर कोतवाली में जमा लोग भी भावुक हो गए।

सात हजार मिलती है पेंशन
ऐसा नहीं है कि बेटे को मां के गुजर बसर का खर्च उठाना पड़ेगा। बुजुर्ग ने बताया कि उसे सात हजार रुपये पेंशन मिलती है, जबकि खर्च दो हजार रुपये भी नहीं है। वह चाहती थी कि बेटा-बहू पास रहें और उनके साथ समय गुजरता रहे।

बुजुर्ग के एक बेटी भी है। उसकी शादी हो चुकी है, पर उससे भी कोई राहत मां को नहीं मिल पाई। मां ने बताया कि बहू उसके बेटे को प्रताड़ित करने के आरोप में जेल भी भिजवा चुकी है।

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