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Dehradun News: सात अभिभावकों से 5.63 लाख रुपये की ठगी
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कैंट थानाक्षेत्र निवासी सात लोगों से उनके बच्चों को रेलवे में अनुबंध पर नौकरी दिलाने के नाम पर 5.63 लाख रुपये ठग लिए गए। सभी के साथ वर्ष 2021 में अगस्त और सितंबर में ठगी हुई। पुलिस ने आरोपी भारती अधिकारी निवासी 13 पीपल चौक शनि मंदिर काैलागढ़ के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार थानाक्षेत्र निवासी फलक शेर मसीह, तरसेम मसीह, दिग्विजय सिंह रावत, जितेंद्र छाबड़ा, सुखदेव सिंह, शशी मसीह और मीना नेगी के साथ भारती अधिकारी नाम की महिला ने ठगी की। आरोप है कि भारती ने इन लोगों के बच्चों को पहले कोचिंग करवाने, फिर रेलवे के कैटरिंग विभाग में अनुबंध पर नौकरी लगवाने का झांसा दिया। पीड़ित दिग्विजय सिंह रावत ने बताया कि कोरोनाकाल में उनकी भारती अधिकारी से बात हुई थी। उन्होंने उनके बेटे को रेलवे में नौकरी दिलाने की बात कही। महिला ने कहा था कि उसकी सचिवालय के किसी कर्मचारी से जान पहचान है।
झांसे में आकर उन्होंने महिला के खाते में एक लाख रुपये डलवा दिए। कई महीने बीतने के बाद जब उनके बच्चे को कोचिंग नहीं दी गई तो ठगी का अहसास हुआ। जब उन्होंने महिला से पैसे वापस करने की बात कही तो वह उन्हें ही धमकी देने लगी।
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पुलिस के अनुसार महिला के झांसे में आकर अलग-अलग तिथियों में फलक शेर मसीह ने 1.30 लाख, तरसेम मसीह ने 1.08 लाख, जितेंद्र छावड़ा ने 50 हजार, सुखदेव सिंह ने एक लाख, शशी समीह ने 1.25 लाख और मीना नेगी ने 50 हजार रुपये आरोपी के खाते में डलवाए। कैंट थानाध्यक्ष कैलाश चंद भट्ट ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
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पुलिस के अनुसार थानाक्षेत्र निवासी फलक शेर मसीह, तरसेम मसीह, दिग्विजय सिंह रावत, जितेंद्र छाबड़ा, सुखदेव सिंह, शशी मसीह और मीना नेगी के साथ भारती अधिकारी नाम की महिला ने ठगी की। आरोप है कि भारती ने इन लोगों के बच्चों को पहले कोचिंग करवाने, फिर रेलवे के कैटरिंग विभाग में अनुबंध पर नौकरी लगवाने का झांसा दिया। पीड़ित दिग्विजय सिंह रावत ने बताया कि कोरोनाकाल में उनकी भारती अधिकारी से बात हुई थी। उन्होंने उनके बेटे को रेलवे में नौकरी दिलाने की बात कही। महिला ने कहा था कि उसकी सचिवालय के किसी कर्मचारी से जान पहचान है।
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झांसे में आकर उन्होंने महिला के खाते में एक लाख रुपये डलवा दिए। कई महीने बीतने के बाद जब उनके बच्चे को कोचिंग नहीं दी गई तो ठगी का अहसास हुआ। जब उन्होंने महिला से पैसे वापस करने की बात कही तो वह उन्हें ही धमकी देने लगी।
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पुलिस के अनुसार महिला के झांसे में आकर अलग-अलग तिथियों में फलक शेर मसीह ने 1.30 लाख, तरसेम मसीह ने 1.08 लाख, जितेंद्र छावड़ा ने 50 हजार, सुखदेव सिंह ने एक लाख, शशी समीह ने 1.25 लाख और मीना नेगी ने 50 हजार रुपये आरोपी के खाते में डलवाए। कैंट थानाध्यक्ष कैलाश चंद भट्ट ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।