पीएम की रैली की तैयारियों में लगी पुलिस बस ने युवक को रौंदा, मौत
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली की तैयारियों से महिला कांस्टेबलों को लेकर लौट रही पुलिस की बस से कुचलकर भेलकर्मी के बेटे की मौत हो गई। दुर्घटना से गुस्साए लोगों ने हंगामा कर रोशनाबाद-हरिद्वार मार्ग को जाम करने की कोशिश की। लोगों को हटाने के लिए पुलिस को लाठियां भांजनी पड़ीं।
कांग्रेस, भाजपा व बसपा प्रत्याशियों व समर्थकों के घटनास्थल पर पहुंचने से मामला तूल पकड़ गया। बस चालक सहित अन्य पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग को लेकर देर शाम तक घटनास्थल व कोतवाली में भारी भीड़ जमा थी।
रोशनाबाद से सटे आन्नेकी गांव निवासी चंद्रपाल भेल में कार्यरत हैं। उनका बेटा मनीष कुमार (24) बृहस्पतिवार को अपनी बुलेट से किसी काम से भेल रानीपुर आया था। साढ़े तीन बजे मनीष अपनी बुलेट पर पायल सिनेमा के मोड़ पर किसी का इंतजार कर रहा था।
बस के पहिए के साथ घिसटता चला गया
इसी बीच महिला कांस्टेबलों को लेकर लौट रही पुलिस की बस ने रानीपुर कोतवाली की तरफ मुड़ने पर मनीष की बुलेट को टक्कर मार दी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक मनीष बस के अगले पहिए की चपेट में आ गया और काफी दूर तक घिसटता चला गया। गंभीर रूप से घायल मनीष को सीपीयू के वाहन से अस्पताल ले जाने के दौरान ही उसकी मौत हो गई।
मनीष की मौत की सूचना पर बड़ी संख्या में ग्रामीण और भेलकर्मी मौके पर पहुंच गए। लोगों ने पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए रोड जाम करने की कोशिश की।
समर्थकों के साथ घटनास्थल पर पहुंचे प्रत्याशी
धक्का-मुक्की होने पर पुलिस ने लाठियां फटकारते हुए भीड़ को तितर बितर किया। इसी बीच कांग्रेस प्रत्याशी अंबरीष कुमार, विधायक व भाजपा प्रत्याशी आदेश चौहान और बसपा प्रत्याशी प्रशांत राय अपने समर्थकों के साथ घटनास्थल पर पहुंचे।
यहां समर्थकों और पुलिस के बीच नोकझोंक हुई। तीनों प्रत्याशियों ने बारी-बारी से एसपी सिटी प्रमेंद्र डोबाल व सीओ सदर जेपी जुयाल से वार्ता की। देर शाम तक कोतवाली व घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा थी।