{"_id":"591360ad4f1c1b2d3f850ff8","slug":"ruckus-on-making-videos-in-virasat-2017","type":"story","status":"publish","title_hn":"विरासत में वीडियो बनाने पर हंगामा, अधिकारियों से जमकर हुई हाथापाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विरासत में वीडियो बनाने पर हंगामा, अधिकारियों से जमकर हुई हाथापाई
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
Updated Thu, 11 May 2017 12:19 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विरासत महोत्सव में स्टाल पर सामान के ओवर रेटिंग की वीडियो बनाने को लेकर दुकानदारों और ओएनजीसी और आबकारी विभाग के दो अधिकारियों के बीच हाथापाई हो गई।
विज्ञापन
हंगामा होने पर पुलिस दोनों अधिकारियों को जबरन सरकारी वाहन से कैंट कोतवाली ले आई। गंभीर बात यह है कि पहचान बताने के बाद भी पुलिस ने दोनों अधिकारियों की एक नहीं सुनी। कई घंटे की गहमागहमी के बाद देर रात पुलिस ने सुलह होने का दावा किया है।
विज्ञापन
ओएनजीसी के बीआर अंबेडकर स्टेडियम में चल रहे विरासत सांस्कृतिक महोत्सव में बुधवार शाम ओएनजीसी और आबकारी विभाग के अधिकारी परिवार के साथ घूमने आए थे। महोत्सव में लगे स्टॉल पर सामान की ओवर रेटिंग को लेकर दोनों अधिकारियों ने एतराज जताया।
विज्ञापन
आरोप है कि दुकानदारों ने मोटी रकम देकर स्टॉल लेने की बात कही तो इनमें से एक अधिकारी ने मोबाइल निकालकर रिकार्डिंग शुरू कर दी। इसी बीच एक दुकानदार ने हाथापाई कर उनका मोबाइल छीन लिया। शोर शराबा होने पर ठेकेदार पक्ष से जुड़े लोग आ गए।
शोर-शराबा होने पर वहां हंगामा हो गया। इसी बीच दुकानदारों ने फोन कर पुलिस को बुला लिया। पुलिस दोनों अधिकारियों को जबरन पकड़कर कैंट कोतवाली ले आई। दोनों अधिकारियों के पकड़े जाने की सूचना पर कांग्रेस नेताओं का जमावड़ा लग गया। इन अधिकारियों का ताल्लुक कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता से पारिवारिक जुड़ाव है। इसी बीच पुलिस अधीक्षक नगर अजय सिंह भी कैंट कोतवाली आ गए। काफी देर तक गहमागहमी का दौर चलता रहा।
अधिकारियों का आरोप है कि दारोगा ने गाली-गलौज करते हुए उनके साथ मारपीट की। दूसरे पक्ष को लाने के बजाए उन्हें घसीटकर थाने लाया गया। मामला बढ़ता देख एसपी सिटी ने पीड़ित अधिकारियों के साथ बंद कमरेे में बातचीत की। बातचीत के बाद दोनों अधिकारी अपने परिचितों के साथ वापस लौट गए। अधिकारियों के समर्थन में गए एक जनप्रतिनिधि ने दावा किया कि दारोगा के सॉरी कहने पर यह मामला सुलटा है।
एसपी सिटी अजय सिंह का कहना है कि कुछ गलतफहमी हो गई थी, जो बातचीत से सुलझा ली गई है। हालांकि ओएनजीसी अधिकारी का कहना है कि वह चुप बैठने वाले नहीं है। वह कानूनी राय लेकर आगे की कार्रवाई करेंगे।