उत्तराखंड में वित्तीय संकट टालने के लिए अध्यादेश की सिफारिश
- गृह मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में लिया फैसला।
- इसी अध्यादेश के लिए मंगलवार रात में संसद के बजट सत्र का सत्रावसान हुआ।
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इसके अलावा शत्रु संपत्ति कानून, 1968 में बदलाव के लिए अध्यादेश को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने इस बारे में जनवरी में जारी अध्यादेश को फिर से जारी करने की सिफारिश की है। जनवरी वाले अध्यादेश को अभी तक संसद की मंजूरी नहीं मिली है इसलिए उसे फिर से जारी करना पड़ेगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अनुपस्थिति में केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में ये फैसले लिए गए। बैठक के बाद केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि आज की बैठक में उत्तराखंड की स्थिति पर विचार किया गया। 18 मार्च को उत्तराखंड विधानसभा में बजट पास नहीं हुआ था और न ही विनियोग विधेयक को ही मंजरी मिली थी।
उत्तराखंड की सरकार नहीं निकाल सकती धन
उन्होंने कहा कि कानूनी प्रक्रिया के अभाव में उत्तराखंड की सरकार राज्य के समेकित निधि से धन नहीं निकाल सकती। ऐसे में केंद्रीय कैबिनेट ने राष्ट्रपति से एक अध्यादेश लाने की सिफारिश की है, जिससे कि राज्य सरकार अपने खर्च के लिए धन निकाल सके। इसी अध्यादेश के लिए मंगलवार रात में संसद के बजट सत्र का सत्रावसान कर दिया गया। अब नए सिरे से सत्र बुलाई जाएगी।
प्रसाद ने कहा कि शत्रु संपत्ति कानून में संशोधन को लोकसभा ने मंजूरी दे दी थी लेकिन राज्यसभा ने उसे सेलेक्ट कमेटी के पास भेज दिया। इस कारण इससे संबंधित अध्यादेश को मंजूरी नहीं मिल सकी। ऐसे में इस अध्यादेश को दोबारा जारी करने का फैसला किया गया।