{"_id":"5a5a0fd24f1c1be6408b4a30","slug":"congress-leader-will-go-for-hunger-strike-till-death","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"महात्मा गांधी के शहादत दिवस यहां कांग्रेसी करेंगे आमरण अनशन, ये है वजह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
महात्मा गांधी के शहादत दिवस यहां कांग्रेसी करेंगे आमरण अनशन, ये है वजह
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Updated Sat, 13 Jan 2018 07:25 PM IST
विज्ञापन
इंदिरा
- फोटो : SELF
30 जनवरी को महात्मा गांधी के शहादत दिवस पर हजारों कांग्रेसी आमरण अनशन पर बैठेंगे।
विज्ञापन
नेता प्रतिपक्ष डॉ. इंदिरा हृदयेश ने जहर खाकर जान देने वाले ट्रांसपोर्टर प्रकाश पांडेय के परिवार को राहत के मामले में प्रदेश सरकार को घेरा। उन्होंने सरकार पर जिलाधिकारी द्वारा मुआवजे और राहत की घोषणा से पलटने का आरोप लगाया।
उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी मुख्यमंत्री का प्रतिनिधि होता है। इसलिए उसकी घोषणा मुख्यमंत्री की घोषणा मानी जाती है। उन्होंने कहा कि सरकार घोषणा से मुकरेगी तो उसकी विश्वसनीयता पर सवाल उठेगा। वहीं उन्होंने हल्द्वानी में निर्माणाधीन आईएसबीटी को निरस्त करने का विरोध करते हुए इंदिरा ने 30 जनवरी को महात्मा गांधी के शहादत दिवस पर हजारों समर्थकों के साथ आमरण अनशन पर बैठने की चेतावनी दी।
विज्ञापन
Trending Videos
मुआवजे की घोषणा पूरी होनी चाहिए...
Trivendra Singh Rawat and Indira Hridayesh
नेता प्रतिपक्ष शनिवार को विधान सभा में एक पत्रकार वार्ता को संबोधित कर रही थी। उन्होंने पांडेय को भाजपा का कट्टर समर्थक बताया। उनका नाम लिए जाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि वह हल्द्वानी की विधायक हैं और उनकी यह भाव रहा होगा कि वह उनका सहयोग कर सकती हैं। इंदिरा ने कहा कि यदि पांडेय उनके पास मदद को आते तो वह उनका सहयोग अवश्य करती।
उन्होंने कहा कि एक बैठक के दौरान उनकी मुख्यमंत्री से मुलाकात हुई थी। बैठक के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री को जिलाधिकारी की घोषणा के बारे में कहा था कि वह उनका प्रतिनिधि है, इसलिए मुआवजे की घोषणा पूरी होनी चाहिए।
इंदिरा ने कहा कि पांडेय के परिवार की हालत ठीक नहीं है। उनकी पत्नी सदमे हैं और उनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री से उनकी सुध लेने का अनुरोध किया है। एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि वह पांडेय के बच्चों की फीस वहन करने को तैयार हैं।
उन्होंने कहा कि एक बैठक के दौरान उनकी मुख्यमंत्री से मुलाकात हुई थी। बैठक के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री को जिलाधिकारी की घोषणा के बारे में कहा था कि वह उनका प्रतिनिधि है, इसलिए मुआवजे की घोषणा पूरी होनी चाहिए।
इंदिरा ने कहा कि पांडेय के परिवार की हालत ठीक नहीं है। उनकी पत्नी सदमे हैं और उनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री से उनकी सुध लेने का अनुरोध किया है। एक प्रश्न के उत्तर में उन्होंने कहा कि वह पांडेय के बच्चों की फीस वहन करने को तैयार हैं।
विज्ञापन
नोटबंदी-जीएसटी ने बढ़ाई बेरोजगारी, तैयार होगी रिपोर्ट
प्रकाश पांडेय
- फोटो : SELF
इंदिरा ने कहा कि नोटबंदी और जीएसटी से परेशान होकर आत्महत्या करने वाला पांडेय का देश में अकेला मामला है। इस रूप में यह बेहद गंभीर है।
उन्होंने चिंता जाहिर की कि नोटबंदी और जीएसटी ने कारखानों में लाखों लोगों को बेरोजगार कर दिया है। प्रदेश की कई औद्योगिक इकाइयों में शिफ्ट कम हो गई हैं और हजारों लोग बेरोजगार हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस बेरोजगारों को लेकर एक रिपोर्ट तैयार कर उसे प्रधानमंत्री को भेजेगी। जीएसटी की अधिक दरों की वजह से महंगाई अपने सबसे ऊंची दर पर है। इनके विरोध कांग्रेस 29 जनवरी से पूरे प्रदेश में जनजागरण अभियान चलाएगी और इसकी शुरुआत देहरादून में साइकिल रैली से होगी।
कैसे कह दूं बंशीधर भगत गलत हैं
प्रकाश पांडेय के मुआवजे को लेकर भाजपा विधायक बंशीधर भगत की भूमिका से जुड़े प्रश्न पर नेता प्रतिपक्ष इंदिरा हृदयेश ने कहा कि उनकी मुख्यमंत्री से बात हुई थी। उसके बाद ही उन्होंने डीएम से बात की। वह छह बार चुनाव जीते हैं। उनके बारे में कैसे कह दूं कि वह गलत हैं।
उन्होंने चिंता जाहिर की कि नोटबंदी और जीएसटी ने कारखानों में लाखों लोगों को बेरोजगार कर दिया है। प्रदेश की कई औद्योगिक इकाइयों में शिफ्ट कम हो गई हैं और हजारों लोग बेरोजगार हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस बेरोजगारों को लेकर एक रिपोर्ट तैयार कर उसे प्रधानमंत्री को भेजेगी। जीएसटी की अधिक दरों की वजह से महंगाई अपने सबसे ऊंची दर पर है। इनके विरोध कांग्रेस 29 जनवरी से पूरे प्रदेश में जनजागरण अभियान चलाएगी और इसकी शुरुआत देहरादून में साइकिल रैली से होगी।
कैसे कह दूं बंशीधर भगत गलत हैं
प्रकाश पांडेय के मुआवजे को लेकर भाजपा विधायक बंशीधर भगत की भूमिका से जुड़े प्रश्न पर नेता प्रतिपक्ष इंदिरा हृदयेश ने कहा कि उनकी मुख्यमंत्री से बात हुई थी। उसके बाद ही उन्होंने डीएम से बात की। वह छह बार चुनाव जीते हैं। उनके बारे में कैसे कह दूं कि वह गलत हैं।