बदरीनाथ में रेस्क्यू, 160 यात्रियों को सुरक्षित निकाला
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बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग के खुलने के कोई आसार नजर नहीं आ रहे हैं, इसे देखते हुए रविवार को बदरीनाथ थानाध्यक्ष मुकेश चौहान के नेतृत्व में पुलिस के जवानों ने पैदल रेस्क्यू कर करीब 160 तीर्थयात्रियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया।
इसके बाद इन्हें गंतव्य की ओर भेज दिया गया। इन तीर्थयात्रियों में सात विदेशी तीर्थयात्री भी थे, जिनमें एक कोरिया और छह रशियन थे। यात्री चार दिनों से धाम में फंसे थे।
ये तीर्थयात्री 16 जुलाई की शाम को बदरीनाथ धाम के दर्शन के लिए गए थे लेकिन बदरीनाथ हाईवे लामबगड़ और कंचनगंगा में बंद होने के कारण इन्हें धाम में ही रोक लिया गया था।
सात किमी पैदल चलकर पहुंचे लामबगड़
बीआरओ के जवान हाईवे खोलने में जुटे हुए थे लेकिन लगातार हो रही बारिश के कारण काम बाधित हो रहा था। ऐसे में हाईवे खुलने के आसार न देखते हुए रविवार को पुलिस प्रशासन ने पैदल ही यात्रियों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की ठानी।
उन्होंने पैदल रेस्क्यू कर 160 तीर्थयात्रियों को बदरीनाथ से निकाला। बाद में बैनाकुली तक वाहन में और इसके बाद छह-सात किमी की पैदल दूरी तय कर लामबगड़ पहुंचाया।
बाद में यहां वाहन से गंतव्य की ओर भेज दिया गया। अब बदरीनाथ धाम में स्थानीय निवासियों के साथ करीब पांच तीर्थयात्री हैं, जो पूरे सावन माह धाम में ही रहेंगे।
बारिश ने रोका हाईवे खोलने का काम
गोपेश्वर। रविवार को पांचवें दिन भी लामबगड़ क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश से बदरीनाथ हाईवे नहीं खुल पाया है। लामबगड़ भूस्खलन जोन में चट्टान से लगातार पत्थर छिटक रहे हैं, जिससे बीआरओ के मजदूर और जेसीबी यहां काम नहीं कर पा रहे हैं।
शनिवार रात को हुई भारी बारिश से अलकनंदा का जलस्तर बढ़ जाने से लामबगड़ में एक वर्ष पूर्व निर्मित बलराम ब्रिज को खतरा हो गया है। बीआरओ के मजदूरों ने जेसीबी की मदद से ब्रिज के दोनों छोर पर पत्थरों का भरान कर फिलहाल पुल को नदी के कटाव से रोक लिया है।
डीएम एसए मुरुगेशन ने बताया कि नदी का जलस्तर बढ़ने से पुल के दोनों छोरों पर कटाव शुरू हो गया था। बीआरओ ने यहां पत्थरों का भरान कर लिया है।
हाईवे दुरुस्त होने के बाद ही यात्रा
रविवार को डीएम एसए मुरुगेशन और पुलिस अधीक्षक सुनील कुमार मीणा ने बदरीनाथ हाईवे पर लामबगड़ भूस्खलन जोन का स्थलीय निरीक्षण किया।
डीएम ने बताया कि बारिश बंद होने और हाईवे के दुरुस्त होने के बाद ही बदरीनाथ धाम की तीर्थयात्रा शुरू की जाएगी। रविवार को भी लामबगड़ में बारिश होती रही, जिससे बीआरओ के मजदूर यहां पर काम नहीं कर पाए।
बैनाकुली में करीब सौ मीटर बह गए हाईवे को बनाने के लिए सुबह हिल कटिंग कार्य तो शुरू किया, लेकिन भारी बारिश से काम बाधित होता रहा।