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उत्तराखंड: कोरोना संक्रमित मरीज मिलने की अफवाह फैलाने पर महिला पर मुकदमा दर्ज
Mon, 23 Mar 2020 05:38 PM IST
अलका त्यागी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, टनकपुर (चंपावत)
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, टनकपुर (चंपावत)
Published by: अलका त्यागी
Updated Mon, 23 Mar 2020 05:38 PM IST
सार
- टनकपुर में मॉकड्रिल का वीडियो फेसबुक पर किया वायरल
- एसपी के आदेश पर टनकपुर पुलिस नेे दर्ज की रिपोर्ट
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- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
उत्तराखंड के चंपावत में कोरोना संक्रमित व्यक्ति के उपचार की मॉकड्रिल की वीडियो फेसबुक पर वायरल कर टनकपुर में एक व्यक्ति के संक्रमित पाए जाने की अफवाह फैलाने पर पुलिस ने महिला के खिलाफ आईपीसी की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। फेसबुक आईडी किस महिला की है पुलिस इसका पता लगाने में जुटी है।
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रविवार को जनता कर्फ्यू के दौरान संयुक्त चिकित्सालय में कोरोना संक्रमित व्यक्ति के मिलने का मॉकड्रिल किया गया था। इस दौरान 108 वाहन से लाए गए मरीज को पहले संयुक्त चिकित्सालय और फिर डॉक्टर की सलाह पर ट्रामा सेंटर में बनाए गए आइसोलेशन र्वाड में आइसोलेट करने की मॉकड्रिक की गई थी।
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इस मॉकड्रिल की वीडियो को किसी दीपाली जोशी भट्ट नामक महिला ने अपनी फेसबुक आईडी से वायरल कर टनकपुर में कोरोना संक्रमित व्यक्ति के मिलने की झूठी अफवाह प्रसारित कर दी। मामले को एसपी लोकेश्वर सिंह ने गंभीरता से लेते हुए कार्रवाई के निर्देश दिए।
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कोतवाल धीरेंद्र कुमार ने बताया कि आरोपी महिला दीपाली जोशी भट्ट के खिलाफ आईपीसी की धारा 505 (1) बी एवं 188 के तहत मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच एसआई योगेश दत्त को सौंपी गई है। कोतवाल ने बताया कि झूठी अफवाह फैलाने वाली महिला का पता लगाया जा रहा है।
संक्रमण रोकने में डॉक्टर और स्टाफ की सराहनीय पहल
कोरोना वायरस संक्रमित और संदिग्ध मरीजों के उपचार में दिन-रात जुटे डॉक्टरों और अन्य कर्मचारियों ने एक और सराहनीय पहल की है। स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े डॉक्टरों और कर्मचारियों ने नौकरों, मालियों. ड्राइवरों आदि को छुट्टी दे दी है।
छुट्टी की अवधि में इनका वेतन नहीं काटने का फैसला किया है। राजकीय दून मेडिकल कॉलेज और दून अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों ने निर्णय लिया है कि जब तक कोरोना के संक्रमण का खतरा नहीं टलता तब तक वे अपने घरों पर काम करने के लिए आने वाले नौकरों, मालियों, ड्राइवरों आदि को छुट्टी पर रखेंगे। इस दौरान घर के सभी
कार्य खुद या परिवार के सदस्य करेंगे।
राजकीय दून मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. आशुतोष सायना ने बताया कि सभी डाक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों से अपील की गई है कि नौकरों, मालियों, ड्राइवर आदि को छुट्टी दे दें और उन्हें आश्वस्त करें कि इस अवधि का उनकी तनख्वाह काटी नहीं जाएगी। उन्होंने अन्य संभ्रांत लोगों से भी इस पहल का हिस्सा बनने की अपील की है।
छुट्टी की अवधि में इनका वेतन नहीं काटने का फैसला किया है। राजकीय दून मेडिकल कॉलेज और दून अस्पताल के डॉक्टरों और कर्मचारियों ने निर्णय लिया है कि जब तक कोरोना के संक्रमण का खतरा नहीं टलता तब तक वे अपने घरों पर काम करने के लिए आने वाले नौकरों, मालियों, ड्राइवरों आदि को छुट्टी पर रखेंगे। इस दौरान घर के सभी
कार्य खुद या परिवार के सदस्य करेंगे।
राजकीय दून मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. आशुतोष सायना ने बताया कि सभी डाक्टरों और स्वास्थ्य कर्मियों से अपील की गई है कि नौकरों, मालियों, ड्राइवर आदि को छुट्टी दे दें और उन्हें आश्वस्त करें कि इस अवधि का उनकी तनख्वाह काटी नहीं जाएगी। उन्होंने अन्य संभ्रांत लोगों से भी इस पहल का हिस्सा बनने की अपील की है।