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महापंचायत: उत्तराखंड के किसानों ने भी भरी हुंकार, ट्रैक्टर-ट्रॉली और निजी वाहनों से किया मुजफ्फरनगर कूच
Sun, 05 Sep 2021 02:57 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यजू डेस्क, अमर उजाला, रुड़की
न्यजू डेस्क, अमर उजाला, रुड़की
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Sun, 05 Sep 2021 02:57 PM IST
सार
शनिवार को भारापुर भौरी में आयोजित बैठक में भारतीय किसान यूनियन रोड गुट के प्रदेश अध्यक्ष पदम सिंह रोड़ ने कहा कि किसानों का अभी तक बकाया भुगतान नहीं हुआ है। वे लगातार भुगतान की मांग करते आ रहे हैं, लेकिन कोई सुध लेने वाला नहीं है।
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- फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
विस्तार
किसानों की बैठक में मुजफ्फरनगर में होने वाली महापंचायत में अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने का आह्वान किया गया था। इसी क्रम में रविवार को रुड़की से सैकड़ों किसान महापंचायत के लिए रवाना हुए। इस दौरान कहा गया कि सरकार ने तीन कृषि कानून बनाकर किसानों को दबाने का प्रयास किया है।
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इससे पहले शनिवार को भारापुर भौरी में आयोजित बैठक में भारतीय किसान यूनियन रोड़ गुट के प्रदेश अध्यक्ष पदम सिंह रोड़ ने कहा कि किसानों का अभी तक बकाया भुगतान नहीं हुआ है। वे लगातार भुगतान की मांग करते आ रहे हैं, लेकिन कोई सुध लेने वाला नहीं है।
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उन्होंने कहा कि ऊर्जा निगम और चकबंदी विभाग लगातार किसानों का उत्पीड़न कर रहे हैं, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर किसानों का उत्पीड़न करना बंद नहीं हुआ तो किसान तालाबंदी करेंगे। कहा कि सरकार ने जो तीन कृषि कानून बनाए हैं, वे किसानों के लिए काले कानून हैं।
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इसके विरोध में मुजफ्फरनगर में रविवार को एक महापंचायत हो रही है। इस महापंचायत में किसान अधिक से अधिक संख्या में पहुंचे हैं और महापंचायत को सफल बना रहे हैं।
बताया कि हरिद्वार जिले से सुबह 11 बजे किसानों ने ट्रैक्टर-ट्रॉली और अपने निजी वाहनों से मंगलौर से मुजफ्फरनगर के लिए कूच किया। बैठक में मुबारिक अली, प्रदीप त्यागी, इंदर सिंह, नाजिम अली, प्रवीण प्रधान, अनीस अहमद, कारी शहजाद, रियासत प्रधान और सुरेंद्र रोड़ आदि मौजूद रहे।