फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   ganga samvad in dehradun

विज्ञान के साथ गंगा की निर्मलता भी जरूरी

Tue, 28 Jan 2014 08:24 PM IST
अमर उजाला, देहरादून
अमर उजाला, देहरादून Updated Tue, 28 Jan 2014 08:24 PM IST
विज्ञापन
ganga samvad in dehradun

हिमालय क्षेत्र के जल, जंगल और जमीन के मुद्दे पर राजधानी देहरादून के नगर निगम टाउन हाल में ‘गंगा संवाद’ कार्यक्रम में भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के दिग्गज जुटे।

विज्ञापन


गंगा की निर्मलता पर जोर
विशेषज्ञों ने वैज्ञानिक तर्क पेश किए तो धार्मिक पहलुओं पर भी मंथन हुआ। चिंतन में सभी इस बात पर सहमत दिखे कि विकास जरूरी है, लेकिन इसके साथ गंगा की निर्मलता बनाए रखना भी आवश्यक।
विज्ञापन


मंगलवार को कार्यक्रम पर्यावरणविद जगत सिंह जंगली के संबोधन से शुरू हुआ। उन्होंने कहा कि गंगा कई छोटी नदियों, गाड़ गदेरों से बनती है। गंगा के साथ इनके संरक्षण पर भी प्रयास होने चाहिए। कहा कि मध्य और उच्च हिमालय में अभी एकल जंगल हैं, यहां मिश्रित जंगल लगाकर पर्यावरण को संरक्षित किया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


सबसे पहले अंग्रेजों ने छेड़छाड़ की
हिमालय चिपको फाउंडेशन के अध्यक्ष जेपी डबराल ने कहा कि हिमालय के जंगलों में सबसे पहले अंग्रेजों ने छेड़छाड़ की। रेलवे लाइन बिछाने के लिए टिंबर की जरूरत देखते हुए उन्होंने यहां पर्यावरण के लिए घातक चीड़ के जंगल लगाने शुरू कर दिए।

अंग्रेजों ने तो अपने फायदे के लिए यह किया, लेकिन वन विभाग भी चीड़ ही उगा रहा है। पूर्व मुख्यमंत्री डा. रमेश पोखरियाल निशंक ने हिमालय में पाए जाने वाली जड़ी-बुटियों के अनुसंधान व विकास कार्यों पर बल दिया।

सीवरेज प्लांट की जरूरत
आरएसएस के डा. कृष्ण गोपाल ने बताया कि अंग्रेजों ने गंगा में शहरों का सीवरेज डालकर उसे प्रदूषित करने का षड्यंत्र रचा। उन्होंने हर शहर में सीवरेज प्लांट लगाने की जरूरत जताई। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे आचार्य बालकृष्ण ने बताया कि पंतजलि विवि ने विश्व भर की जड़ी बूटियों पर शोध कर उनकी सूची तैयार की है।


बताया कि पूरी दुनिया में 12 हजार जड़ी-बूटियां तलाशी गईं, जिनमें से पांच हजार सिर्फ गंगा के किनारे होती हैं। ऐसे में गंगा का संरक्षण बहुत जरूरी है।

भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और समग्र गंगा अभियान से जुड़ी उमा भारती ने पिछले कई सालों से गंगा पर किए गए कामों का रिपोर्ट कार्ड रखते हुए निर्णायक आंदोलन चलाने का आह्वान किया। इस अवसर पर भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष तीरथ सिंह रावत, राज्यसभा संसद तरुण विजय, उमेश अग्रवाल भी मौजूद रहे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed