फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Nursing Ekta mach Protesters climb water tank health of several demonstrators including Jyoti Rautela

Dehradun: शासन को भेजा प्रस्ताव, तब बनी बात; 60 घंटे बाद टंकी से उतरे आंदोलनकारी, सभी अस्पताल में भर्ती

Wed, 13 May 2026 12:59 PM IST
Renu Saklani माई सिटी रिपोर्टर, देहरादून
माई सिटी रिपोर्टर, देहरादून Published by: Renu Saklani Updated Wed, 13 May 2026 12:59 PM IST
सार

नर्सिंग एकता मंच के नेतृत्व में करीब 160 दिनों से नर्सिंग बेरोजगार धरना दे रहे थे। जब मांगों को पूरा करने के लिए कोई ठोस आश्वासन नहीं मिला तो उन्होंने आमरण अनशन शुरू कर दिया।

विज्ञापन
Nursing Ekta mach Protesters climb water tank health of several demonstrators including Jyoti Rautela
टंकी पर चढ़े आंदोलनकरी - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

नर्सिंग बेरोजगार 60 घंटे बाद टंकी से नीचे उतरे। इसके बाद उन्हें कोरोनेशन अस्पताल में भर्ती कराया गया। स्वास्थ्य महानिदेशक (डीजी) की ओर से मांग को पूरा करने के प्रस्ताव को शासन में भेजने के बाद बेरोजगारों ने आंदोलन एक महीने के लिए स्थगित कर दिया।

विज्ञापन


नर्सिंग एकता मंच के नेतृत्व में करीब 160 दिनों से नर्सिंग बेरोजगार धरना दे रहे थे। जब मांगों को पूरा करने के लिए कोई ठोस आश्वासन नहीं मिला तो उन्होंने आमरण अनशन शुरू कर दिया। इसके बाद भी कोई समाधान नहीं निकल पाया। बड़ी संख्या में नर्सिंग बेरोजगार गत सोमवार सुबह करीब चार बजे परेड ग्राउंड पहुंच गए। इनमें से चार नर्सिंग बेरोजगार कविता पुंडीर, धर्मेंद्र, विनोद, आनंद पाल और महिला कांग्रेस की प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला परेड ग्राउंड स्थित पानी की टंकी पर चढ़ गईं।
विज्ञापन


इसके बाद स्वास्थ्य मंत्री के साथ कई दौर की वार्ता हुई लेकिन कोई समाधान नहीं निकल पाया। नर्सिंग बेरोजगारों को समर्थन देने के लिए कांग्रेस के अलावा स्वाभिमान मोर्चा, उत्तराखंड समानता पार्टी, यूकेडी और स्वराज सेवा दल के लोग भी पहुंचे। बुधवार को भावना पांडेय ने भी धरना स्थल पहुंचकर समर्थन दिया। सोमवार से मंगलवार हुआ लेकिन कोई बात नहीं बनी। बेरोजगार सिर्फ एक ही मांग पर अड़े हुए थे कि नर्सिंग भर्ती को वर्षवार करने का सरकार शासनादेश जारी करे।
विज्ञापन
विज्ञापन


मंगलवार से बुधवार आ गया लेकिन दोपहर तक कोई बात नहीं बनी। आंदोलनकारियों ने जब आंदोलन को उग्र करने की चेतावनी दी तो स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. सुनीता टम्टा ने शासन को मांग पूरा करने का प्रस्ताव भेजा। इसके बाद दोपहर करीब चार बजे कांग्रेस नेता ज्योति रौतेला और चार अन्य आंदोलनकारी टंकी से नीचे उतरे। इसके बाद उन्हें फौरन कोरोनेशन अस्पताल में भर्ती कराया गया। यहां पर देर रात तक उन्हें चिकित्सकों की निगरानी में रखा गया।

भाजपा का दो दिवसीय प्रशिक्षण वर्ग: बोले सीएम धामी, हर प्रांत के विकास में प्रधानमंत्री का विजन रहा कामयाब

धरना खत्म नहीं स्थगित हुआ है
नर्सिंग एकता मंच के अध्यक्ष नवल पुंडीर ने कहा कि स्वास्थ्य महानिदेशक के लिखित आश्वासन पर धरना एक महीने के लिए स्थगित किया गया है। कागजी कार्यवाही के लिए सरकार को एक महीने का समय दिया गया है। सरकार यह बिल्कुल भी न समझे कि धरना खत्म हुआ है। धरना सिर्फ एक महीने के लिए स्थगित किया गया है। वे सभी अपनी मांगों को पूरा करवाने के बाद ही शांत बैठेंगे।

यह नेता पहुंचे धरना स्थल पर
जब आंदोलनकारी टंकी से नीचे उतरे तो वे भावुक हो गए। करीब 60 घंटे कठिन परिस्थितियों में बिताने के बाद वे नीचे उतर रहे थे। इस दौरान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल, पूर्व विधायक राजकुमार और अन्य आंदोलनकारियों ने उनको माला पहनाकर स्वागत किया। सभी ने आंदोलनकारियों के धैर्य और जज्बे को सलाम किया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed