कोरोना काल: तीन दिन से भूखा था परिवार, खाकी बनी मददगार, राशन देख भर आईं आंखें
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कोरोना काल में मित्र पुलिस गरीब और असहाय लोगों के लिए देवदूत की तरह काम कर रही है। तीन दिन से भूखे परिवार के लिए एक सिपाही राशन लेकर पहुंचा तो परिवार की आंखें भर आईं।
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परिवार का मुखिया ट्रक ड्राइवर कोरोना पॉजिटिव होने के कारण कोविड केयर सेंटर में भर्ती है। सिपाही ने अपने जेब खर्च से परिवार को राशन उपलब्ध कराया है। उसके इस कार्य की अधिकारियों ने भी प्रशंसा की।
तीन दिन पूर्व जादूगर रोड पर किराये पर रह रहे यूपी के अयोध्या निवासी ट्रक ड्राइवर में कोरोना की पुष्टि हुई थी। स्वास्थ्य विभाग ने चालक को कोविड केयर सेंटर में भर्ती कराया था। इस दौरान सिपाही रघुवीर सिंह ने किसी भी जरूरत के लिए उसके बच्चों को अपना मोबाइल नंबर दिया था।
इंस्पेक्टर ने भी पहुंचाई मदद
बताया जाता है कि आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं होने के कारण ट्रक ड्राइवर की पत्नी और दो बच्चों को तीन दिन से खाना नसीब नहीं हो रहा था। बुधवार को ड्राइवर की पत्नी ने सिपाही के मोबाइल पर कॉल कर बताया कि तीन दिन से घर में राशन नहीं है और वे भूखे हैं।
इस पर सिपाही रघुुवीर आटा, चावल, दाल, चीनी, मसाले समेत अन्य सामान बाजार से खरीदा और लेकर ड्राइवर के घर पहुंच गए। मदद के लिए ड्राइवर की पत्नी ने उनका आभार व्यक्त किया। इस बात की जानकारी पुलिस अधिकारियों को लगी तो उन्होंने सिपाही की पीठ थपथपाई।
ट्रक ड्राइवर के परिवार की कहानी सुनकर इंस्पेक्टर राजेश साह ने भी मानवता की मिसाल पेश की। उन्होंने अपनी जेब खर्च से उसके घर एक महीने का राशन पहुंचाया। साथ ही आश्वासन दिया कि जब तक उनके परिवार का मुखिया सही होकर नहीं आता, उनकी हरसंभव मदद करेंगे।