आतंकी अबु दुजाना को मारने के बाद चर्चाओं में आया ये अफसर, इनका ऑडियो टेप हुआ लीक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू कश्मीर में लश्कर-ए-तैयबा के खूंखार आतंकी अबु दुजाना को मारने के बाद कर्नल पंकज नौडियाल सुर्खियों में हैं। सेना के अफसरों के साथ इनका ऑडियो संवाद लीक हुआ है। जानिए क्या कहा था इन्होंने...
जम्मू-कश्मीर में लश्कर-ए-तैयबा के खूंखार आतंकी अबु दुजाना को मौत के घाट उतारने वाली 55 राष्ट्रीय राइफल्स की यूनिट के कमाडिंग ऑफिसर कर्नल कमल नौडियाल इस कारनामे के बाद चर्चाओं में हैं। नौडियाल पौड़ी के थलीसैंण ब्लॉक (राठ क्षेत्र) स्थित नौडी आंता खोली गांव के रहने वाले हैं। आतंकी दुजाना को घेरकर मारने की रणनीति नौडियाल के निर्देशन में ही बनाई गई थी।
सोशल मीडिया में इनका एक ऑडियो टेप लीक हुआ है। इसमें कर्नल पंकज नौडियाल सैन्य अधिकारियों से क्या-क्या बात कर रहे हैं। सबकुछ है। आगे जानिए, ऑडियो टेप में हुई बातें...
इस तरह हुआ मिशन अबु दुजाना...
दुजाना से सैन्य अधिकारी की बातचीत का ऑडियो टेप सोशल मीडिया में वायरल हो चुका है। कर्नल नौडियाल के अनुसार, 31 जुलाई से 1 अगस्त के बीच अबु और उसके एक साथी के पुलवामा में एक गांव में आने की खबर मिली। इसके बाद हमने उस घर के मकान मालिक को विश्वास में लिया। फिर पुलवामा पुलिस के साथ पूरे घर को घेर लिया। मकान मालिक ने अपने परिवार की सलामती की शर्त पर दुजाना से फोन पर बात करवा दी।
उन्होंने कहा कि हमने अबु से सरेंडर करने को कहा तो उसने इससे इनकार कर दिया। पर उसने यह जरूर स्वीकारा कि वह इस बड़े खेल में कठपुतली की तरह इस्तेमाल हो रहा है। नौडियाल के मुताबिक इस बातचीत से न केवल पाकिस्तान का चेहरा बेनकाब हुआ, बल्कि कश्मीर की आवाम का सेना पर भरोसा भी बढ़ा है।
बचपन से ही सेना में जाने का था शौक
नौडियाल के रिश्तेदार बालकृष्ण चमोली और राजेश चमोली के अनुसार, बचपन से ही कमल का लक्ष्य सेना में अधिकारी बनना था। कमल के पिता सीताराम नौडियाल पीएनबी में मैनेजर थे। जोशीमठ के ज्योति कॉन्वेंट स्कूल में कक्षा एक से दो और कॉन्वेंट स्कूल श्रीनगर में कक्षा तीन से छठवीं तक पढ़ाई के बाद उनका परिवार दून आ गया। यहां उन्होंने सेंट थॉमस स्कूल से 12वीं की। फिर दिल्ली विवि से बीकॉम के बाद सीडीएस की परीक्षा दी और आईएमए के लिए चयनित हो गए।
नौडियाल पौड़ी के जिस राठ क्षेत्र से ताल्लुक रखते हैं, वह पूरा इलाका सेना के प्रति समर्पित है। नौडी आंता खोली गांव के आसपास सिर्फ सात-आठ किमी के दायरे में ही कई सैन्य अधिकारी हैं। बघेली के 101 वर्षीय कर्नल (सेनि) इंद्र सिंह नेगी, ब्रिगेडियर राजेन्द्र सिंह, डुंगरी के कर्नल बीपी त्रिपाठी, आईएमए कमांडेंट रह चुके लेफ्टिनेंट जनरल गंभीर सिंह नेगी, मंझोली निवासी मेजर हेम चमोली, मेजर प्रकाश चमोली और दरमोली के मेजर मातवर सिंह रावत इनमें शामिल हैं।